वाराणसी: यूपी-एमपी सहयोग सम्मेलन के उद्घाटन सत्र में पहुंचे मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने उत्तर प्रदेश में हो रहे विकास कार्यों को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का साधुवाद किया है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश में सुशासन का प्रतिमान स्थापित किया है और यहां के अधिकारियों ने भी कानून व्यवस्था के साथ विकास की दिशा में बेहतरीन कार्य किए हैं।
यूपी-एमपी सहयोग सम्मेलन के उद्घाटन सत्र में पहुंचे सीएम मोहन
वाराणसी पहुंचे मुख्यमंत्री मोहन यादव ने श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में दर्शन पूजन किया। इस दौरान उन्होंने मंदिर के एसओपी के बारे में भी जानकारी हासिल की। दर्शन पूजन के बाद यूपी-एमपी सहयोग सम्मेलन के उद्घाटन सत्र में पहुंचे सीएम ने कहा कि काशी विश्वनाथ धाम दुनिया के 7 पवित्र स्थानों में शामिल है और यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का कर्म क्षेत्र भी है। इसके साथ ही उनके नेतृत्व में देश भी निरंतर आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी के नेतृत्व में भारत उभरा है जो स्थिरता, संभावनाओं और भरोसे का प्रतीक है।
यूपी व एमपी साझा विरासत के साथ आगे बढ़ रहे: सीएम
मुख्यमंत्री ने कहा कि वाराणसी की तरह उज्जैन भी धार्मिक और सांस्कृतिक रूप से विशेष महत्व रखता है। पीएम मोदी ने दोनों शहरों के धार्मिक पर्यटन की बड़ी संभावनाओं को देखते हुए यहां के विकास कार्यों को तेज गति दी है और दोनों राज्यों के बीच भौगोलिक रिश्ते होने के साथ-साथ सांस्कृतिक, आध्यात्मिक और ऐतिहासिक संबंध भी रहे हैं। इसीलिए उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश साझा विरासत के साथ आगे बढ़ रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह सहयोग सम्मेलन भविष्य में संभावनाओं के आधार प्रदान करेगा।
मुख्यमंत्री ने मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश की औद्योगिक क्षमताओं, पारंपरिक शिल्प, जीआई टैग उत्पादों, समेत पर्यटन संभावनाओं को एक साझा मंच देने के उद्देश्य से आयोजित सहयोग सम्मेलन का उद्घाटन किया। इसके साथ ही विश्वनाथ मंदिर ट्रस्ट और महाकालेश्वर मंदिर ट्रस्ट तथा डीओपी के उत्पादों के लिए उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के बीच एक एमओयू भी किया गया है।
दोनों राज्य मुरैना में 2000 मेगावाट के सोलर एनर्जी प्रोजेक्ट पर काम कर रहे: सीएम
मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के संकल्प से मध्य प्रदेश ने लाल सलाम को आखिरी सलाम किया। यही वजह है कि मध्य प्रदेश अब नक्सल मुक्त हो चुका है। अब मध्य प्रदेश में भी विकास और औद्योगिक गतिविधियों का विस्तार होगा। उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश मिलकर मुरैना में 2000 मेगावाट के सोलर एनर्जी प्रोजेक्ट पर काम कर रहे हैं। इसके साथ ही मध्य प्रदेश में सिंहस्त के आयोजन के लिए हर तरह के प्रबंधन की तैयारी अभी चल रही है। प्रयागराज में आयोजित हुए ऐतिहासिक महाकुंभ की व्यवस्थाओं के अध्ययन से संघर्ष के बेहतर प्रबंधन इसके साथ ही विश्वनाथ मंदिर कॉरिडोर की व्यवस्थाओं से भी मदद मिलने की उम्मीद है।


