बेतिया सिविल कोर्ट में राष्ट्रीय लोक अदालत शुरू:जज अनामिका टी ने किया उद्घाटन, बिजली बिल-बैंक लोन समेत कई मामलों की सुनवाई

बेतिया सिविल कोर्ट में राष्ट्रीय लोक अदालत शुरू:जज अनामिका टी ने किया उद्घाटन, बिजली बिल-बैंक लोन समेत कई मामलों की सुनवाई

बेतिया सिविल कोर्ट परिसर में शनिवार को राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। यह इस वर्ष की पहली लोक अदालत है, जिसका शुभारंभ 14 मार्च को दीप प्रज्वलित कर किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह जिला विधिक सेवा प्राधिकार की अध्यक्ष अनामिका टी ने किया। इस अवसर पर जिला पदाधिकारी तरुणजोत सिंह, सदर डीएसपी, अन्य न्यायिक पदाधिकारी और बैंक प्रतिनिधि भी उपस्थित रहे। राष्ट्रीय लोक अदालत में बिजली बिल, बैंक ऋण, मोटर दुर्घटना दावा, पारिवारिक विवाद, चेक बाउंस और आपराधिक सुलह योग्य मामलों सहित विभिन्न लंबित मामलों की सुनवाई की जा रही है। आपसी सहमति से विवादों का समाधान होता है
यहां वादी और प्रतिवादी दोनों पक्षों को एक मंच पर बैठाकर आपसी सहमति से मामलों का त्वरित और सौहार्दपूर्ण निपटारा कराया जा रहा है। लोक अदालत का मुख्य उद्देश्य लोगों को कम खर्च और कम समय में सरल एवं सुलभ न्याय उपलब्ध कराना है। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश अनामिका टी ने लोक अदालत को न्याय व्यवस्था का एक प्रभावी और मानवीय माध्यम बताया। उन्होंने कहा कि यहां आपसी सहमति से विवादों का समाधान होता है, जिससे न्यायालयों में लंबित मामलों की संख्या कम होती है और पक्षकारों को शीघ्र न्याय मिलता है। बड़ी संख्या में वादकारी उपस्थित रहे
न्यायाधीश अनामिका टी ने लोगों से अपील की कि वे अधिक से अधिक संख्या में लोक अदालत में आकर अपने मामलों का निपटारा कराएं और इस व्यवस्था का लाभ उठाएं। लोक अदालत सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक आयोजित की जाएगी। सिविल कोर्ट परिसर में विभिन्न बेंच बनाकर मामलों की सुनवाई की जा रही है। इस अवसर पर जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव अमरेंद्र कुमार राज, न्यायिक पदाधिकारी, अधिवक्ता, बैंक प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में वादकारी उपस्थित रहे। बेतिया सिविल कोर्ट परिसर में शनिवार को राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। यह इस वर्ष की पहली लोक अदालत है, जिसका शुभारंभ 14 मार्च को दीप प्रज्वलित कर किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह जिला विधिक सेवा प्राधिकार की अध्यक्ष अनामिका टी ने किया। इस अवसर पर जिला पदाधिकारी तरुणजोत सिंह, सदर डीएसपी, अन्य न्यायिक पदाधिकारी और बैंक प्रतिनिधि भी उपस्थित रहे। राष्ट्रीय लोक अदालत में बिजली बिल, बैंक ऋण, मोटर दुर्घटना दावा, पारिवारिक विवाद, चेक बाउंस और आपराधिक सुलह योग्य मामलों सहित विभिन्न लंबित मामलों की सुनवाई की जा रही है। आपसी सहमति से विवादों का समाधान होता है
यहां वादी और प्रतिवादी दोनों पक्षों को एक मंच पर बैठाकर आपसी सहमति से मामलों का त्वरित और सौहार्दपूर्ण निपटारा कराया जा रहा है। लोक अदालत का मुख्य उद्देश्य लोगों को कम खर्च और कम समय में सरल एवं सुलभ न्याय उपलब्ध कराना है। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश अनामिका टी ने लोक अदालत को न्याय व्यवस्था का एक प्रभावी और मानवीय माध्यम बताया। उन्होंने कहा कि यहां आपसी सहमति से विवादों का समाधान होता है, जिससे न्यायालयों में लंबित मामलों की संख्या कम होती है और पक्षकारों को शीघ्र न्याय मिलता है। बड़ी संख्या में वादकारी उपस्थित रहे
न्यायाधीश अनामिका टी ने लोगों से अपील की कि वे अधिक से अधिक संख्या में लोक अदालत में आकर अपने मामलों का निपटारा कराएं और इस व्यवस्था का लाभ उठाएं। लोक अदालत सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक आयोजित की जाएगी। सिविल कोर्ट परिसर में विभिन्न बेंच बनाकर मामलों की सुनवाई की जा रही है। इस अवसर पर जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव अमरेंद्र कुमार राज, न्यायिक पदाधिकारी, अधिवक्ता, बैंक प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में वादकारी उपस्थित रहे।  

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