अयोध्या के मिल्कीपुर विधानसभा क्षेत्र के कहुआ गांव में चल रही सात दिवसीय श्रीमद् भागवत कथा के पांचवें दिन अंतरराष्ट्रीय कथावाचक शिवम शुक्ला ने एक विवादित बयान दिया। उन्होंने व्यास पीठ से श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए हिंदू लड़कों और लड़कियों को मुस्लिम लड़कों और लड़कियों से दोस्ती न करने की सलाह दी। अयोध्या के महापौर गिरीश पति त्रिपाठी भी कथा स्थल पर मौजूद थे। शिवम शुक्ला ने हिंदू समाज से अपनी शिक्षा व्यवस्था और बच्चों के संस्कारों पर विशेष ध्यान देने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि समाज को जागरूक रहकर अपनी परंपराओं और धार्मिक मूल्यों की रक्षा करनी चाहिए। कथावाचक ने स्पष्ट रूप से कहा, “हम कथा व्यासपीठ से आप लोगों से अनुग्रह करते हैं कि हिंदू लड़के और लड़कियां मुस्लिम लड़कों और लड़कियों से दोस्ती कतई ना करें। महापौर अयोध्या धाम गिरीश पति त्रिपाठी ने कथा का श्रवण करने के बाद श्रद्धालुओं को संबोधित किया। उन्होंने कथा वाचकों की ओर से परंपरा, संस्कृति और कथा शैली के सुंदर समन्वय की सराहना की और कहा कि अयोध्या का आध्यात्मिक जगत नए कथा वाचकों से बड़ी उम्मीदें रखता है। महापौर ने बताया कि इस कथा का आयोजन रोहित तिवारी ने किया है और उनकी माता मुख्य यजमान हैं। उन्होंने आयोजन को क्षेत्र के संस्कार और आध्यात्मिक जागरण के लिए महत्वपूर्ण बताया। अपने संबोधन में महापौर ने मनुष्य शरीर के पंचतत्वों से बने होने और अंततः इन्हीं में विलीन होने की बात कही। उन्होंने भगवान के अस्तित्व को सृष्टि का आधार बताया और मुक्ति की ओर बढ़ने पर जोर दिया। कथा के पांचवें दिन भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं, माखन चोरी और गोवर्धन पूजा का भावपूर्ण वर्णन किया गया, जिसे सुनकर श्रद्धालु भावविभोर हो उठे। कथा स्थल पर हजारों की संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।


