नवादा जिले के सिरदला थाना क्षेत्र के केबाल गांव में एक विवाहित महिला ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। महिला ने यह कदम अपने चचेरे देवर से संबंध विच्छेद के पंचायत के फैसले के बाद उठाया। मृतक की पहचान अजय कुमार की लगभग 30 वर्षीय पत्नी ललिता देवी के रूप में हुई है। वह अपने पीछे दो बेटे और एक बेटी छोड़ गई हैं। जानकारी के अनुसार, ललिता देवी का पिछले दो साल से अपने चचेरे देवर के साथ प्रेम संबंध था। रविवार को ललिता देवी के पति अजय कुमार चेन्नई से घर लौटे थे। उन्हें अपनी पत्नी के संबंध की जानकारी मिली, जिसके बाद परिवार में इस बात को लेकर चर्चा हुई। मामले को सुलझाने के लिए एक पंचायत बुलाई गई, जिसमें ललिता देवी, उनके पति अजय कुमार और चचेरा देवर तीनों मौजूद थे। पंचायत में दोनों ने अलग होने पर सहमति जताई। बंद कमरे में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली
पंचायत के फैसले के बाद उसी रात ललिता देवी ने अपने बंद कमरे में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। बुधवार सुबह जब कमरे का दरवाजा नहीं खुला, तो परिजनों ने दीवार तोड़कर अंदर प्रवेश किया। उन्होंने ललिता देवी को फांसी के फंदे पर लटका पाया। घटना की सूचना पुलिस को दी गई, जिसने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल नवादा भेज दिया। पुलिस और परिजनों का अनुमान है कि पंचायत में संबंध विच्छेद के फैसले से महिला काफी आहत थी, जिसके कारण उसने यह आत्मघाती कदम उठाया। पति-पत्नी के बीच सीधा विवाद नहीं हुआ था, लेकिन पति ने उन्हें देवर से दूर रहने को कहा था। नवादा जिले के सिरदला थाना क्षेत्र के केबाल गांव में एक विवाहित महिला ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। महिला ने यह कदम अपने चचेरे देवर से संबंध विच्छेद के पंचायत के फैसले के बाद उठाया। मृतक की पहचान अजय कुमार की लगभग 30 वर्षीय पत्नी ललिता देवी के रूप में हुई है। वह अपने पीछे दो बेटे और एक बेटी छोड़ गई हैं। जानकारी के अनुसार, ललिता देवी का पिछले दो साल से अपने चचेरे देवर के साथ प्रेम संबंध था। रविवार को ललिता देवी के पति अजय कुमार चेन्नई से घर लौटे थे। उन्हें अपनी पत्नी के संबंध की जानकारी मिली, जिसके बाद परिवार में इस बात को लेकर चर्चा हुई। मामले को सुलझाने के लिए एक पंचायत बुलाई गई, जिसमें ललिता देवी, उनके पति अजय कुमार और चचेरा देवर तीनों मौजूद थे। पंचायत में दोनों ने अलग होने पर सहमति जताई। बंद कमरे में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली
पंचायत के फैसले के बाद उसी रात ललिता देवी ने अपने बंद कमरे में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। बुधवार सुबह जब कमरे का दरवाजा नहीं खुला, तो परिजनों ने दीवार तोड़कर अंदर प्रवेश किया। उन्होंने ललिता देवी को फांसी के फंदे पर लटका पाया। घटना की सूचना पुलिस को दी गई, जिसने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल नवादा भेज दिया। पुलिस और परिजनों का अनुमान है कि पंचायत में संबंध विच्छेद के फैसले से महिला काफी आहत थी, जिसके कारण उसने यह आत्मघाती कदम उठाया। पति-पत्नी के बीच सीधा विवाद नहीं हुआ था, लेकिन पति ने उन्हें देवर से दूर रहने को कहा था।


