CG Assembly: छत्तीसगढ़ विधानसभा के प्रश्नकाल में कबीरधाम जिले से जुड़े कई अहम मुद्दे जोरदार तरीके से उठे। पंडरिया विधायक भावना बोहरा ने किसान क्रेडिट कार्ड, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना, पर्यटन विकास, आदिवासी युवाओं के रोजगार और शिक्षा सुविधाओं से जुड़े प्रश्नों के माध्यम से जिले की जमीनी स्थिति को सदन के सामने रखा।
सरकारी जवाबों में सामने आए आंकड़ों ने जहां योजनाओं की वास्तविक तस्वीर उजागर की, वहीं कई क्षेत्रों में विकास की धीमी गति भी सामने आई। स्कूल शिक्षा विभाग के बजट पर चर्चा के दौरान विधायक भावना बोहरा ने पंडरिया विधानसभा क्षेत्र में शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की आवश्यकता पर जोर दिया।
पंडरिया विधायक बोहरा ने कहा कि ग्रामीण, वनांचल और आदिवासी क्षेत्रों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए स्कूलों के बुनियादी ढांचे को सुदृढ़ करना जरूरी है। उन्होंने क्षेत्र में हाई स्कूलों को हायर सेकेंडरी में उन्नत करने, नए स्कूल भवनों के निर्माण, कन्या हाई स्कूल की स्थापना और छात्राओं के लिए जर्जर शौचालयों की मरम्मत व नई सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए बजट में विशेष प्रावधान की मांग रखी।
आश्चर्य: मात्र एक पर्यटन
विधानसभा में पूछे गए प्रश्न के जवाब में पर्यटन विभाग ने चौंकाने वाली जानकारी दी। मंत्री राजेश अग्रवाल ने लिखित उत्तर में बताया कि पंडरिया विधानसभा क्षेत्र में छत्तीसगढ़ पर्यटन बोर्ड द्वारा केवल एक पर्यटन स्थल पारस नगर बकेला को चिन्हित किया गया है। सबसे अहम तथ्य यह रहा कि वित्तीय वर्ष 2024-25 और 2025-26 में पर्यटन विकास, सौंदर्यीकरण या संरक्षण के लिए एक भी रुपए की राशि स्वीकृत नहीं की गई है।
इसके अलावा वनांचल क्षेत्र कुकदुर के ग्राम भैंसाउदार जलप्रपात को भी अब तक पर्यटन स्थल के रूप में चिन्हित नहीं किया गया है। विभाग के अनुसार नए पर्यटन स्थलों के लिए जिला प्रशासन से प्रस्ताव मांगे गए हैं और प्रस्ताव मिलने के बाद मापदंडों के आधार पर निर्णय लिया जाएगा।
आदिवासी युवाओं के रोजगार की सीमित तस्वीर
आदिवासी युवाओं के स्वरोजगार और आजीविका योजनाओं के संबंध में पूछे गए प्रश्न के जवाब में आदिम जाति विकास मंत्री रामविचार नेताम ने बताया कि आदिवासी स्वरोजगार बैंक प्रवर्तित योजना, बीएससी नर्सिंग में नि:शुल्क अध्ययन, हॉस्पिटैलिटी एवं होटल मैनेजमेंट प्रशिक्षण और नि:शुल्क वाहन चालक प्रशिक्षण जैसी योजनाएं संचालित की जा रही हैं। हालांकि आंकड़े बताते हैं कि वित्तीय वर्ष 2024-25 में पंडरिया विधानसभा क्षेत्र में केवल 14 और कवर्धा विधानसभा क्षेत्र में 29, इस प्रकार कुल 43 आदिवासी युवा ही इन योजनाओं से लाभान्वित हो पाए।
किसान क्रेडिट कार्ड और फसल बीमा के आंकड़े
किसानों से जुड़े मुद्दों पर भी विधायक ने प्रश्न उठाए। सरकार के अनुसार 31 दिसंबर 2025 तक कबीरधाम जिले में किसान क्रेडिट कार्ड योजना से 1 लाख 14 हजार 992 किसान जुड़े हुए हैं। वर्ष 2024-25 में 96 हजार 662 और 2025-26 में 99 हजार 227 किसानों ने कृषि ऋण के लिए आवेदन कर लाभ प्राप्त किया है। विभाग के अनुसार फिलहाल कोई आवेदन लंबित नहीं है।प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के आंकड़े भी सामने आए। वर्ष 2025-26 में जिले से 5 लाख 8388 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें से 4 लाख 99 हजार 537 आवेदन स्वीकृत किए गए जबकि 191 आवेदन अपात्र पाए गए।


