ज्योतिष और तांत्रिक मधुबनी पहुंचे:अंतर्राष्ट्रीय ज्योतिष महासम्मेलन में लेंगे भाग, 4 से 5 अप्रैल तक कार्यक्रम चलेगा

मधुबनी में अंतर्राष्ट्रीय ज्योतिष महासम्मेलन में भाग लेने के लिए देश-विदेश से ज्योतिष और तांत्रिक पहुंचने लगे हैं। यह दो दिवसीय कार्यक्रम 4 और 5 अप्रैल को नगर भवन में आयोजित किया जाएगा। शहर भर में ज्योतिषियों के स्वागत के लिए तोरण द्वार बनाए गए हैं। दिल्ली से ख्यातिप्राप्त वैदिक ज्योतिषी नीता राय मधुबनी पहुंच चुकी हैं। नीता राय ने बताया कि लोगों को अध्यात्म से जोड़ने के लिए जागरूकता पैदा करने की आवश्यकता है। ज्योतिषी डॉ. सुनील श्रीवास्तव ने पुष्टि की कि सभी ज्योतिष पहुंच गए हैं और महासम्मेलन की तैयारियां पूरी हो चुकी हैं। ज्योतिषी सुनील कुमार श्रीवास्तव ने कार्यक्रम की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि 4 अप्रैल को सुबह 10:30 बजे दीप प्रज्ज्वलन के साथ उद्घाटन और अतिथियों का स्वागत होगा। दोपहर 1:30 बजे से 2:30 बजे तक भोजन अवकाश रहेगा, जिसके बाद 2:30 बजे से शाम 5:30 बजे तक द्वितीय सत्र का व्याख्यान चलेगा। दूसरे दिन, 5 अप्रैल को सुबह 10:00 बजे से दोपहर 1:00 बजे तक ज्योतिष व्याख्यान माला आयोजित होगी। दोपहर 1:00 बजे से 2:00 बजे तक भोजन अवकाश के बाद, 2:00 बजे से शाम 6:00 बजे तक व्याख्यान और सम्मान समारोह होगा, जिसके बाद कार्यक्रम का समापन हो जाएगा। इस महासम्मेलन में विभिन्न राज्यों के ज्योतिषियों के साथ-साथ मिथिला विश्वविद्यालय और संस्कृत विश्वविद्यालय दरभंगा के प्रख्यात विद्वान भी भाग लेंगे। पड़ोसी देश नेपाल से भी कई ज्योतिषी शामिल होने पहुंचे हैं। मधुबनी में अंतर्राष्ट्रीय ज्योतिष महासम्मेलन में भाग लेने के लिए देश-विदेश से ज्योतिष और तांत्रिक पहुंचने लगे हैं। यह दो दिवसीय कार्यक्रम 4 और 5 अप्रैल को नगर भवन में आयोजित किया जाएगा। शहर भर में ज्योतिषियों के स्वागत के लिए तोरण द्वार बनाए गए हैं। दिल्ली से ख्यातिप्राप्त वैदिक ज्योतिषी नीता राय मधुबनी पहुंच चुकी हैं। नीता राय ने बताया कि लोगों को अध्यात्म से जोड़ने के लिए जागरूकता पैदा करने की आवश्यकता है। ज्योतिषी डॉ. सुनील श्रीवास्तव ने पुष्टि की कि सभी ज्योतिष पहुंच गए हैं और महासम्मेलन की तैयारियां पूरी हो चुकी हैं। ज्योतिषी सुनील कुमार श्रीवास्तव ने कार्यक्रम की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि 4 अप्रैल को सुबह 10:30 बजे दीप प्रज्ज्वलन के साथ उद्घाटन और अतिथियों का स्वागत होगा। दोपहर 1:30 बजे से 2:30 बजे तक भोजन अवकाश रहेगा, जिसके बाद 2:30 बजे से शाम 5:30 बजे तक द्वितीय सत्र का व्याख्यान चलेगा। दूसरे दिन, 5 अप्रैल को सुबह 10:00 बजे से दोपहर 1:00 बजे तक ज्योतिष व्याख्यान माला आयोजित होगी। दोपहर 1:00 बजे से 2:00 बजे तक भोजन अवकाश के बाद, 2:00 बजे से शाम 6:00 बजे तक व्याख्यान और सम्मान समारोह होगा, जिसके बाद कार्यक्रम का समापन हो जाएगा। इस महासम्मेलन में विभिन्न राज्यों के ज्योतिषियों के साथ-साथ मिथिला विश्वविद्यालय और संस्कृत विश्वविद्यालय दरभंगा के प्रख्यात विद्वान भी भाग लेंगे। पड़ोसी देश नेपाल से भी कई ज्योतिषी शामिल होने पहुंचे हैं।  

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *