वॉशिंगटन और नई दिल्ली के बीच हाल के कूटनीतिक संपर्कों ने वैश्विक राजनीति में नई हलचल पैदा कर दी है। अमेरिका और भारत के रिश्ते पहले से ही रणनीतिक रूप से मजबूत माने जाते हैं। इसी बीच खबर आई कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बीच ईरान संकट को लेकर महत्वपूर्ण बातचीत हुई है। इस बातचीत में टेस्ला और स्पेसएक्स के प्रमुख एलन मस्क की संभावित मौजूदगी को लेकर भी अटकलें तेज हो गई हैं, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज पर रहा मुख्य फोकस
रिपोर्ट के अनुसार, ट्रम्प और मोदी के बीच हुई इस बातचीत का मुख्य फोकस पश्चिम एशिया की बिगड़ती स्थिति, खासकर स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज रहा। यह जलमार्ग वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति का एक अहम केंद्र है, जहां से दुनिया के बड़े हिस्से का तेल परिवहन होता है। हाल के दिनों में ईरान से जुड़ी गतिविधियों के कारण इस क्षेत्र में तनाव बढ़ा है, जिससे अंतरराष्ट्रीय बाजारों और समुद्री यातायात पर असर पड़ने की आशंका है। भारत जैसे ऊर्जा आयातक देशों के लिए यह स्थिति चिंता का विषय बनी हुई है।
व्हाइट हाउस ने मस्क की मौजूदगी की पुष्टि नहीं की
इस हाई प्रोफाइल कॉल में एलन मस्क की कथित भागीदारी ने चर्चा को और रोचक बना दिया है। मीडिया रिपोर्ट्स में कहा गया कि दो अमेरिकी अधिकारियों ने इस बात का संकेत दिया, लेकिन व्हाइट हाउस ने इस पर न तो पुष्टि की और न ही खंडन किया। मस्क, जो एक प्राइवेट बिजनेस लीडर हैं, का इस तरह की रणनीतिक बातचीत में शामिल होना असामान्य माना जा रहा है। यह भी स्पष्ट नहीं है कि उन्होंने बातचीत में सक्रिय रूप से हिस्सा लिया या सिर्फ मौजूद थे। इससे यह सवाल उठता है कि क्या टेक और बिजनेस लीडर्स अब वैश्विक कूटनीति में बड़ी भूमिका निभा रहे हैं।
काफी प्रोडक्टिव रही बातचीत – व्हाइट हाउस की प्रेस सेक्रेटरी
व्हाइट हाउस की प्रेस सेक्रेटरी कैरोलिन लेविट ने कहा कि ट्रम्प और मोदी के बीच अच्छे संबंध हैं और यह बातचीत काफी प्रोडक्टिव रही। प्रधानमंत्री मोदी ने भी सोशल मीडिया पोस्ट में इस बात पर जोर दिया कि स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज को खुला और सुरक्षित रखना पूरी दुनिया के हित में है। दोनों नेताओं ने क्षेत्र में शांति और स्थिरता बनाए रखने के लिए लगातार संपर्क में रहने पर सहमति जताई। यह बातचीत ऐसे समय में हुई है जब वैश्विक स्तर पर ऊर्जा सुरक्षा और समुद्री मार्गों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ रही है।


