मुरादाबाद के डीआईजी मुनिराज ने संभल में पुलिस अधीक्षक कार्यालय और दो थानों का वार्षिक निरीक्षण किया। अपने दो दिवसीय दौरे के दौरान उन्होंने ईद के त्यौहार को लेकर पुलिस को अलर्ट जारी किया और कानून-व्यवस्था की समीक्षा की। डीआईजी ने संभल पुलिस के कार्य को संतोषजनक बताया और कहा कि एसपी के नेतृत्व में टीम अच्छा काम कर रही है। मंगलवार शाम 7 बजे डीआईजी मुनिराज के दो दिवसीय वार्षिक निरीक्षण का समापन हुआ। उन्होंने पीडब्ल्यूडी गेस्ट हाउस में पुलिस अधिकारियों के साथ बैठक की, जिसमें वार्षिक निरीक्षण और ईद के त्यौहार की तैयारियों पर चर्चा हुई। डीआईजी ने निर्देश दिए कि ईद का त्योहार अच्छे माहौल में मनाया जाए और सभी संवेदनशील स्थानों पर पुलिस बल तैनात रहेगा। उन्होंने गैर-परंपरागत या नए काम न करने के सख्त निर्देश दिए, जिससे किसी भी तरह के विवाद की स्थिति उत्पन्न न हो। डीआईजी मुनिराज सोमवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय बहजोई पहुंचे थे। मंगलवार को उन्होंने सुबह 11 बजे संभल कोतवाली का तीन घंटे और उसके बाद थाना हज़रतनगर गढ़ी का दो घंटे निरीक्षण किया। उन्होंने पुलिस व्यवस्था, रिकॉर्ड रखरखाव और कानून-व्यवस्था की स्थिति पर संतोष व्यक्त किया। दो दिवसीय निरीक्षण के दौरान पुलिस लाइन, एसपी कार्यालय और थाना कोतवाली का गहन जायजा लिया गया, जहां अधिकांश व्यवस्थाएं बेहतर पाई गईं। डीआईजी ने बताया कि पुलिस लाइन में परेड का प्रदर्शन उत्कृष्ट रहा। जीडी स्टोर, मेस, बैरक और एमटी सेक्शन सहित सभी शाखाओं का निरीक्षण किया गया, जहां रजिस्टरों का रखरखाव और साफ-सफाई संतोषजनक पाई गई। उन्होंने एसएचओ के साथ बैठक कर पिछले एक साल के अपराध आंकड़ों की समीक्षा की। डीआईजी ने बताया कि जनपद में अपराध नियंत्रण की स्थिति सामान्य रही है और लगभग 80 प्रतिशत मामलों का निस्तारण किया जा चुका है। शेष मामलों को जल्द निपटाने के निर्देश दिए गए हैं। एसपी कार्यालय के निरीक्षण में अकाउंट, विशेष जांच शाखा और डीसीआरबी में रिकॉर्ड्स का रखरखाव बेहतर पाया गया। ई-ऑफिस प्रणाली के तहत कार्यों को और प्रभावी बनाने के निर्देश दिए गए। डीआईजी ने जनसुनवाई व्यवस्था और उसके ट्रैकिंग सिस्टम की भी सराहना की। थाना कोतवाली निरीक्षण के दौरान साफ-सफाई और दस्तावेज प्रबंधन अच्छा पाया गया, हालांकि मालखाने में खड़ी सीज व लावारिस गाड़ियों के शीघ्र निस्तारण के निर्देश दिए गए। बीट कांस्टेबलों की सक्रियता, मिशन शक्ति और साइबर हेल्प डेस्क के कार्यों को भी सराहा गया। डीआईजी ने बताया कि ‘X-App’ के जरिए अपराधियों का डिजिटल डाटा, फोटो और सत्यापन तेजी से किया जा रहा है, जिससे पुलिसिंग और मजबूत होगी।


