पटना में कस्टम अधिकारी बनकर स्वर्ण कारोबारी से करोड़ों का 14.900 kg गोल्ड लूटा गया था। इस मामले का आज पुलिस ने खुलासा किया है। तीन आरोपियों को मेहंदी गंज इलाके से गिरफ्तार किया गया है। पटना एसएसपी कार्तिकेय शर्मा ने पीसी कर पूरे मामले की जानकारी दी। एसएसपी कार्तिकेय शर्मा ने बताया आरोपियों के पास से 5.400 ग्राम सोना, 9 राउंड गोली, 1.97 लाख रुपये कैश बरामद किये गए हैं। कारोबारी की पिछले डेढ़ साल से अपराधी रेकी कर रहे थे। कई बार चाय पीने के दौरान भी रेकी की गई। इस घटना में 8 से 9 अपराधी शामिल थे, जिनकी गिरफ्तारी के लिए दूसरे राज्यों में भी छापेमारी चल रही है। देखें गिरफ्तारी की तस्वीरें… घटना के बाद नौबतपुर भागे, ट्रेन से हुए फरार इस कांड का मुख्य सरगना अमरनाथ उर्फ गोपी है, इसी ने पूरी लूट की प्लानिंग बनाई गई थी। गुड्डू ने गाड़ी उपलब्ध कराई थी। घटना को अंजाम देने के बाद सभी बदमाश नौबतपुर गए थे। वहां से फिर ट्रेन के जरिए फरार हो गए थे। अपराधियों की गिरफ्तारी मेहंदीगंज थाना क्षेत्र से हुई है। पकड़े गए अपराधियों का नाम अमरनाथ उर्फ गोपी, आदित्य गिरी उर्फ सोनी और संजय कुमार है। पूछताछ में पता चला है कि यूट्यूब देखकर कस्टम अधिकारी बनने की प्लानिंग की थी। ताकि किसी को शक वगैरह नहीं हो। डेढ़ साल से कर रहे थे कारोबारी की रैकी पिछले डेढ़ साल से बदमाशों को कारोबारी के आने की सटीक जानकारी नहीं मिल पा रही थी। आने से जाने तक एक डायरी में सब कुछ बदमाशों ने अपडेट किया था। घटना को अंजाम देने के बाद उसे जला दिया। मास्टरमाइंड अमरनाथ उर्फ गोपी शातिर बदमाश रहा है। इसके अपराधी के इतिहास में मिले हैं। डकैती के मामले में जेल भी जा चुका है। दरअसल, पटना में गुजरात के कारोबारी के स्टाफ से बीते शनिवार को 14.900 kg किलो सोने की लूट हुई थी। कस्टम अधिकारी बनकर अपराधियों ने लूट की वारदात को अंजाम दिया थी। ये वारदात दानापुर के खगौल थाना क्षेत्र में हुई थी। गुजरात के कारोबारी के स्टाफ और राजकोट के रहने वाले महेश को पटना में बंधक बना लिया गया। उससे सोने से भरा बैग बदमाशों ने लूट लिया और इसके बाद महेश को छोड़कर फरार हो गए। लूटे गए 14.900 kg किलोग्राम सोने की कीमत आज के हिसाब से करीब 20 करोड़ से ज्यादा की होगी। अहमदाबाद से पटना पहुंचे थे व्यापारी गुजरात के राजकोट निवासी महेश मामतोरा और प्रिंस रामपरिया नामक दो व्यापारी अहमदाबाद से सहरसा एक्सप्रेस के जरिए दानापुर पहुंचे थे। वे केबीएस एंड संस के मालिक सुनील भाई का सोने का जेवर लेकर पटना के बाकरगंज जा रहे थे। दानापुर रेलवे स्टेशन से बाकरगंज जाने के लिए दोनों ने एक ऑटो बुक की। ब्रिज पर पुलिस की लोगो लगी कार ने रोका जैसे ही उनका ऑटो खगौल ओवरब्रिज के बीच पहुंचा, पुलिस का स्टीकर लगी एक कार और दो मोटरसाइकिल पर सवार 5 से 7 बदमाशों ने दोनों को घेर लिया। सभी बदमाश सफेद शर्ट और खाकी पैंट पहने हुए थे। उन्होंने खुद को कस्टम अधिकारी बताकर जांच के नाम पर व्यापारियों के तीनों बैग जब्त कर लिए थे। पटना में कस्टम अधिकारी बनकर स्वर्ण कारोबारी से करोड़ों का 14.900 kg गोल्ड लूटा गया था। इस मामले का आज पुलिस ने खुलासा किया है। तीन आरोपियों को मेहंदी गंज इलाके से गिरफ्तार किया गया है। पटना एसएसपी कार्तिकेय शर्मा ने पीसी कर पूरे मामले की जानकारी दी। एसएसपी कार्तिकेय शर्मा ने बताया आरोपियों के पास से 5.400 ग्राम सोना, 9 राउंड गोली, 1.97 लाख रुपये कैश बरामद किये गए हैं। कारोबारी की पिछले डेढ़ साल से अपराधी रेकी कर रहे थे। कई बार चाय पीने के दौरान भी रेकी की गई। इस घटना में 8 से 9 अपराधी शामिल थे, जिनकी गिरफ्तारी के लिए दूसरे राज्यों में भी छापेमारी चल रही है। देखें गिरफ्तारी की तस्वीरें… घटना के बाद नौबतपुर भागे, ट्रेन से हुए फरार इस कांड का मुख्य सरगना अमरनाथ उर्फ गोपी है, इसी ने पूरी लूट की प्लानिंग बनाई गई थी। गुड्डू ने गाड़ी उपलब्ध कराई थी। घटना को अंजाम देने के बाद सभी बदमाश नौबतपुर गए थे। वहां से फिर ट्रेन के जरिए फरार हो गए थे। अपराधियों की गिरफ्तारी मेहंदीगंज थाना क्षेत्र से हुई है। पकड़े गए अपराधियों का नाम अमरनाथ उर्फ गोपी, आदित्य गिरी उर्फ सोनी और संजय कुमार है। पूछताछ में पता चला है कि यूट्यूब देखकर कस्टम अधिकारी बनने की प्लानिंग की थी। ताकि किसी को शक वगैरह नहीं हो। डेढ़ साल से कर रहे थे कारोबारी की रैकी पिछले डेढ़ साल से बदमाशों को कारोबारी के आने की सटीक जानकारी नहीं मिल पा रही थी। आने से जाने तक एक डायरी में सब कुछ बदमाशों ने अपडेट किया था। घटना को अंजाम देने के बाद उसे जला दिया। मास्टरमाइंड अमरनाथ उर्फ गोपी शातिर बदमाश रहा है। इसके अपराधी के इतिहास में मिले हैं। डकैती के मामले में जेल भी जा चुका है। दरअसल, पटना में गुजरात के कारोबारी के स्टाफ से बीते शनिवार को 14.900 kg किलो सोने की लूट हुई थी। कस्टम अधिकारी बनकर अपराधियों ने लूट की वारदात को अंजाम दिया थी। ये वारदात दानापुर के खगौल थाना क्षेत्र में हुई थी। गुजरात के कारोबारी के स्टाफ और राजकोट के रहने वाले महेश को पटना में बंधक बना लिया गया। उससे सोने से भरा बैग बदमाशों ने लूट लिया और इसके बाद महेश को छोड़कर फरार हो गए। लूटे गए 14.900 kg किलोग्राम सोने की कीमत आज के हिसाब से करीब 20 करोड़ से ज्यादा की होगी। अहमदाबाद से पटना पहुंचे थे व्यापारी गुजरात के राजकोट निवासी महेश मामतोरा और प्रिंस रामपरिया नामक दो व्यापारी अहमदाबाद से सहरसा एक्सप्रेस के जरिए दानापुर पहुंचे थे। वे केबीएस एंड संस के मालिक सुनील भाई का सोने का जेवर लेकर पटना के बाकरगंज जा रहे थे। दानापुर रेलवे स्टेशन से बाकरगंज जाने के लिए दोनों ने एक ऑटो बुक की। ब्रिज पर पुलिस की लोगो लगी कार ने रोका जैसे ही उनका ऑटो खगौल ओवरब्रिज के बीच पहुंचा, पुलिस का स्टीकर लगी एक कार और दो मोटरसाइकिल पर सवार 5 से 7 बदमाशों ने दोनों को घेर लिया। सभी बदमाश सफेद शर्ट और खाकी पैंट पहने हुए थे। उन्होंने खुद को कस्टम अधिकारी बताकर जांच के नाम पर व्यापारियों के तीनों बैग जब्त कर लिए थे।


