जहानाबाद शहर में साइबर धोखाधड़ी का एक और मामला सामने आया है। नगर थाना क्षेत्र के इरकी गांव निवासी कन्हाई चौधरी के खाते से साइबर ठगों ने 4 लाख 82 हजार रुपये उड़ा लिए। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। कमलेश कुमार, जो कन्हाई चौधरी के बेटे हैं, ने बताया कि गुरुवार को वे अंबेडकर चौक स्थित एसबीआई एटीएम से पैसे निकालने गए थे। इस दौरान उनका एटीएम कार्ड मशीन में फंस गया। तभी एक युवक उनके पास आया और एक नंबर पर फोन करने को कहा। दोबारा फोन किया लेकिन स्विच ऑफ मिला फोन करने पर उन्हें हॉस्पिटल मोड बुलाया गया, जहां एक व्यक्ति ने एटीएम निकालने के लिए इंजीनियर भेजने का आश्वासन दिया। कमलेश जब वापस एटीएम पहुंचे तो वहां कोई इंजीनियर नहीं था। उन्होंने उस व्यक्ति को दोबारा फोन किया, लेकिन उसका फोन स्विच ऑफ मिला। कुछ देर बाद उन्हें घर से फोन आया कि उनके खाते से पैसे निकाल लिए गए हैं। इस घटना के बाद कमलेश कुमार साइबर थाने पहुंचे, जहां उन्हें बताया गया कि यह मामला उनके अधिकार क्षेत्र का नहीं है। इसके बाद उन्होंने पुलिस अधीक्षक (एसपी) कार्यालय में जाकर एसपी अपराजिता लोहान को एक आवेदन दिया। एसपी ने तुरंत एटीएम पहुंचकर जांच की एसपी अपराजिता लोहान ने बताया कि जनता संवाद के दौरान कमलेश कुमार ने उन्हें अपने खाते से पैसे निकाले जाने की जानकारी दी। एसपी ने तुरंत एटीएम पहुंचकर जांच की, लेकिन वहां कोई कार्ड फंसा नहीं मिला। उन्होंने एसबीआई के अधिकारियों को बुलाया है और मामले की जांच जारी है। साइबर डीएसपी के नेतृत्व में एक टीम का गठन किया गया है, जो इस घटना में शामिल लोगों का पता लगाएगी। जांच में कुछ संदिग्ध लोगों की पहचान हुई है, जो राज्य से बाहर के हैं। पुलिस जल्द ही उनकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी करेगी। शहर में लगातार हो रही ऐसी घटनाओं से स्थानीय लोग दहशत में हैं। जहानाबाद शहर में साइबर धोखाधड़ी का एक और मामला सामने आया है। नगर थाना क्षेत्र के इरकी गांव निवासी कन्हाई चौधरी के खाते से साइबर ठगों ने 4 लाख 82 हजार रुपये उड़ा लिए। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। कमलेश कुमार, जो कन्हाई चौधरी के बेटे हैं, ने बताया कि गुरुवार को वे अंबेडकर चौक स्थित एसबीआई एटीएम से पैसे निकालने गए थे। इस दौरान उनका एटीएम कार्ड मशीन में फंस गया। तभी एक युवक उनके पास आया और एक नंबर पर फोन करने को कहा। दोबारा फोन किया लेकिन स्विच ऑफ मिला फोन करने पर उन्हें हॉस्पिटल मोड बुलाया गया, जहां एक व्यक्ति ने एटीएम निकालने के लिए इंजीनियर भेजने का आश्वासन दिया। कमलेश जब वापस एटीएम पहुंचे तो वहां कोई इंजीनियर नहीं था। उन्होंने उस व्यक्ति को दोबारा फोन किया, लेकिन उसका फोन स्विच ऑफ मिला। कुछ देर बाद उन्हें घर से फोन आया कि उनके खाते से पैसे निकाल लिए गए हैं। इस घटना के बाद कमलेश कुमार साइबर थाने पहुंचे, जहां उन्हें बताया गया कि यह मामला उनके अधिकार क्षेत्र का नहीं है। इसके बाद उन्होंने पुलिस अधीक्षक (एसपी) कार्यालय में जाकर एसपी अपराजिता लोहान को एक आवेदन दिया। एसपी ने तुरंत एटीएम पहुंचकर जांच की एसपी अपराजिता लोहान ने बताया कि जनता संवाद के दौरान कमलेश कुमार ने उन्हें अपने खाते से पैसे निकाले जाने की जानकारी दी। एसपी ने तुरंत एटीएम पहुंचकर जांच की, लेकिन वहां कोई कार्ड फंसा नहीं मिला। उन्होंने एसबीआई के अधिकारियों को बुलाया है और मामले की जांच जारी है। साइबर डीएसपी के नेतृत्व में एक टीम का गठन किया गया है, जो इस घटना में शामिल लोगों का पता लगाएगी। जांच में कुछ संदिग्ध लोगों की पहचान हुई है, जो राज्य से बाहर के हैं। पुलिस जल्द ही उनकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी करेगी। शहर में लगातार हो रही ऐसी घटनाओं से स्थानीय लोग दहशत में हैं।


