जालंधर में कैंटर और कार की भीषण भिड़ंत:हेडफोन के विवाद में लगा लंबा जाम, सड़क सुरक्षा बल ने मौके पर पहुंचकर खुलवाया रास्ता

जालंधर में कैंटर और कार की भीषण भिड़ंत:हेडफोन के विवाद में लगा लंबा जाम, सड़क सुरक्षा बल ने मौके पर पहुंचकर खुलवाया रास्ता

जालंधर में फुटबाल चौक के पास एक कैंटर और स्विफ्ट कार के बीच जोरदार टक्कर हो गई, जिससे यातायात पूरी तरह ठप हो गया। इस हादसे का मुख्य कारण लापरवाही को बताया जा रहा है, जहां कार सवार ने कैंटर ड्राइवर पर हेडफोन लगाकर गाड़ी चलाने का आरोप लगाया। दुर्घटना के बाद मौके पर काफी हंगामा हुआ और पीड़ित पक्ष की मदद के लिए आई उसी कंपनी की दूसरी गाड़ियों ने सड़क के बीचों-बीच वाहन खड़े कर दिए, जिससे वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। इसके बाद सड़क सुरक्षा बल (SSF) ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला और जाम खुलवाया।
​घटना के बाद मौके पर मौजूद लोगों और ड्राइवरों के बीच तीखी बहस शुरू हो गई। कार सवार व्यक्ति का आरोप है कि कैंटर ड्राइवर ने कान में हेडफोन लगाए हुए थे, जिस कारण उसे कार की उपस्थिति का अंदाजा नहीं हुआ और यह हादसा घट गया।

​दुर्घटना के बाद मौके हुआ हंगामा
​दुर्घटना के बाद मौके पर भारी हंगामा खड़ा हो गया। जैसे ही हादसे की खबर आसपास फैली, कैंटर वाली कंपनी की ही कुछ अन्य गाड़ियां भी वहां पहुंच गईं। कंपनी के अन्य ड्राइवरों ने विरोध स्वरूप अपनी गाड़ियां बीच सड़क पर खड़ी कर दीं। इस वजह से जालंधर यातायात पूरी तरह बाधित हो गया और देखते ही देखते वाहनों की किलोमीटर लंबी लाइन लग गई। राहगीरों को इसके कारण काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
कार चालक ने लगाए आरोप
​हंगामे के दौरान दोनों पक्षों के बीच काफी देर तक बहस चलती रही। कार चालक का कहना था कि गलत साइड से आने और ध्यान भटकने के कारण यह हादसा हुआ, जबकि कैंटर ड्राइवर इन आरोपों से इनकार करता रहा। मामला इतना बढ़ गया कि स्थानीय लोगों को बीच-बचाव करना पड़ा, लेकिन जाम की स्थिति जस की तस बनी रही।
घटना की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची SSF
​सूचना मिलते ही सड़क सुरक्षा बल की टीम तुरंत घटना स्थल पर पहुंची। पुलिस अधिकारियों ने दोनों पक्षों को समझा-बुझाकर शांत कराया और सड़क के बीच खड़े वाहनों को साइड करवाया। काफी मशक्कत के बाद जाम को खुलवाया गया और यातायात को फिर से सुचारू रूप से शुरू किया जा सका। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और जांच की जा रही है कि हादसे की असली वजह क्या थी।

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