लुधियाना के गांव टिब्बा साहनेवाल में इंसानियत को शर्मसार करने वाला एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहां एक शख्स ने अपने निजी स्वार्थ के लिए एक मंदबुद्धि व्यक्ति को पिछले दो साल से नरक भरी जिंदगी जीने पर मजबूर कर रखा था। आरोपी युवक से पशुओं का गोबर उठवाने और कूड़ा साफ करवाने जैसा बंधुआ मजदूरी का काम करवाता था। गुप्त सूचना पर संस्था ने मारा छापा मामले का खुलासा तब हुआ जब धन-धन बाबा रतन देव जी चैरिटेबल सोसाइटी तरनतारन के प्रधान जगजीत सिंह को इस जुल्म की गुप्त सूचना मिली। जगजीत सिंह ने बताया कि उन्हें खबर मिली थी कि गांव टिब्बा में भोलू खान नामक व्यक्ति ने एक बेसहारा मंदबुद्धि युवक को अवैध रूप से बंदी बनाकर रखा है। रेड के दौरान हुआ चौंकाने वाला खुलासा 22 फरवरी 2026 को संस्था के सदस्यों ने जब भोलू खान के डेरे पर रेड की तो वहां के हालात देख सबकी रूह कांप गई। आरोपी भोलू खान उसके बेटे रहमत अली और सदीक खान ने उस मासूम मंदबुद्धि को अपनी चंगुल में जकड़ा हुआ था और उससे जबरन मजदूरी करवा रहे थे। संस्था ने तुरंत उसे वहां से आजाद करवाया। फेसबुक पोस्ट ने मिलाया बिछड़े परिवार से
आजाद करवाने के बाद युवक की पहचान इम्तियाज के रूप में हुई। संस्था ने उसकी फोटो और आपबीती सोशल मीडिया (फेसबुक) पर वायरल की। देखते ही देखते यह पोस्ट युवक की मां बीबी जेहर तक जा पहुँची। अपने कलेजे के टुकड़े को इस हाल में देख मां का रो-रोकर बुरा हाल है।जिसके बाद इसके शिकायत पुलिस को दी गई पुलिस की कार्रवाई: केस दर्ज थाना साहनेवाल पुलिस ने इस मामले में आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई शुरू कर धाराएं: 127(2) BNS और 3(5) (बंधक बनाना और साजिश रचना के आरोप पर भोलू खान, रहमत अली और सदीक खान। पर मामला दर्ज कर लिया है


