भदोही के औराई स्थित सूर्या ट्रामा एंड रिसर्च सेंटर में 65 वर्षीय जुल्फिकार की इलाज के दौरान मौत हो गई। इसके बाद परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा किया। सूचना मिलने पर स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को शांत कराया। नगर पंचायत घोसिया के पक्का चौक निवासी जुल्फिकार (पुत्र जान मोहम्मद) की तबीयत 12 मार्च 2026 की शाम अचानक बिगड़ गई थी। उन्हें सांस लेने में दिक्कत और पेट में दर्द की शिकायत थी। परिजनों ने उन्हें औराई के सूर्या ट्रामा एंड रिसर्च सेंटर में भर्ती कराया था। अस्पताल में इलाज के दौरान 13 मार्च 2026 की सुबह जुल्फिकार का निधन हो गया। उनकी मौत के बाद परिजनों ने अस्पताल के कर्मचारियों पर इलाज में कथित लापरवाही और अनियमितता बरतने का आरोप लगाया। इसके बाद उन्होंने अस्पताल परिसर में हंगामा करना शुरू कर दिया। हंगामे की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची। पुलिस ने परिजनों को समझा-बुझाकर शांत कराया। कोतवाल अश्विनी त्रिपाठी ने बताया कि पुलिस ने अस्पताल का बिल कम कराया और आवश्यक लिखा-पढ़ी के बाद मृतक का शव परिजनों को दफनाने के लिए सौंप दिया गया। अस्पताल के संचालक डॉ. रमन सिंह ने बताया कि जुल्फिकार को सांस लेने में दिक्कत और पेट दर्द की शिकायत थी। जांच में गाल ब्लैडर में पथरी और अस्थमा का पता चला था। उन्होंने बताया कि मरीज को आगे के इलाज के लिए वाराणसी रेफर किया जा रहा था, लेकिन परिजन उन्हें ले जाने को तैयार नहीं हुए, जिससे उनकी मौत हो गई। डॉ. सिंह के अनुसार, परिजनों ने अस्पताल का बिल जमा करने से बचने के लिए हंगामा किया था, जिसके बाद बिल कम कर दिया गया और परिजनों से लिखित सहमति ली गई।


