भारत सरकार द्वारा प्रस्तावित जनगणना 2027 के सफल क्रियान्वयन के लिए बांका में तैयारियां शुरू हो गई हैं। इसी क्रम में गुरुवार को बांका समाहरणालय परिसर स्थित सभागार में जिले के सभी चार्ज पदाधिकारियों के लिए तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। यह प्रशिक्षण जिला पदाधिकारी सह प्रधान जिला जनगणना पदाधिकारी नवदीप शुक्ला के निर्देश पर आयोजित किया जा रहा है। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में जिले के विभिन्न प्रखंडों और नगर निकायों के प्रभार पदाधिकारी तथा संबंधित तकनीकी पदाधिकारी भाग ले रहे हैं। इसका मुख्य उद्देश्य अधिकारियों को जनगणना की पूरी प्रक्रिया, प्रशासनिक ढांचा और तकनीकी व्यवस्थाओं की विस्तृत जानकारी देना है, ताकि आगामी जनगणना कार्य को त्रुटिरहित और प्रभावी ढंग से संपन्न कराया जा सके। प्रशासनिक व्यवस्था पर चर्चा की गई प्रशिक्षण कार्यक्रम प्रतिदिन सुबह 9:30 बजे से शाम 6:00 बजे तक आयोजित किया जा रहा है। इसमें प्रतिभागियों को जनगणना के उद्देश्य, उसकी महत्ता और प्रशासनिक संरचना के बारे में विस्तार से बताया जा रहा है। पहले सत्र में जनगणना की पृष्ठभूमि, राष्ट्रीय महत्व और विभिन्न स्तरों पर इसकी प्रशासनिक व्यवस्था पर चर्चा की गई। इसके बाद पावर पॉइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से प्रतिभागियों को जनगणना से संबंधित विभिन्न मॉड्यूल, कार्यप्रणाली और फील्ड स्तर पर अपनाई जाने वाली प्रक्रियाओं की जानकारी दी गई। प्रशिक्षण में यह भी स्पष्ट किया गया कि डिजिटल प्लेटफॉर्म के उपयोग से जनगणना कार्य को अधिक पारदर्शी और सुगम बनाया जाएगा। रिपोर्टिंग की प्रक्रिया को भी विस्तार से समझाया जा रहा कार्यक्रम के दौरान चार्ज ऑफिसर यूज़र, डिस्ट्रिक्ट यूज़र और एडमिन आईडी के निर्माण तथा उनके उपयोग से संबंधित तकनीकी पहलुओं पर विशेष प्रशिक्षण दिया जा रहा है। साथ ही, जनगणना के दौरान डेटा संकलन, उसकी निगरानी और समय-समय पर रिपोर्टिंग की प्रक्रिया को भी विस्तार से समझाया जा रहा है, ताकि सभी अधिकारी डिजिटल प्रणाली के अनुरूप कार्य कर सकें। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में जिला आईटी प्रबंधक प्रमोद कुमार चौधरी मास्टर ट्रेनर के रूप में प्रतिभागियों को तकनीकी मॉड्यूल, पोर्टल के उपयोग और यूज़र आईडी निर्माण से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान कर रहे हैं। कार्यक्रम के दौरान अपर समाहर्ता,उपविकास आयुक्त तथा जिला सांख्यिकी पदाधिकारी हरेराम प्रसाद, प्रशिक्षण कोषांग के नोडल जिला शिक्षा पदाधिकारी देवनारायण पंडित सहित संतोष कुमार रजक, प्रीतम चौधरी और रवि शंकर रवि भी उपस्थित रहे। जनगणना देश की सबसे महत्वपूर्ण प्रशासनिक एवं सांख्यिकीय प्रक्रिया अधिकारियों ने प्रशिक्षण के दौरान कहा कि जनगणना देश की सबसे महत्वपूर्ण प्रशासनिक एवं सांख्यिकीय प्रक्रिया है, जिसके आधार पर सरकार विभिन्न विकास योजनाओं का निर्माण और क्रियान्वयन करती है। उन्होंने सभी अधिकारियों से अपने दायित्वों का निर्वहन पूरी गंभीरता और जिम्मेदारी के साथ करने की अपील की। प्रशिक्षण सत्र के दौरान प्रतिभागियों ने जनगणना से संबंधित विभिन्न पहलुओं पर अपने प्रश्न और सुझाव भी प्रस्तुत किए, जिनका विशेषज्ञों द्वारा विस्तार से समाधान किया गया। जिला प्रशासन का मानना है कि इस प्रकार के प्रशिक्षण से जनगणना 2027 के कार्य को जिले में प्रभावी और सुचारू रूप से संपन्न कराने में मदद मिलेगी। भारत सरकार द्वारा प्रस्तावित जनगणना 2027 के सफल क्रियान्वयन के लिए बांका में तैयारियां शुरू हो गई हैं। इसी क्रम में गुरुवार को बांका समाहरणालय परिसर स्थित सभागार में जिले के सभी चार्ज पदाधिकारियों के लिए तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। यह प्रशिक्षण जिला पदाधिकारी सह प्रधान जिला जनगणना पदाधिकारी नवदीप शुक्ला के निर्देश पर आयोजित किया जा रहा है। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में जिले के विभिन्न प्रखंडों और नगर निकायों के प्रभार पदाधिकारी तथा संबंधित तकनीकी पदाधिकारी भाग ले रहे हैं। इसका मुख्य उद्देश्य अधिकारियों को जनगणना की पूरी प्रक्रिया, प्रशासनिक ढांचा और तकनीकी व्यवस्थाओं की विस्तृत जानकारी देना है, ताकि आगामी जनगणना कार्य को त्रुटिरहित और प्रभावी ढंग से संपन्न कराया जा सके। प्रशासनिक व्यवस्था पर चर्चा की गई प्रशिक्षण कार्यक्रम प्रतिदिन सुबह 9:30 बजे से शाम 6:00 बजे तक आयोजित किया जा रहा है। इसमें प्रतिभागियों को जनगणना के उद्देश्य, उसकी महत्ता और प्रशासनिक संरचना के बारे में विस्तार से बताया जा रहा है। पहले सत्र में जनगणना की पृष्ठभूमि, राष्ट्रीय महत्व और विभिन्न स्तरों पर इसकी प्रशासनिक व्यवस्था पर चर्चा की गई। इसके बाद पावर पॉइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से प्रतिभागियों को जनगणना से संबंधित विभिन्न मॉड्यूल, कार्यप्रणाली और फील्ड स्तर पर अपनाई जाने वाली प्रक्रियाओं की जानकारी दी गई। प्रशिक्षण में यह भी स्पष्ट किया गया कि डिजिटल प्लेटफॉर्म के उपयोग से जनगणना कार्य को अधिक पारदर्शी और सुगम बनाया जाएगा। रिपोर्टिंग की प्रक्रिया को भी विस्तार से समझाया जा रहा कार्यक्रम के दौरान चार्ज ऑफिसर यूज़र, डिस्ट्रिक्ट यूज़र और एडमिन आईडी के निर्माण तथा उनके उपयोग से संबंधित तकनीकी पहलुओं पर विशेष प्रशिक्षण दिया जा रहा है। साथ ही, जनगणना के दौरान डेटा संकलन, उसकी निगरानी और समय-समय पर रिपोर्टिंग की प्रक्रिया को भी विस्तार से समझाया जा रहा है, ताकि सभी अधिकारी डिजिटल प्रणाली के अनुरूप कार्य कर सकें। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में जिला आईटी प्रबंधक प्रमोद कुमार चौधरी मास्टर ट्रेनर के रूप में प्रतिभागियों को तकनीकी मॉड्यूल, पोर्टल के उपयोग और यूज़र आईडी निर्माण से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान कर रहे हैं। कार्यक्रम के दौरान अपर समाहर्ता,उपविकास आयुक्त तथा जिला सांख्यिकी पदाधिकारी हरेराम प्रसाद, प्रशिक्षण कोषांग के नोडल जिला शिक्षा पदाधिकारी देवनारायण पंडित सहित संतोष कुमार रजक, प्रीतम चौधरी और रवि शंकर रवि भी उपस्थित रहे। जनगणना देश की सबसे महत्वपूर्ण प्रशासनिक एवं सांख्यिकीय प्रक्रिया अधिकारियों ने प्रशिक्षण के दौरान कहा कि जनगणना देश की सबसे महत्वपूर्ण प्रशासनिक एवं सांख्यिकीय प्रक्रिया है, जिसके आधार पर सरकार विभिन्न विकास योजनाओं का निर्माण और क्रियान्वयन करती है। उन्होंने सभी अधिकारियों से अपने दायित्वों का निर्वहन पूरी गंभीरता और जिम्मेदारी के साथ करने की अपील की। प्रशिक्षण सत्र के दौरान प्रतिभागियों ने जनगणना से संबंधित विभिन्न पहलुओं पर अपने प्रश्न और सुझाव भी प्रस्तुत किए, जिनका विशेषज्ञों द्वारा विस्तार से समाधान किया गया। जिला प्रशासन का मानना है कि इस प्रकार के प्रशिक्षण से जनगणना 2027 के कार्य को जिले में प्रभावी और सुचारू रूप से संपन्न कराने में मदद मिलेगी।


