अहमदाबाद महानगरपालिका (मनपा) ने शहर की ऐतिहासिक धरोहरों को सुरक्षित, पुनर्स्थापन और संवर्धन के लिए 266 करोड़ रुपए की महत्वाकांक्षी योजना शुरू की है। शहर की ऐतिहासिक संरचनाओं को सुरक्षित रखने और आधुनिक सुविधाओं के साथ उनका समन्वय करने के लिए मनपा ने विभिन्न स्तरों पर महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं। इस योजना के तहत कुछ कार्य पहले से चल रहे हैं, जबकि कुछ शुरू होंगे। अहमदाबाद यूनेस्को की ओर से घोषित भारत का पहला और एकमात्र वर्ल्ड हेरिटेज शहर है।इसके तहत मनपा ने हेरिटेज संरचनाओं के संरक्षण के लिए एक्सपर्ट सब कमेटी फॉर हेरिटेज अप्रूवल (ईएसएचए) का गठन किया है, जो तकनीकी जांच और अनुमोदन प्रक्रिया को तेज करेगी। इसके साथ ही, डिजिटल अनुमोदन प्रणाली लागू की गई है, जिससे पारदर्शिता और कार्यक्षमता बढ़ेगी।
माणेक बुर्ज, ऐतिहासिक फोर्ट वॉल का पुनर्स्थापन प्रमुख
आगामी कार्यों में 2026-27 के लिए 15 करोड़ रुपए के बजट से 160 पोल गेट्स का संरक्षण कार्यक्रम शामिल है। मनपा के अनुसार पिछले वर्षों में करीब 60 हेरिटेज जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए हैं। साथ ही 200 से अधिक राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधिमंडल शहर का दौरा कर चुके हैं जिससे हेरिटेज और संस्कृति के प्रति जागरूकता बढ़ी है। हाल ही में यूनेस्को वर्ल्ड हेरिटेज की टीम ने शहर का निरीक्षण किया था।
हेरिटेज हाउस में बेड एंड ब्रेकफास्ट मॉडल को बढ़ावा
मनपा ने हेरिटेज और पर्यटन को जोड़ने के लिए एक टूरिज्म सेल भी स्थापित किया है। हेरिटेज हाउस में बेड एंड ब्रेकफास्ट (बीएंडबी) मॉडल को बढ़ावा दिया जाएगा। अहमदाबाद वर्ल्ड हेरिटेज सिटी ट्रस्ट के साथ मिलकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर शोध, क्षमता विकास और हेरिटेज प्रबंधन के लिए साझेदारी विकसित की जा रही है।


