Twisha Sharma Case : पूर्व मिस पुणे, एमबीए ग्रेजुएट और तेलुगु फिल्म अभिनेत्री जो नोएडा से बिहा कर मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल आई ट्विशा शर्मा की शादी के महज पांच महीने बाद संदिग्ध मौत से जुड़े मामले में हर किसी को झकझोर कर रख दिया है। ग्लैमर वर्ल्ड से लेकर कॉरपोरेट सेक्टर में अपनी खास पहचान बनाने वाली ट्विशा की मौत के बाद अब फिल्म अभिनेत्री और मंडी से सांसद कंगना रानौत का बयान सामने आया है। ट्विशा के मामले से जोड़कर कंगना ने देश की महिलाओं को एक भावुक और सख्त संदेश दिया है।
ट्विशा शर्मा और दीपिका नागर की संदिग्ध मौत के मामलों के बीच फिल्म अभिनेत्री और सांसद कंगना रनौत ने देश की महिलाओं को लेकर एक भावुक और सख्त संदेश दिया है। कंगना का कहना है कि, भारतीय समाज अकसर शादी के बाद बेटियों को उनके हाल पर छोड़ देता है। उन्होंने माता-पिता से अपील की है कि, शादी के बाद भी अपनी बेटियों का साथ न छोड़ें। उन्होंने विवाहिक जीवन में जाने वाली लड़कियों को भी सलाह दी वो शादी से पहले आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनें, क्योंकि उनकी जिंदगी में उनका करियर और आत्मसम्मान सबसे जरूरी है।
शादी के बाद बेटियों को अकेला छोड़ देते हैं अकसर माता-पिता

ट्विशा शर्मा मामले के बाद कंगना रनौत ने अपने आधिकारिक इंस्टाग्राम स्टोरी पर कई गंभीर बातें लिखते हुए कहा- ‘आए दिन शादीशुदा महिलाओं की दुखद मौत और उत्पीड़न की खबरें सामने आ रही हैं। कई पढ़ी-लिखी लड़कियां भी अपने माता-पिता से मदद मांगती हैं, लेकिन समाज की सोच ऐसी है कि, शादी के बाद बेटियों को “पराए घर” का मान लिया जाता है।’ कंगना ने लिखा कि, ‘ये बहुत खतरनाक मानसिकता है, जिसे बदलने की जरूरत है।’ कंगना यहीं नहीं रुकीं, उन्होंने आगे लिखा कि, ‘महिलाओं को खुद का “हीरो” बनना होगा, क्योंकि कोई दूसरा आकर उनकी जिंदगी नहीं बचाएगा।’ उन्होंने साफ कहा कि, ‘शादी जिंदगी का लक्ष्य नहीं होना चाहिए। पहले महिलाओं को अपनी पहचान, करियर और आत्मनिर्भरता पर ध्यान देना चाहिए।’
सोशल मीडिया पर समर्थन
कंगना रानौत द्वारा सोशल मीडिया पर साझा ये बयान तेजी से वायरल हो रहा है। अकसर लोग उनकी बातों का समर्थन कर रहे हैं। हालांकि, कुछ प्रतिक्रियात्मक टिप्पणियां ऐसी भी हैं कि, ये बातें कहना तो बेहद आसान है, लेकिन हर किसी का जीवन एक जैसा नहीं होता।
‘भारत भाग्य विधाता’ में आएंगी नजर
बता दें कि, कंगना रनौत जल्द ही फिल्म ‘भारत भाग्य विधाता’ में अदाकारी करती नजर आएंगी। फिल्म 2008 के मुंबई आतंकी हमलों के दौरान अस्पताल कर्मचारियों की बहादुरी की कहानी दिखाएगी। कंगना ने फिल्म को लेकर कहा कि, असली बहादुरी हमेशा शोर नहीं मचाती, बल्कि मुश्किल समय में डटे रहने का नाम है। उन्होंने ये भी कहा कि, फिल्म उन साधारण लोगों को श्रद्धांजलि है, जिन्होंने आतंक और मौत के बीच खड़े होकर इंसानियत को बचाया। कंगना ने बताया कि, फिल्म 12 जून को सिनेमाघरों में रिलीज होगी। देखना दिलचस्प होगा कि, पिछली कई फिल्मों का परफार्मेंस ओसत रहने के बाद अब कंगना की अपकमिंग फिल्म सिनेमा घरों में कितना धमाल मचाती है।


