सोनीपत जिले के खरखौदा क्षेत्र में प्रॉपर्टी डील के नाम पर बड़ी ठगी का मामला सामने आया है, जहां एक युवक और उसके पिता को 581 वर्गगज के प्लॉट का झांसा देकर लाखों रुपये ऐंठ लिए गए। आरोप है कि आरोपियों ने पहले नकली कागजात दिखाकर भरोसा जीता।
फिर अलग-अलग खातों में पैसे डलवाए और रजिस्ट्री कराने से मुकर गए। इतना ही नहीं, जब पीड़ितों ने अपने पैसे या जमीन की मांग की तो उन्हें झूठे केस में फंसाने की धमकी भी दी गई।
पुलिस जांच में आरोप सही पाए जाने के बाद मामला दर्ज कर लिया गया है और अब आरोपियों की तलाश शुरू कर दी गई है।
प्लॉट दिखाकर 50 लाख में तय हुआ सौदा
गांव पिपली (तहसील खरखौदा) के रहने वाले नवीन ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि अक्टूबर 2025 में वह अपने पिता के साथ प्लॉट खरीदने की तलाश में था। इसी दौरान उसकी मुलाकात कृष्ण कुमार, उसकी पत्नी गीता देवी और राजेश निवासी गढ़ी सिसाना से हुई। आरोपियों ने वार्ड नंबर 12 मटिंडू रोड पर स्थित 581 वर्गगज का मकान दिखाया, जिसमें तीन कमरे, रसोई और शौचालय बने होने की बात कही। कागजात दिखाकर उन्होंने विश्वास दिलाया और 50 लाख रुपये में सौदा तय हो गया।
पहले 2 लाख नकद, फिर RTGS से 23 लाख ट्रांसफर
नवीन के अनुसार, 30 अक्टूबर 2025 को आरोपियों ने 2 लाख रुपये नकद ले लिए। इसके बाद 6 नवंबर 2025 को RTGS के माध्यम से 13 लाख रुपये गीता देवी के खाते में और 10 लाख रुपये कथित मकान मालिक कमला देवी के खाते में ट्रांसफर करवा लिए गए। कुल मिलाकर 25 लाख रुपये आरोपियों को दिए गए।
नोटरी से एग्रीमेंट करवाकर दिया भरोसा
आरोपियों ने 10 नवंबर 2025 को एक एग्रीमेंट तैयार करवाया, जिसे नोटरी से सत्यापित कराया गया। इसमें 31 जनवरी 2026 तक रजिस्ट्री कराने का समय तय किया गया। गवाहों के हस्ताक्षर भी करवाए गए, जिससे पीड़ित को पूरा भरोसा हो गया कि सौदा सही है।
तहसील में हाजिरी लगाई, लेकिन आरोपी नहीं पहुंचे
जब रजिस्ट्री की तारीख नजदीक आई तो नवीन और उसके पिता 30 जनवरी और 2 फरवरी 2026 को तहसील खरखौदा पहुंचे और अपनी हाजिरी भी लगवाई। लेकिन आरोपी पक्ष वहां नहीं पहुंचा। बार-बार संपर्क करने पर भी कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला।
पैसे मांगने पर दी SC/ST एक्ट में फंसाने की धमकी
पीड़ित का आरोप है कि जब उन्होंने पैसे या रजिस्ट्री की बात की तो आरोपियों ने उन्हें SC/ST एक्ट में फंसाने की धमकी दी। साथ ही बाकी 25 लाख रुपये और देने की मांग करने लगे। इस दौरान उन्हें शक हुआ कि उनके साथ धोखाधड़ी की गई है।
पहले भी ठगी के आरोप, शातिर प्रवृत्ति के बताए आरोपी
नवीन ने शिकायत में बताया कि जानकारी जुटाने पर पता चला कि आरोपी पहले भी इसी तरह कई लोगों को झांसा देकर ठगी कर चुके हैं। इससे साफ हुआ कि यह एक सोची-समझी साजिश थी।
थाना खरखौदा पुलिस ने मामले की जांच के दौरान बैंक रिकॉर्ड खंगाले, जिसमें आरोप सही पाए गए। इसके बाद धारा 351(3), 316(2) और 318(4) BNS के तहत केस दर्ज कर लिया गया है।
जांच अधिकारी मौके पर पहुंचे, कार्रवाई जारी
मामले की जांच एसआई बिजेंद्र सिंह को सौंपी गई है, जो शिकायतकर्ता के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और आगे की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर मामले का खुलासा किया जाएगा।


