बक्सर जिले के डुमरांव अनुमंडल अंतर्गत हरनी चट्टी, अदफा में पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग की मंत्री रामा निषाद ने एक नए आवासीय विद्यालय का उद्घाटन किया। यह विद्यालय 520 छात्राओं के लिए बनाया गया है। इसे पिछड़ा वर्ग कन्या आवासीय प्लस टू विद्यालय के रूप में विकसित किया गया है, जिसका उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की बेटियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और सुरक्षित आवासीय सुविधा प्रदान करना है। विद्यालय में 520 बेड की व्यवस्था उद्घाटन समारोह में मंत्री रामा निषाद ने कहा कि राज्य सरकार की प्राथमिकता पिछड़ा एवं अति पिछड़ा वर्ग के विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक अवसर उपलब्ध कराना है। इसी क्रम में बिहार के सभी जिलों में आवासीय प्लस टू विद्यालय स्थापित किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि हरनी चट्टी स्थित इस विद्यालय में 520 बेड की व्यवस्था है, जिससे बड़ी संख्या में छात्राओं को लाभ मिलेगा। मंत्री ने अपने संबोधन में बेटियों की शिक्षा पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा, “जब बेटियां पढ़ेंगी और आगे बढ़ेंगी, तभी समाज का समग्र विकास संभव होगा।” उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि पूर्व की सरकारों ने इस दिशा में अपेक्षित कार्य नहीं किया, लेकिन वर्ष 2005 के बाद नीतीश कुमार और नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में बिहार में शिक्षा और सामाजिक विकास के क्षेत्र में लगातार प्रगति हुई है। 35 प्रतिशत बेटियां विभिन्न विभागों में कार्यरत मंत्री ने जानकारी दी कि वर्तमान में लगभग 35 प्रतिशत बेटियां विभिन्न सरकारी और गैर-सरकारी विभागों में कार्यरत हैं, जो समाज में बढ़ते बदलाव का संकेत है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि इस नए विद्यालय से शिक्षा प्राप्त करने वाली छात्राएं भविष्य में विभिन्न क्षेत्रों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी। कार्यक्रम के दौरान मंत्री ने आश्वासन दिया कि सरकार 12वीं कक्षा के बाद भी छात्राओं की उच्च शिक्षा के लिए हर संभव सहायता प्रदान करेगी। उन्होंने हाल ही में इंटरमीडिएट और मैट्रिक परीक्षाओं में छात्राओं के बेहतर प्रदर्शन की सराहना करते हुए कहा कि यह राज्य के लिए गर्व की बात है। पहले से अधिक सुरक्षित हैं बेटियां सुरक्षा के मुद्दे पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि बिहार में बेटियां अब पहले से अधिक सुरक्षित हैं और वे हर क्षेत्र में सक्रिय रूप से आगे बढ़ रही हैं। खासकर पुलिस सेवाओं में भी उनकी भागीदारी लगातार बढ़ रही है, जो महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक सकारात्मक कदम है। इस अवसर पर स्थानीय जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान क्षेत्र के लोगों में उत्साह देखा गया और इस पहल को बेटियों के उज्जवल भविष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया गया। बक्सर जिले के डुमरांव अनुमंडल अंतर्गत हरनी चट्टी, अदफा में पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग की मंत्री रामा निषाद ने एक नए आवासीय विद्यालय का उद्घाटन किया। यह विद्यालय 520 छात्राओं के लिए बनाया गया है। इसे पिछड़ा वर्ग कन्या आवासीय प्लस टू विद्यालय के रूप में विकसित किया गया है, जिसका उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की बेटियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और सुरक्षित आवासीय सुविधा प्रदान करना है। विद्यालय में 520 बेड की व्यवस्था उद्घाटन समारोह में मंत्री रामा निषाद ने कहा कि राज्य सरकार की प्राथमिकता पिछड़ा एवं अति पिछड़ा वर्ग के विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक अवसर उपलब्ध कराना है। इसी क्रम में बिहार के सभी जिलों में आवासीय प्लस टू विद्यालय स्थापित किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि हरनी चट्टी स्थित इस विद्यालय में 520 बेड की व्यवस्था है, जिससे बड़ी संख्या में छात्राओं को लाभ मिलेगा। मंत्री ने अपने संबोधन में बेटियों की शिक्षा पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा, “जब बेटियां पढ़ेंगी और आगे बढ़ेंगी, तभी समाज का समग्र विकास संभव होगा।” उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि पूर्व की सरकारों ने इस दिशा में अपेक्षित कार्य नहीं किया, लेकिन वर्ष 2005 के बाद नीतीश कुमार और नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में बिहार में शिक्षा और सामाजिक विकास के क्षेत्र में लगातार प्रगति हुई है। 35 प्रतिशत बेटियां विभिन्न विभागों में कार्यरत मंत्री ने जानकारी दी कि वर्तमान में लगभग 35 प्रतिशत बेटियां विभिन्न सरकारी और गैर-सरकारी विभागों में कार्यरत हैं, जो समाज में बढ़ते बदलाव का संकेत है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि इस नए विद्यालय से शिक्षा प्राप्त करने वाली छात्राएं भविष्य में विभिन्न क्षेत्रों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी। कार्यक्रम के दौरान मंत्री ने आश्वासन दिया कि सरकार 12वीं कक्षा के बाद भी छात्राओं की उच्च शिक्षा के लिए हर संभव सहायता प्रदान करेगी। उन्होंने हाल ही में इंटरमीडिएट और मैट्रिक परीक्षाओं में छात्राओं के बेहतर प्रदर्शन की सराहना करते हुए कहा कि यह राज्य के लिए गर्व की बात है। पहले से अधिक सुरक्षित हैं बेटियां सुरक्षा के मुद्दे पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि बिहार में बेटियां अब पहले से अधिक सुरक्षित हैं और वे हर क्षेत्र में सक्रिय रूप से आगे बढ़ रही हैं। खासकर पुलिस सेवाओं में भी उनकी भागीदारी लगातार बढ़ रही है, जो महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक सकारात्मक कदम है। इस अवसर पर स्थानीय जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान क्षेत्र के लोगों में उत्साह देखा गया और इस पहल को बेटियों के उज्जवल भविष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया गया।


