रेवाड़ी के जखाला गांव में धौली (दान/गिफ्ट) की 18 कनाल जमीन दो परिवारों को कानून के पंजे में फंसा दिया। धौली की जमीन पर दोनों परिवारों का कब्जा बताया जा रहा है। इस जमीन पर एक परिवार बोर्ड लगाना चाहता था। दूसरा पक्ष इसके खिलाफ था। जिसे लेकर दोनों परिवारों में विवाद बना हुआ था। 11 मार्च को दोनों परिवार फिर आमने सामने आए। इसी विवाद में 24 घंटे में एक पक्ष के खिलाफ SC/ST और दूसरे पक्ष को आत्महत्या के लिए विवश करने का केस दर्ज हो गया। पिता को खोने के बाद बोला बेटा, मैं… पिता कपिल देव की मौत के बाद दैनिक भास्कर एप ने बेटे लव यादव से कई बार के प्रयास के बाद संपर्क हुआ। फोन पर रूद्धे गले से लव यादव ने कहा कि सर पिछले कई वर्षों से हमारा विवाद है। मैं खुद अस्पताल में पड़ा हूं। अभी मैं उस स्थिति में नहीं कि आपको कुछ बता पाऊं। यदि आपको कुछ जानना है तो आप एफआईआर निकलवा लिजिए। अब कानून के शिकंजे में दोनों परिवार धौली की जमीन दोनों परिवारों में वर्षों से विवाद का बना है। खेतों में रह रहे दोनों परिवारों का गिफ्ट में मिली जमीन पर कब्जा है। 11 मार्च को एक बार फिर दोनों परिवार आमने-सामने आए। 80 वर्षीय एससी बुजुर्ग बलबीर सिंह की शिकायत पर कोसली पुलिस ने कपिल देव, उसकी पत्नी, बेटे, मां और भाभी के खिलाफ एससी/एसटी का केस दर्ज किया। इससे आहत कपिल देव ने पेड़ पर फंदा लगाकर रात को अपनी जान दे दी। 14 मार्च को परिवार को घटना का पता चला। कपिल देव ने सुसाइड नोट में बलवीर व उसके परिवार को अपनी मौत के लिए जिम्मेदार ठहराया। अभी सुसाइड नोट तो सामने नहीं आया है, परंतु उसमें भी बलबीर सिंह सहित पांच लोगों के नाम बताए जा रहे हैं। एक परिवार को एससी/ एसटी और दूसरे परिवार को आत्महत्या के लिए विवश करने के केस में फंसा दिया। अब दूसरे पक्ष के खिलाफ केस दर्ज कोसली थाना प्रभारी मनोज कुमार ने बताया कि दोनों परिवारों का धौली की जमीन पर कब्जा है। 11 मार्च को दोनों पक्षों में विवाद हुआ। शिकायत मिलने पर कपिल देव सहित परिवार के पांच लोगों के खिलाफ बीएनएस की एससी/एसटी सहित विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज किया था। एक आरोपी ने सुसाइड नोट लिखकर सुसाइड कर लिया। सुसाइड नोट के आधार पर दूसरे पक्ष के खिलाफ आत्महत्या के लिए विवश करने का केस दर्ज किया है। अब मामले की जांच के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।


