सोनीपत जिला प्रशासन को नया नेतृत्व मिल गया है। 2015 बैच की आईएएस अधिकारी नेहा सिंह ने उपायुक्त के रूप में कार्यभार संभालते ही स्पष्ट कर दिया कि उनकी प्राथमिकता जनकल्याणकारी योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना और आमजन की समस्याओं का त्वरित समाधान करना होगी। अपने पूर्व प्रशासनिक अनुभव और कार्यशैली के लिए जानी जाने वाली नेहा सिंह ने पदभार ग्रहण करते ही अधिकारियों को जवाबदेही, पारदर्शिता और संवेदनशीलता के साथ काम करने के निर्देश दिए। उनके नेतृत्व में जिले में विकास कार्यों को नई दिशा और गति मिलने की उम्मीद जताई जा रही है। जनकल्याण योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर जोर
उपायुक्त नेहा सिंह ने कहा कि सरकार की योजनाओं का लाभ निर्धारित समय सीमा में हर पात्र व्यक्ति तक पहुंचाना उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता रहेगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि योजनाओं का सही और पारदर्शी क्रियान्वयन सुनिश्चित करना प्रशासन की अहम जिम्मेदारी है।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि आमजन की समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर त्वरित और प्रभावी समाधान किया जाए। किसी भी स्तर पर लापरवाही या ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
प्रशासन की जिम्मेदारी सिर्फ योजनाएं बनाना नहीं
नेहा सिंह ने कहा कि प्रशासन का कार्य केवल योजनाएं बनाना नहीं, बल्कि उन्हें जमीन पर सही तरीके से लागू करना भी है। उन्होंने कहा कि अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना ही प्रशासन की वास्तविक सफलता है।
इससे पहले नेहा सिंह पलवल और कुरुक्षेत्र में उपायुक्त के रूप में अपनी सेवाएं दे चुकी हैं। वहां उन्होंने पारदर्शिता, कुशल प्रबंधन और जनहितकारी कार्यों के प्रभावी क्रियान्वयन से अपनी अलग पहचान बनाई।
टीम भावना से काम करने का आह्वान
उपायुक्त ने अधिकारियों से टीम भावना के साथ कार्य करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि सभी विभागों के समन्वय से ही जिला प्रशासन जनता की अपेक्षाओं पर खरा उतर सकता है और सोनीपत को विकास की नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया जा सकता है।
कई प्रशासनिक अधिकारी रहे मौजूद
इस अवसर पर अतिरिक्त उपायुक्त लक्षित सरीन, एसडीएम गोहाना अंजलि श्रोत्रिय, एसीयूटी योगेश दिल्हौर (आईएएस), एसडीएम सोनीपत सुभाष चंद्र, एसडीएम खरखौदा डॉ. निर्मल नागर, एसडीएम गन्नौर प्रवेश कादियान, नगराधीश डॉ. अनमोल सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।


