गयाजी में आवश्यक वस्तुओं की उपलब्धता, एलपीजी गैस आपूर्ति और आने वाले जनगणना 2027 की तैयारियों को लेकर आज कलेक्ट्रेट में एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक हुई। प्रभारी सचिव सह प्रधान सचिव (राजस्व और भूमि सुधार विभाग) श्री सी.के. अनिल ने बैठक की अध्यक्षता की। उन्होंने अधिकारियों को उपभोक्ताओं की सुविधा सुनिश्चित करने और किसी भी अनियमितता पर कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए। जिला प्रशासन की रिपोर्ट के अनुसार, जिले में एलपीजी गैस की आपूर्ति पूरी तरह से सामान्य है। गया में 72 गैस एजेंसियों के माध्यम से लगभग 7.9 लाख उपभोक्ताओं को नियमित रूप से गैस मिल रही है। रोजाना 13 हजार से अधिक सिलेंडरों का वितरण किया जा रहा है। अधिकारियों ने बताया कि गैस बुकिंग और डिलीवरी में कोई समस्या नहीं है। आपूर्ति पारदर्शी और सुचारू रहनी चाहिए प्रभारी सचिव ने व्यवस्था पर संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि एलपीजी की आपूर्ति पारदर्शी और सुचारू रहनी चाहिए। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि कालाबाजारी, जमाखोरी, ओवरप्राइसिंग या किसी भी अवैध गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। ऐसी शिकायत मिलने पर तत्काल प्राथमिकी दर्ज कर सख्त कार्रवाई करने को कहा गया है। इन गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए जिला प्रशासन लगातार निरीक्षण और छापेमारी कर रहा है। प्रखंड स्तर पर 24 से अधिक धावा दल सक्रिय हैं, जो शिकायत मिलने पर कार्रवाई करते हैं। दोषियों पर आवश्यक सेवा अनुरक्षण अधिनियम (ESMA) और आपदा प्रबंधन अधिनियम के तहत भी कार्रवाई की जा रही है। उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए जिला स्तर पर 24×7 नियंत्रण कक्ष (हेल्पलाइन नंबर 0631-2222253) भी संचालित है। सोशल मीडिया पर आने वाली शिकायतों की भी निगरानी कर संबंधित एजेंसियों को भेजा जा रहा है। पैनिक बुकिंग से बचने की अपील प्रभारी सचिव ने आम जनता से अपील की कि वे पैनिक बुकिंग से बचें और गैस एजेंसियों पर अनावश्यक भीड़ न लगाएं। उन्होंने बताया कि उपभोक्ता घर बैठे ही गैस बुक कर सकते हैं और सिलेंडर की होम डिलीवरी की व्यवस्था पूरी तरह सुचारू है। बैठक में जनगणना 2027 की तैयारियों और गर्मी को देखते हुए पेयजल व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश भी दिए गए। कालाबाजारी रोकने के लिए सख्त निर्देश दिए साथ ही लोगों से अपील की गई कि वे किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें और केवल आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करें। प्रभारी सचिव ने उर्वरक की कालाबाजारी रोकने के लिए सख्त निर्देश दिए। बॉर्डर क्षेत्रों में विशेष रूप से छापेमारी अभियान चलाने और स्टॉक रजिस्टर की नियमित जांच करने को कहा गया है, ताकि किसानों को किसी प्रकार की परेशानी न हो। गर्मी को देखते हुए पेयजल व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश गर्मी के मौसम को देखते हुए पेयजल व्यवस्था पर भी विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए गए। नल-जल योजनाओं को शीघ्र चालू करने और खराब चापाकलों की मरम्मत 25 अप्रैल तक पूरी करने का लक्ष्य तय किया गया है। प्रशासन की ओर से नियमित रूप से इसकी समीक्षा भी की जाएगी। ऊर्जा संरक्षण के उद्देश्य से सभी सरकारी भवनों में सोलर पैनल लगाने और पूर्व से स्थापित पैनलों को चालू रखने के निर्देश भी दिए गए। अधिकारियों ने बताया कि इस बार जनगणना पूरी तरह डिजिटल माध्यम से कराई जाएगी। गयाजी में आवश्यक वस्तुओं की उपलब्धता, एलपीजी गैस आपूर्ति और आने वाले जनगणना 2027 की तैयारियों को लेकर आज कलेक्ट्रेट में एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक हुई। प्रभारी सचिव सह प्रधान सचिव (राजस्व और भूमि सुधार विभाग) श्री सी.के. अनिल ने बैठक की अध्यक्षता की। उन्होंने अधिकारियों को उपभोक्ताओं की सुविधा सुनिश्चित करने और किसी भी अनियमितता पर कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए। जिला प्रशासन की रिपोर्ट के अनुसार, जिले में एलपीजी गैस की आपूर्ति पूरी तरह से सामान्य है। गया में 72 गैस एजेंसियों के माध्यम से लगभग 7.9 लाख उपभोक्ताओं को नियमित रूप से गैस मिल रही है। रोजाना 13 हजार से अधिक सिलेंडरों का वितरण किया जा रहा है। अधिकारियों ने बताया कि गैस बुकिंग और डिलीवरी में कोई समस्या नहीं है। आपूर्ति पारदर्शी और सुचारू रहनी चाहिए प्रभारी सचिव ने व्यवस्था पर संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि एलपीजी की आपूर्ति पारदर्शी और सुचारू रहनी चाहिए। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि कालाबाजारी, जमाखोरी, ओवरप्राइसिंग या किसी भी अवैध गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। ऐसी शिकायत मिलने पर तत्काल प्राथमिकी दर्ज कर सख्त कार्रवाई करने को कहा गया है। इन गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए जिला प्रशासन लगातार निरीक्षण और छापेमारी कर रहा है। प्रखंड स्तर पर 24 से अधिक धावा दल सक्रिय हैं, जो शिकायत मिलने पर कार्रवाई करते हैं। दोषियों पर आवश्यक सेवा अनुरक्षण अधिनियम (ESMA) और आपदा प्रबंधन अधिनियम के तहत भी कार्रवाई की जा रही है। उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए जिला स्तर पर 24×7 नियंत्रण कक्ष (हेल्पलाइन नंबर 0631-2222253) भी संचालित है। सोशल मीडिया पर आने वाली शिकायतों की भी निगरानी कर संबंधित एजेंसियों को भेजा जा रहा है। पैनिक बुकिंग से बचने की अपील प्रभारी सचिव ने आम जनता से अपील की कि वे पैनिक बुकिंग से बचें और गैस एजेंसियों पर अनावश्यक भीड़ न लगाएं। उन्होंने बताया कि उपभोक्ता घर बैठे ही गैस बुक कर सकते हैं और सिलेंडर की होम डिलीवरी की व्यवस्था पूरी तरह सुचारू है। बैठक में जनगणना 2027 की तैयारियों और गर्मी को देखते हुए पेयजल व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश भी दिए गए। कालाबाजारी रोकने के लिए सख्त निर्देश दिए साथ ही लोगों से अपील की गई कि वे किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें और केवल आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करें। प्रभारी सचिव ने उर्वरक की कालाबाजारी रोकने के लिए सख्त निर्देश दिए। बॉर्डर क्षेत्रों में विशेष रूप से छापेमारी अभियान चलाने और स्टॉक रजिस्टर की नियमित जांच करने को कहा गया है, ताकि किसानों को किसी प्रकार की परेशानी न हो। गर्मी को देखते हुए पेयजल व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश गर्मी के मौसम को देखते हुए पेयजल व्यवस्था पर भी विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए गए। नल-जल योजनाओं को शीघ्र चालू करने और खराब चापाकलों की मरम्मत 25 अप्रैल तक पूरी करने का लक्ष्य तय किया गया है। प्रशासन की ओर से नियमित रूप से इसकी समीक्षा भी की जाएगी। ऊर्जा संरक्षण के उद्देश्य से सभी सरकारी भवनों में सोलर पैनल लगाने और पूर्व से स्थापित पैनलों को चालू रखने के निर्देश भी दिए गए। अधिकारियों ने बताया कि इस बार जनगणना पूरी तरह डिजिटल माध्यम से कराई जाएगी।


