बेतिया में अपर मुख्य सचिव, पिछड़ा वर्ग एवं अतिपिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग, बिहार-सह-सह प्रभारी सचिव एचआर श्रीनिवास की अध्यक्षता में एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले में आवश्यक वस्तुओं, एलपीजी आपूर्ति, प्रवासी श्रमिकों की स्थिति और उर्वरक वितरण की गहन समीक्षा की गई। जिलाधिकारी तरनजोत सिंह ने बताया कि एलपीजी, पेट्रोल-डीजल और खाद्य सामग्री सहित सभी आवश्यक सेवाओं की आपूर्ति सुचारू है। उन्होंने कालाबाजारी और अनियमितताओं के खिलाफ की गई कार्रवाई का भी ब्योरा दिया, जिसमें 682 छापेमारी और 9 एफआईआर शामिल हैं। 9.53 लाख से अधिक घरेलू , 2,674 व्यावसायिक उपभोक्ता जिलाधिकारी ने पावर प्वाइंट प्रस्तुतीकरण के माध्यम से जानकारी दी कि जिले में कुल 74 गैस वितरक एजेंसियां कार्यरत हैं। इनके तहत 9.53 लाख से अधिक घरेलू और 2,674 व्यावसायिक उपभोक्ता जुड़े हुए हैं। वर्तमान में जिले में 24,641 एलपीजी सिलेंडर का स्टॉक उपलब्ध है, और प्रतिदिन लगभग 10 से 11 हजार सिलेंडरों की आपूर्ति सुनिश्चित की जा रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जिले में एलपीजी की कोई कमी नहीं है और लोगों से अफवाहों से बचने की अपील की गई। प्रशासन द्वारा आपूर्ति, वितरण और कार्रवाई की जानकारी प्रतिदिन प्रेस विज्ञप्ति और सोशल मीडिया के माध्यम से सार्वजनिक की जा रही है, ताकि पारदर्शिता बनी रहे। शिकायत निवारण की स्थिति पर जिलाधिकारी ने बताया कि जिला कंट्रोल रूम में अब तक 834 शिकायतें प्राप्त हुई हैं, जिनमें से 794 का त्वरित निष्पादन कर दिया गया है। 481 स्थानों पर छापेमारी, 87 सिलेंडर जब्त कालाबाजारी एवं अनियमितता के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी है। अब तक 247 गैस एजेंसियों की जांच और 481 स्थानों पर छापेमारी की गई है, जिसमें 87 सिलेंडर जब्त किए गए। इसके अलावा, 6 ए के तहत 2 मामले दर्ज किए गए हैं तथा 9 एफआईआर भी दर्ज की गई हैं। समीक्षा के दौरान बताया गया कि रबी सीजन के लिए जिले में पर्याप्त उर्वरक उपलब्ध है। उर्वरक की कालाबाजारी रोकने के लिए कृषि विभाग द्वारा 682 छापेमारी की गई। प्रभारी सचिव ने निर्देश दिया कि उर्वरक की कालाबाजारी एवं अन्य गड़बड़ी में शामिल व्यक्तियों के विरुद्ध विधिसम्मत सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। खाड़ी देशों में उत्पन्न हालात को देखते हुए बिहार सरकार द्वारा विशेष हेल्पलाइन नंबर जारी किए गए हैं। सभी प्रखंडों में श्रम प्रवर्तन पदाधिकारियों को सतर्क रहने का निर्देश दिया गया है। बेतिया में अपर मुख्य सचिव, पिछड़ा वर्ग एवं अतिपिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग, बिहार-सह-सह प्रभारी सचिव एचआर श्रीनिवास की अध्यक्षता में एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले में आवश्यक वस्तुओं, एलपीजी आपूर्ति, प्रवासी श्रमिकों की स्थिति और उर्वरक वितरण की गहन समीक्षा की गई। जिलाधिकारी तरनजोत सिंह ने बताया कि एलपीजी, पेट्रोल-डीजल और खाद्य सामग्री सहित सभी आवश्यक सेवाओं की आपूर्ति सुचारू है। उन्होंने कालाबाजारी और अनियमितताओं के खिलाफ की गई कार्रवाई का भी ब्योरा दिया, जिसमें 682 छापेमारी और 9 एफआईआर शामिल हैं। 9.53 लाख से अधिक घरेलू , 2,674 व्यावसायिक उपभोक्ता जिलाधिकारी ने पावर प्वाइंट प्रस्तुतीकरण के माध्यम से जानकारी दी कि जिले में कुल 74 गैस वितरक एजेंसियां कार्यरत हैं। इनके तहत 9.53 लाख से अधिक घरेलू और 2,674 व्यावसायिक उपभोक्ता जुड़े हुए हैं। वर्तमान में जिले में 24,641 एलपीजी सिलेंडर का स्टॉक उपलब्ध है, और प्रतिदिन लगभग 10 से 11 हजार सिलेंडरों की आपूर्ति सुनिश्चित की जा रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जिले में एलपीजी की कोई कमी नहीं है और लोगों से अफवाहों से बचने की अपील की गई। प्रशासन द्वारा आपूर्ति, वितरण और कार्रवाई की जानकारी प्रतिदिन प्रेस विज्ञप्ति और सोशल मीडिया के माध्यम से सार्वजनिक की जा रही है, ताकि पारदर्शिता बनी रहे। शिकायत निवारण की स्थिति पर जिलाधिकारी ने बताया कि जिला कंट्रोल रूम में अब तक 834 शिकायतें प्राप्त हुई हैं, जिनमें से 794 का त्वरित निष्पादन कर दिया गया है। 481 स्थानों पर छापेमारी, 87 सिलेंडर जब्त कालाबाजारी एवं अनियमितता के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी है। अब तक 247 गैस एजेंसियों की जांच और 481 स्थानों पर छापेमारी की गई है, जिसमें 87 सिलेंडर जब्त किए गए। इसके अलावा, 6 ए के तहत 2 मामले दर्ज किए गए हैं तथा 9 एफआईआर भी दर्ज की गई हैं। समीक्षा के दौरान बताया गया कि रबी सीजन के लिए जिले में पर्याप्त उर्वरक उपलब्ध है। उर्वरक की कालाबाजारी रोकने के लिए कृषि विभाग द्वारा 682 छापेमारी की गई। प्रभारी सचिव ने निर्देश दिया कि उर्वरक की कालाबाजारी एवं अन्य गड़बड़ी में शामिल व्यक्तियों के विरुद्ध विधिसम्मत सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। खाड़ी देशों में उत्पन्न हालात को देखते हुए बिहार सरकार द्वारा विशेष हेल्पलाइन नंबर जारी किए गए हैं। सभी प्रखंडों में श्रम प्रवर्तन पदाधिकारियों को सतर्क रहने का निर्देश दिया गया है।


