भारतीय वायु सेना की विश्व प्रसिद्ध सूर्य किरण एरोबेटिक टीम ने बुधवार को सुजानपुर के मैदान में एक अद्भुत एयर शो प्रस्तुत किया। दो दिवसीय इस कार्यक्रम में टीम के नौ हॉक एमके-132 जेट विमानों ने हैरतअंगेज कलाबाजियां दिखाईं। सुबह करीब 11 बजे शुरू हुआ यह एयर शो लगभग आधे घंटे तक चला। एयर फोर्स स्टेशन चंडीगढ़ और आदमपुर से उड़ान भरने के बाद इन विमानों ने सुजानपुर के मैदान के ऊपर कई फॉर्मेशन बनाए और दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। विश्व की चुनिंदा उत्कृष्ट एरोबेटिक टीमों में सूर्य किरण सूर्य किरण एरोबेटिक टीम एशिया की एकमात्र नौ विमानों वाली टीम है और इसे विश्व की चुनिंदा उत्कृष्ट एरोबेटिक टीमों में गिना जाता है। इस टीम ने भारत के विभिन्न शहरों के साथ-साथ चीन, श्रीलंका, म्यांमार, थाईलैंड, सिंगापुर और संयुक्त अरब अमीरात जैसे कई देशों में अंतरराष्ट्रीय एयर शो में भारतीय वायु सेना की पेशेवर उत्कृष्टता का प्रदर्शन किया है। इस अवसर पर सुजानपुर के विधायक कैप्टन रणजीत सिंह मौजूद रहे। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के भी आने का कार्यक्रम था, लेकिन किन्हीं कारणों से वे नहीं पहुंच सके। यह जानकारी विधायक कैप्टन रणजीत सिंह ने दी। छात्रों को विशेष रूप से एयर शो में बुलाया सुजानपुर और आसपास के विभिन्न स्कूलों के छात्रों को विशेष रूप से यह एयर शो देखने के लिए बुलाया गया था, जिनमें सैनिक स्कूल बनी के छात्र भी शामिल थे। यह कार्यक्रम गुरुवार को भी आयोजित किया जाएगा। हैरतअंगेज कलाबाजियों से मोहा मन सूर्य किरण टीम के नौ जहाजों ने विभिन्न फॉर्मेशन प्रस्तुत किए। इनमें धुएं से दिल का आकार बनाना, तिरंगे झंडे का आकार बनाना, उल्टा उड़ान भरना और जहाजों का एक-दूसरे को क्रॉस करना जैसी दिलकश और हैरतअंगेज कलाबाजियां शामिल थीं। जहाज के धुएं से भारत के झंडे का आकार बनाया कार्यक्रम के अंत में जहाजों की टीम ने सुजानपुर सैनिक स्कूल के पूर्व छात्र नमेष सयाल को श्रद्धांजलि दी। नमेष सयाल का निधन दुबई में एक एयर शो के दौरान तेजस फाइटर जेट के दुर्घटनाग्रस्त होने से हो गया था। टीम ने हवाई जहाज के धुएं से भारत के झंडे का आकार बनाकर उन्हें याद किया


