मथुरा के जैंत थाना क्षेत्र के धौरेरा गांव में करीब एक माह पूर्व बीमारी के चलते मृत 14 वर्षीय किशोर यश उर्फ युवराज के शव को कब्र से निकालकर शनिवार को पोस्टमार्टम कराया गया। पोस्टमार्टम के बाद पुलिस ने शव परिजनों के सुपुर्द कर दिया। परिजनों का आरोप है कि शव ले जाने के लिए एंबुलेंस की व्यवस्था नहीं हो सकी, जिसके चलते उन्हें ई-रिक्शा से शव लेकर जाना पड़ा। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। जानकारी के अनुसार धौरेरा निवासी रवि कुमार के 14 वर्षीय बेटे यश उर्फ युवराज की 25 अगस्त को उपचार के दौरान मौत हो गई थी। परिजनों ने शव को अक्रूर श्मशान स्थल पर दफना दिया था। मृतक के नाना राजवीर सिंह निवासी गारब गढ़ी,कोटा,मुरसान, हाथरस ने किशोर की मौत को संदिग्ध बताते हुए जिलाधिकारी से शिकायत की थी। उन्होंने किशोर के ताऊ पर गला दबाकर हत्या करने का आरोप लगाया था। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि किशोर के किन्नर होने की आशंका को लेकर उसके पिता, बाबा और ताऊ ने पुलिस को सूचना दिए बिना अंतिम संस्कार कर दिया। जिलाधिकारी के निर्देश पर एसएसपी ने मामले की दोबारा जांच के आदेश दिए। इसके बाद शुक्रवार देर शाम जैंत पुलिस ने अक्रूर श्मशान स्थल पर खुदाई कराकर किशोर का शव बाहर निकलवाया और पोस्टमार्टम के लिए भेजा था। परिजनों के अनुसार किशोर बचपन से हृदय संबंधी बीमारी से पीड़ित था। उसके दिल में छेद था और कई बार उसका उपचार कराया गया था। बाबा का कहना है कि उन्होंने उसके इलाज पर काफी धन खर्च किया और जयपुर तक में ऑपरेशन कराया था। अचानक बुखार आने के बाद 25 अगस्त को उसकी मौत हुई थी। शनिवार को पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। मृतक के बाबा ने आरोप लगाया कि उन्होंने पुलिस से शव ले जाने के लिए एंबुलेंस की मांग की,लेकिन कोई व्यवस्था नहीं हुई। कई बार एंबुलेंस के लिए फोन किया गया,लेकिन संपर्क नहीं हो सका। इसके बाद परिजन ई-रिक्शा के माध्यम से शव लेकर गए। ई-रिक्शा से शव ले जाने का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

