रामगंजमंडी (कोटा). नगर की विशिष्ठ श्रेणी की कृषि उपज मंडी में शुक्रवार को धनिया की आवक 35 हजार बोरी तक हुई, जिसमें से 32 हजार का कारोबार हुआ। तीन हजार बोरी नीलामी में नहीं बिक पाई। सरसों की आवक सिमट कर महज 3 से साढ़े 3 हजार बोरी तक पहुंची। वहीं चना डेढ़ से दो हजार बोरी ही आया। मंडी में जब गेट बंद हुए उस समय 40 हजार बोरी जिन्स थी और एफ लाइन वाले हिस्से में सरसों का उठाव होने के बाद जगह खाली थी।
26 हजार रुपए क्विंटल बिका धनिया
मंडी में सर्वाधिक 26 हजार रुपए क्विंटल तक बेस्ट ग्रीन धनिया बिका। यहां आने वाला अधिकांश धनिया की क्वालिटी भी अच्छी देखने में आई। ऐसे में दर्जनों ढेरियों के धनिया भाव 20 से 22 हजार रुपए क्विंटल तक बिकते नजर आए।
फरवरी में 86 लाख का राजस्व ज्यादा मिला
मंडी को फरवरी 2025 की तुलना में फरवरी 2026 में 86 लाख का राजस्व ज्यादा मिला है। गत वर्ष से इस साल धनिया के भावों में तेजी इसका प्रमुख कारण है। मंडी को जिन्स की बिक्री पर प्रति सैकड़ा के हिसाब से राजस्व मिलता है। गत वर्ष 42 लाख की तुलना में इस वर्ष फरवरी में 1 करोड़ 28 लाख का राजस्व मंडी को मिला है। दूरस्थ गांवों से जिन्स बेचने आने वाले किसानों को मंडी गेट बंद होने और साबू मैदान में वाहन खड़ा करके रात 11 बजे तक इंतजार करना पड़ा।


