Rajasthan Royals to undergo an ownership change: IPL 2026 सीजन की शुरुआत से ठीक पहले क्रिकेट और बिजनेस जगत, दोनों में एक बड़ी उथल-पुथल सामने आई है। आईपीएल की पहली चैंपियन राजस्थान रॉयल्स अब नए मालिकों के हाथों में जाने वाली है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, अमेरिका स्थित उद्यमी कल सोमानी (Kal Somani) के नेतृत्व में एक कंसोर्टियम ने इस फ्रेंचाइजी को करीब 1.63 अरब डॉलर (लगभग 15,290 करोड़ रुपये) में खरीदने का समझौता किया है।
इस सौदे में वॉलमार्ट (Walmart) के वारिस रॉब वॉल्टन और अमेरिका की प्रतिष्ठित ‘हैंप फैमिली’ जैसे दिग्गज निवेशक भी शामिल हैं। आईपीएल के इतिहास में यह अब तक की सबसे बड़ी फ्रेंचाइजी सेल बन सकती है। हालांकि, इस सौदे की औपचारिक घोषणा अभी बाकी है और ओनरशिप में बदलाव आईपीएल 2026 सीजन की समाप्ति के बाद ही होने की संभावना है।
कौन होंगे नए मालिक
काल सोमानी (Kal Somani) एक अमेरिकी-भारतीय मूल के उद्योगपति हैं। वे दुनियाभर में टेक्निकल सर्विस मुहैया कराने वाली कंपनी ‘इंट्राएज’ के संस्थापक और सीईओ हैं। इसके अलावा वे डेटा प्राइवेसी प्लेटफॉर्म ‘ट्रूयो’ के भी सह-संस्थापक हैं। स्पोर्ट्स बिजनेस में उनकी पहचान पहले से है। टाइगर वुड्स और रोरी मैक्लरॉय ने ‘टीजीएल गोल्फ लीग’ नामक एक लीग शुरू की थी, जिसमें काल ‘मोटर सिटी गोल्फ क्लब’ के सह-मालिक हैं।
इस आईपीएल फ्रैंचाइजी डील में उनके साथ खड़े हैं रॉब वॉल्टन, जो वॉलमार्ट के संस्थापक सैम वॉल्टन के बड़े बेटे हैं और ‘डेनवर ब्रोंकोस एनएफएल’ टीम के मालिक भी हैं। फरवरी 2026 तक उनकी अनुमानित कुल संपत्ति 145 अरब डॉलर से अधिक बताई गई है।
इसके अलावा, ‘अमेरिकी डेट्रॉइट लायंस’ (एनएफएल) से जुड़ी हैंप फैमिली भी इस कंसोर्टियम का हिस्सा है। यह गठजोड़ दर्शाता है कि अमेरिकी स्पोर्ट्स इन्वेस्टर्स की नजर अब भारतीय क्रिकेट के बाजार पर भी है।
क्रिकेट जगत की अब तक की सबसे महंगी फ्रैंचाइजी बिक्री
राजस्थान रॉयल्स की यह संभावित बिक्री क्रिकेट फ्रेंचाइजी के कारोबार में एक नया कीर्तीमान स्थापित कर सकती है। इससे पहले लखनऊ सुपर जाइंट्स 2021 में लगभग 7,090 करोड़ रुपये (करीब 94.5 करोड़ डॉलर) में खरीदी गई थी, जो उस समय का रिकॉर्ड था। गुजरात टाइटंस में 2024 में टोरेंट ग्रुप ने 67 प्रतिशत हिस्सेदारी लगभग 83.3 करोड़ डॉलर में हासिल की थी। इंग्लैंड की द हंड्रेड लीग में ‘लंदन स्पिरिट’ की कीमत बिक्री के समय लगभग 37 करोड़ डॉलर आंकी गई थी। आरसीबी की बिक्री की प्रक्रिया भी इस समय जारी होने की खबरें हैं, जहां वैल्यूएशन करीब 2 अरब डॉलर तक पहुंचने की बात है।
इसी संबंध में सीनियर कमेंटेटर और विशेषज्ञ हर्षा भोगले ने 24 मार्च को सोशल मीडिया एक्स पर पोस्ट में लिखा कि राजस्थान रॉयल्स की 1.63 अरब डॉलर की बिक्री को अगर लंदन स्पिरिट के 37 करोड़ डॉलर के मूल्यांकन से तुलना करें तो यह सौदा दुनियाभर में क्रिकेट की बढ़ती व्यावसायिक ताकत को दर्शाता है।
टीम मौजूदा मैनेजमेंट के साथ ही खेलेगी आगामी सीजन
ओनरशिप ट्रांसफर करने की प्रक्रिया तत्काल लागू नहीं होगी। बीसीसीआई के नियमों के अनुसार, किसी भी फ्रेंचाइजी की ओनरशिप में बदलाव से पहले बोर्ड की मंजूरी लेना जरूरी होता है, जो अक्टूबर 2026 में बीसीसीआई की सालाना जनरल मीटिंग (एजीएम) से पहले संभव नहीं होगी। इसका सीधा मतलब है कि आईपीएल 2026 सीजन राजस्थान रॉयल्स के मौजूदा मैनेजमेंट के तहत ही खेला जाएगा।
गौरतलब है कि यह टीम 2008 में सिर्फ 6.7 करोड़ डॉलर में खरीदी गई थी। यानी पिछले 17 सालों में इसकी कीमत 24 गुना से भी ज्यादा बढ़ गई है।


