West Bengal Politics News: हुमायूं कबीर ने बड़ा दावा किया है कि आने वाले दिनों में बंगाल में मुस्लिम डिप्टी चीफ मिनिस्टर बनेगा। मैं मुसलमानों का नेतृत्व करूंगा।
West Bengal Assembly Election: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 से पहले राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। जनता उन्नयन पार्टी (JUP) के संस्थापक और निलंबित तृणमूल कांग्रेस विधायक हुमायूं कबीर ने बड़ा दावा किया है कि आने वाले दिनों में बंगाल में मुस्लिम डिप्टी चीफ मिनिस्टर बनेगा। उन्होंने कहा, ‘मैंने सरकार बनाने के लिए पार्टी रजिस्टर की है। मैं मुसलमानों का नेतृत्व करूंगा। आने वाले दिनों में बंगाल विधानसभा में डिप्टी सीएम मुस्लिम होगा।’
तृणमूल कांग्रेस पर लगाए गंभीर आरोप
कबीर ने तृणमूल कांग्रेस पर मुस्लिम समुदाय को पर्याप्त प्रतिनिधित्व न देने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, ‘तृणमूल डर गई है। उन्होंने एससी, ओबीसी और आदिवासियों को अच्छी जगह दी है, लेकिन 2011 की तुलना में 2016 में मुस्लिम उम्मीदवार कम थे, 2021 में और कम, और 2026 में सबसे कम। उन्हें पता चल गया है कि मुसलमान उनके लिए वोट नहीं करेंगे, इसलिए टिकट नहीं दे रहे।’
ममता बनर्जी की पार्टी को नहीं देंगे समर्थन
उन्होंने स्पष्ट किया कि उनकी पार्टी तृणमूल को सरकार बनाने में समर्थन नहीं देगी। कबीर ने कहा, हम सरकार बनाने के लिए पार्टी लॉन्च की है। उन्हें समर्थन क्यों देंगे? उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस में भविष्यवाणी की कि वे दो सीटों से चुनाव लड़ेंगे और जीतेंगे। मुस्लिम बहुल मुर्शिदाबाद जिले की रेजिनगर सीट से 80,000 वोटों से और नाओदा से 30,000-40,000 वोटों से जीत का दावा किया। उन्होंने कहा कि मैं एक सीट रिजर्व करूंगा, बाद में एक छोड़ दूंगा।
सीएम बनर्जी के सामने उतारेंगे गैर-बंगाली मुस्लिम उम्मीदवार
भवनपुर सीट पर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और विपक्ष के नेता शुवेंदु अधिकारी के बीच मुकाबले का जिक्र करते हुए कबीर ने कहा कि भवनपुर में क्या होगा, बटन दबने के बाद पता चलेगा। वहां मेरा उम्मीदवार गैर-बंगाली मुस्लिम होगा।
182 सीटों पर उम्मीदवार उतारेगी हुमायूं की पार्टी
हुमायूं कबीर को पिछले साल 4 दिसंबर को तृणमूल से निलंबित किया गया था, जब उन्होंने मुर्शिदाबाद में बाबरी मस्जिद की प्रतिकृति बनाने का प्रस्ताव रखा था। बाद में उन्होंने जनता उन्नयन पार्टी बनाई। पिछले साल उन्होंने घोषणा की थी कि उनकी पार्टी 182 सीटों पर चुनाव लड़ेगी।
दो चरणों में होंगे चुनाव
चुनाव दो चरणों में होंगे: 23 अप्रैल और 29 अप्रैल 2026 को मतदान, जबकि 4 मई को नतीजे आएंगे। कबीर के दावों से तृणमूल में टेंशन बढ़ गई है, क्योंकि मुस्लिम वोट बैंक उनका मजबूत आधार रहा है। विश्लेषकों का कहना है कि कबीर की पार्टी मुस्लिम वोटों को बांट सकती है, जिससे भाजपा को फायदा हो सकता है।


