कानपुर में पेट्रोल खत्म होने की अफवाह ने गुरुवार देर रात अफरातफरी का माहौल पैदा कर दिया। कैंट, लालबंगला और चकेरी क्षेत्र के पेट्रोल पंपों पर अचानक बड़ी संख्या में वाहन चालक पहुंच गए। लोग अपनी गाड़ियों की टंकियां फुल कराने के लिए पंपों पर उमड़ पड़े, जिससे कई स्थानों पर लंबी कतारें लग गईं। हालात ऐसे हो गए कि कुछ जगहों पर जाम की स्थिति बन गई और यातायात भी प्रभावित हुआ। पंप कर्मचारियों को भीड़ संभालने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। हालांकि, बाद में प्रशासन ने स्पष्ट किया कि पेट्रोल की कोई कमी नहीं है और यह महज अफवाह है। अधिकारियों ने लोगों से अपील की कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करें।
सोशल मीडिया मैसेज से फैली दहशत
जानकारी के अनुसार, देर रात सोशल मीडिया पर एक संदेश तेजी से वायरल हो रहा था, जिसमें दावा किया गया था कि एलपीजी संकट के कारण पेट्रोल-डीजल की आपूर्ति बाधित हो सकती है। संदेश में यह भी कहा गया कि कुछ पेट्रोल पंपों पर ईंधन की बिक्री सीमित की जा सकती है तथा दक्षिण क्षेत्र के कुछ पंप अस्थायी रूप से बंद रहेंगे। इस संदेश के बाद लोगों में आशंका बढ़ गई और उन्होंने एहतियातन ईंधन भरवाना शुरू कर दिया।शाम होते-होते चकेरी क्षेत्र के कई पंपों पर भीड़ बढ़ने लगी, जो रात तक और ज्यादा हो गई। कई जगहों पर पंपों के बाहर वाहनों की लंबी लाइनें लग गईं। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पंप कर्मचारियों को अतिरिक्त इंतजाम करने पड़े।
प्रशासन ने अफवाहों को किया खारिज
पेट्रोल पंप संचालकों ने स्पष्ट किया कि शहर में पेट्रोल और डीजल की कोई कमी नहीं है और आपूर्ति सामान्य रूप से जारी है।वही इस संबंध में एडीएम आपूर्ति राजेश कुमार ने भी लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की। उन्होंने कहा कि ईंधन की पर्याप्त उपलब्धता है और किसी प्रकार की घबराहट की आवश्यकता नहीं है।प्रशासन ने नागरिकों से केवल आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करने का आग्रह किया है। साथ ही चेतावनी दी गई है कि अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है और आपूर्ति व्यवस्था सुचारू बनी हुई है।


