झारखंड के गिरिडीह से भटककर आए लगभग 25 हाथियों का एक झुंड रविवार को जमुई जिले के इकेरिया और अड़सार गांव के बीच पहुंच गया। इस झुंड ने खेतों में लगी गेहूं की फसल को रौंदकर भारी नुकसान पहुंचाया है। हाथियों को देखकर भागने के दौरान एक व्यक्ति गिरकर घायल हो गया, जिससे उसका पैर टूट गया। घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन अलर्ट हो गया। हाथियों का झुंड गिरिडीह से भटककर जमुई पहुंचा
सदर एसडीओ सौरव कुमार वन विभाग की टीम के साथ मौके पर पहुंचे। टीम हाथियों को सुरक्षित तरीके से जंगल की ओर मोड़ने के लिए आग का लुक्का जलाकर निगरानी कर रही है। हाथियों का झुंड गिरिडीह से भटककर जमुई पहुंचा एसडीओ सौरव कुमार ने बताया कि उन्होंने वन विभाग के डीएफओ तेजस जायसवाल से बात की है। डीएफओ के अनुसार, यह हाथियों का झुंड गिरिडीह से भटककर जमुई पहुंचा है। झुंड में एक हाथी का बच्चा भी शामिल है, जो गर्मी के कारण दिन में ज्यादा चल नहीं पाता। मजिस्ट्रेट के साथ अधिकारियों को भी तैनात किया
संभावना जताई जा रही है कि रात होते ही हाथियों का झुंड उसी रास्ते से वापस निकल जाएगा, जिस रास्ते से वह आया है। प्रशासन ने एहतियात के तौर पर आसपास के ग्रामीणों से हाथियों के पास न जाने और भीड़ न लगाने की अपील की है। सुरक्षा के मद्देनजर इकेरिया और अड़सार गांव में मजिस्ट्रेट के साथ अधिकारियों को भी तैनात किया गया है। झारखंड के गिरिडीह से भटककर आए लगभग 25 हाथियों का एक झुंड रविवार को जमुई जिले के इकेरिया और अड़सार गांव के बीच पहुंच गया। इस झुंड ने खेतों में लगी गेहूं की फसल को रौंदकर भारी नुकसान पहुंचाया है। हाथियों को देखकर भागने के दौरान एक व्यक्ति गिरकर घायल हो गया, जिससे उसका पैर टूट गया। घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन अलर्ट हो गया। हाथियों का झुंड गिरिडीह से भटककर जमुई पहुंचा
सदर एसडीओ सौरव कुमार वन विभाग की टीम के साथ मौके पर पहुंचे। टीम हाथियों को सुरक्षित तरीके से जंगल की ओर मोड़ने के लिए आग का लुक्का जलाकर निगरानी कर रही है। हाथियों का झुंड गिरिडीह से भटककर जमुई पहुंचा एसडीओ सौरव कुमार ने बताया कि उन्होंने वन विभाग के डीएफओ तेजस जायसवाल से बात की है। डीएफओ के अनुसार, यह हाथियों का झुंड गिरिडीह से भटककर जमुई पहुंचा है। झुंड में एक हाथी का बच्चा भी शामिल है, जो गर्मी के कारण दिन में ज्यादा चल नहीं पाता। मजिस्ट्रेट के साथ अधिकारियों को भी तैनात किया
संभावना जताई जा रही है कि रात होते ही हाथियों का झुंड उसी रास्ते से वापस निकल जाएगा, जिस रास्ते से वह आया है। प्रशासन ने एहतियात के तौर पर आसपास के ग्रामीणों से हाथियों के पास न जाने और भीड़ न लगाने की अपील की है। सुरक्षा के मद्देनजर इकेरिया और अड़सार गांव में मजिस्ट्रेट के साथ अधिकारियों को भी तैनात किया गया है।


