सतना जिले में खसरा (मीजल्स) के संभावित प्रकोप और टीकाकरण की कमजोर स्थिति को गंभीरता से लेते हुए लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग ने शनिवार को जिला टीकाकरण अधिकारी (डीआईओ) डॉ. सुचित्रा अग्रवाल को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। स्वास्थ्य आयुक्त द्वारा जारी इस नोटिस में जिले में टीकाकरण कार्यक्रम के संचालन में लापरवाही के आरोप लगाए गए हैं। नोटिस के अनुसार, नागौद विकासखंड के सलैया और चकरगोहान गांवों के साथ-साथ मझगवां के पिंडरा और देवलहा गांव में खसरे के मामले सामने आए हैं। रिपोर्ट में बताया गया है कि जिले में कुल दो आउटब्रेक और 34 लैब-कन्फर्म मीजल्स के मामले दर्ज किए गए हैं। विभाग ने यह भी उल्लेख किया है कि अप्रैल 2025 से मार्च 2026 तक एमआर-1 टीकाकरण की उपलब्धि 76 प्रतिशत और एमआर-2 की उपलब्धि 75 प्रतिशत रही है। यह आंकड़ा निर्धारित लक्ष्य से काफी कम है, जो टीकाकरण कार्यक्रम की कमजोर स्थिति को दर्शाता है। नोटिस में यह भी कहा गया है कि पूर्व में भी वीडियो कॉन्फ्रेंस और पत्रों के माध्यम से स्थिति से अवगत कराया गया था, लेकिन अपेक्षित कार्रवाई नहीं की गई। विभाग ने डॉ. अग्रवाल से 24 घंटे के भीतर जवाब मांगा है, अन्यथा एकपक्षीय अनुशासनात्मक कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।


