पाकिस्तान के दिग्गज बल्लेबाज फखर जमां, तेज गेंदबाज शाहीन शाह अफरीदी और जिम्बाब्वे के सिकंदर रजा ने लाहौर कलंदर्स और कराची किंग्स के बीच पाकिस्तान सुपर लीग के मैच के दौरान गेंद से छेड़खानी के आरोपों को खारिज किया है।
35 बरस के फखर को मैच रैफरी रोशन महानामा ने पीएसएल की खिलाड़ियों और सहयोगी स्टाफ के लिये आचार संहिता की धारा 2 . 14 के तहत लेवल तीन के अपराध का दोषी पाया था।
जमां को पीएसएल के अनुच्छेद 41.3 का उल्लंघन करते हुए पाया गया। यह अनुच्छेद गेंद की स्थिति को बदलने वाली किसी भी हरकत पर रोक लगाता है।
श्रीलंका के पूर्व क्रिकेटर के सामने पेश होकर जमां ने अपने ऊपर लगे आरोपों से इनकार किया।
यह आरोप कराची किंग्स की पारी के आखिरी ओवर से पहले का है जब उन्हें जीत के लिये 14 रन की जरूरत थी।
फखर को हारिस रऊफ और लाहौर कलंदर्स के कप्तान शाहीन शाह अफरीदी से बात करते देखा गया। इसके बाद अंपायर फैसल अफरीदी ने गेंद मांगी और उसे देखने के बाद पाया कि इससे छेड़छाड़ की गई है।
मैच रैफरी अगले 48 घंटे में फिर सुनवाई के बाद फैसला सुनायेंगे।
अंपायर ने गेंद से छेड़छाड़ के लिये लाहौर कलंदर्स पर पांच रन का जुर्माना लगाया जिससे कराची को आखिरी ओवर में नौ रन ही चाहिये थे जो उन्होने बना लिये।
अगर मैच रैफरी इस बात की पुष्टि कर देते हैं कि गेंद के साथ छेड़छाड़ की गई थी तो फखर और शायद लाहौर कलंदर्स की पूरी टीम को गंभीर सजा का सामना करना पड़ सकता है।
अफरीदी ने सोमवार को कहा कि उन्हें गेंद की हालत बदले जाने के बारे में कुछ भी पता नहीं था। उन्होंने कहा, ‘‘मुझे नहीं पता कि गेंद की हालत बदली थी या नहीं। लेकिन अंपायरों का फैसला देखकर निराशा हुई। ’’
वह लाहौर में एक अनुशासनात्मक सुनवाई के लिए मैच रैफरी महानामा के सामने भी पेश होंगे।
इसी तरह रजा ने भी गेंद के साथ छेड़छाड़ किए जाने के बारे में किसी भी जानकारी से इनकार किया। उन पर शनिवार को टीम होटल में अपने रिश्तेदारों को कमरे में लाकर पीएसएल के सुरक्षा नियमों को तोड़ने के लिए पहले से ही कार्रवाई चल रही है।
उन्होंने मैच के बाद प्रेस काफ्रेंस मे कहा, ‘‘मुझे नहीं पता कि गेंद के साथ छेड़छाड़ की गई थी या किसने की थी। मुझे इस बारे में कोई जानकारी नहीं है।


