दरभंगा में लहेरियासराय ट्रैफिक थाना से महज कुछ दूरी पर ज्वेलर्स से लूट मामले में 48 घंटे बाद भी आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई है। दिनदहाड़े भीड़भाड़ वाले इलाके में हथियार के बल पर लाखों रुपए के सोने और हीरे के आभूषण लूटे जाने की घटना से शहर के कारोबारियों में दहशत का माहौल है। पुलिस मामले की जांच में जुटी है। घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगालकर अपराधियों की पहचान करने का प्रयास कर रही है। थाना में दिए आवेदन के अनुसार, अलंकार ज्वेलर्स के प्रोपराइटर रामचंद्र प्रसाद 18 अगस्त की दोपहर घर से अपनी दुकान की ओर जा रहे थे। इसी दौरान एक नर्सिंग होम के पास तीन बदमाशों ने उन्हें रोक लिया। तीनों ने अपना चेहरा गमछे से कवर कर रखा था। पिस्तौल दिखाकर बदमाशों ने उनके पास मौजूद सामान देने को कहा और विरोध करने पर गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी। व्यवसायी के अनुसार, बदमाश उनके पास से हीरे के आभूषण, जिसमें 18 कैरेट सोना लगा था। दो सोने की चेन समेत अन्य जेवरात ले गए। आवेदन में आभूषणों की कुल कीमत करीब 12 लाख 89 हजार रुपए बताई गई है। मामले में लहेरियासराय थाना में कांड संख्या 494/26 दर्ज किया गया है। सीसीटीवी में बाइक और संदिग्धों की तस्वीर मिलने का दावा एसएसपी जगुनाथ रेड्डी जलारेड्डी ने बताया कि मामले की जांच के लिए सर्किल इंस्पेक्टर चंद्रकांत गौरी को भेजा गया था। पूछताछ में पीड़ित ने पुलिस को बताया कि तीन लोग खड़े थे। जिसमें एक व्यक्ति ने मुझे कहा कि साहब बुला रहे हैं। पूछने पर कहा कि पुलिसवाले हैं। ज्वेलर्स के मुताबकि पास जाने पर कहा गया कि मार्केट में अपराधी घूम रहे है, आपसे लूट हो सकती है। जेवरात को निकाल कर रख लीजिए। उन्होंने स्वयं निकाल कर हाथ में रखा। इसके बाद अपराधी ने कागज दिया। इस बीच कब एक्सजेंच हो गया पता नहीं चला। सीसीटीवी फुटेज के आधार पर अपराधियों की पहचान का प्रयास किया जा रहा है। वारदात में इस्तेमाल बाइक की पहचान हुई है और संदिग्ध अपराधियों की तस्वीर भी सामने आई है। पुलिस उनकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही है। एसएसपी के अनुसार, पतोर थाना क्षेत्र के सुरहाचट्टी में स्वर्ण कारोबारी के साथ हुई लूट की घटना के सीसीटीवी फुटेज में भी इसी तरह की बाइक और संदिग्ध लोग नजर आए हैं। इससे पुलिस को किसी संगठित गिरोह के सक्रिय होने की आशंका है। मामले में समस्तीपुर, बेगूसराय और मुजफ्फरपुर पुलिस से भी संपर्क किया गया है। संदिग्धों की तस्वीरें संबंधित जिलों की पुलिस को भेजी गई है। बाकरगंज में पुलिस तैनाती के बावजूद कारोबारी चिंतित स्वर्ण कारोबारियों की सुरक्षा को लेकर बाकरगंज इलाके में दुकान खुलने से लेकर बंद होने तक पुलिस बल की तैनाती की जाती है। इसके बावजूद मुख्य सड़क के पास दिनदहाड़े हुई वारदात ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। कारोबारी घटना के बाद से भयभीत हैं और पुलिस से जल्द अपराधियों की गिरफ्तारी की मांग कर रहे हैं। आम जनता से पुलिस की अपील एसएसपी ने लोगों से अपील की है कि किसी के पुलिसकर्मी बनकर संपर्क करने या किसी अन्य तरीके से झांसा देने पर तत्काल सतर्क रहें। पुलिस की ओर से सहयोग शिविरों और स्कूल-कॉलेजों में लोगों को इस तरह की ठगी और लूट से बचने के लिए जागरूक किया जा रहा है। पुलिस ने लोगों से संदिग्ध व्यक्तियों के झांसे में नहीं आने और ऐसी स्थिति में तत्काल पुलिस को सूचना देने की अपील की है। दरभंगा में लहेरियासराय ट्रैफिक थाना से महज कुछ दूरी पर ज्वेलर्स से लूट मामले में 48 घंटे बाद भी आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई है। दिनदहाड़े भीड़भाड़ वाले इलाके में हथियार के बल पर लाखों रुपए के सोने और हीरे के आभूषण लूटे जाने की घटना से शहर के कारोबारियों में दहशत का माहौल है। पुलिस मामले की जांच में जुटी है। घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगालकर अपराधियों की पहचान करने का प्रयास कर रही है। थाना में दिए आवेदन के अनुसार, अलंकार ज्वेलर्स के प्रोपराइटर रामचंद्र प्रसाद 18 अगस्त की दोपहर घर से अपनी दुकान की ओर जा रहे थे। इसी दौरान एक नर्सिंग होम के पास तीन बदमाशों ने उन्हें रोक लिया। तीनों ने अपना चेहरा गमछे से कवर कर रखा था। पिस्तौल दिखाकर बदमाशों ने उनके पास मौजूद सामान देने को कहा और विरोध करने पर गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी। व्यवसायी के अनुसार, बदमाश उनके पास से हीरे के आभूषण, जिसमें 18 कैरेट सोना लगा था। दो सोने की चेन समेत अन्य जेवरात ले गए। आवेदन में आभूषणों की कुल कीमत करीब 12 लाख 89 हजार रुपए बताई गई है। मामले में लहेरियासराय थाना में कांड संख्या 494/26 दर्ज किया गया है। सीसीटीवी में बाइक और संदिग्धों की तस्वीर मिलने का दावा एसएसपी जगुनाथ रेड्डी जलारेड्डी ने बताया कि मामले की जांच के लिए सर्किल इंस्पेक्टर चंद्रकांत गौरी को भेजा गया था। पूछताछ में पीड़ित ने पुलिस को बताया कि तीन लोग खड़े थे। जिसमें एक व्यक्ति ने मुझे कहा कि साहब बुला रहे हैं। पूछने पर कहा कि पुलिसवाले हैं। ज्वेलर्स के मुताबकि पास जाने पर कहा गया कि मार्केट में अपराधी घूम रहे है, आपसे लूट हो सकती है। जेवरात को निकाल कर रख लीजिए। उन्होंने स्वयं निकाल कर हाथ में रखा। इसके बाद अपराधी ने कागज दिया। इस बीच कब एक्सजेंच हो गया पता नहीं चला। सीसीटीवी फुटेज के आधार पर अपराधियों की पहचान का प्रयास किया जा रहा है। वारदात में इस्तेमाल बाइक की पहचान हुई है और संदिग्ध अपराधियों की तस्वीर भी सामने आई है। पुलिस उनकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही है। एसएसपी के अनुसार, पतोर थाना क्षेत्र के सुरहाचट्टी में स्वर्ण कारोबारी के साथ हुई लूट की घटना के सीसीटीवी फुटेज में भी इसी तरह की बाइक और संदिग्ध लोग नजर आए हैं। इससे पुलिस को किसी संगठित गिरोह के सक्रिय होने की आशंका है। मामले में समस्तीपुर, बेगूसराय और मुजफ्फरपुर पुलिस से भी संपर्क किया गया है। संदिग्धों की तस्वीरें संबंधित जिलों की पुलिस को भेजी गई है। बाकरगंज में पुलिस तैनाती के बावजूद कारोबारी चिंतित स्वर्ण कारोबारियों की सुरक्षा को लेकर बाकरगंज इलाके में दुकान खुलने से लेकर बंद होने तक पुलिस बल की तैनाती की जाती है। इसके बावजूद मुख्य सड़क के पास दिनदहाड़े हुई वारदात ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। कारोबारी घटना के बाद से भयभीत हैं और पुलिस से जल्द अपराधियों की गिरफ्तारी की मांग कर रहे हैं। आम जनता से पुलिस की अपील एसएसपी ने लोगों से अपील की है कि किसी के पुलिसकर्मी बनकर संपर्क करने या किसी अन्य तरीके से झांसा देने पर तत्काल सतर्क रहें। पुलिस की ओर से सहयोग शिविरों और स्कूल-कॉलेजों में लोगों को इस तरह की ठगी और लूट से बचने के लिए जागरूक किया जा रहा है। पुलिस ने लोगों से संदिग्ध व्यक्तियों के झांसे में नहीं आने और ऐसी स्थिति में तत्काल पुलिस को सूचना देने की अपील की है।

