प्रयागराज : प्रयागराज में आशुतोष ब्रह्मचारी पर हुए हमले के मामले में सोशल मीडिया पर जिम्मेदारी लेने वाली स्वाति अघोरी ने एक बार फिर विवादित पोस्ट कर सनसनी फैला दी है। इस बार उसने भीम आर्मी प्रमुख और नगीना से सांसद चंद्रशेखर आजाद को खुली धमकी दी है। फेसबुक पर किए गए पोस्ट में उसने लिखा है कि चंद्रशेखर आजाद उसका अगला निशाना हैं।
स्वाति अघोरी नाम के फेसबुक अकाउंट से किए गए पोस्ट में लिखा गया है कि ‘सांप्रदायिक हिंसा फैलाने वाला चंद्रशेखर आजाद उत्तर प्रदेश के बाराबंकी में आ रहा है। अगला हमला इसी पर होगा। बीच में न करनी सेना आए और न कोई संगठन, यह मेरा शिकार है।’ इस पोस्ट के सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर हलचल मच गई है और सुरक्षा एजेंसियां भी सतर्क हो गई हैं।
पुलिस की पकड़ से अब तक दूर क्यों?
आशुतोष ब्रह्मचारी पर हुए हमले के बाद से ही सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि आखिर स्वाति अघोरी अब तक पुलिस की पकड़ से दूर क्यों है। साथ ही यह भी सवाल उठ रहा है कि जिस फेसबुक प्रोफाइल से लगातार धमकियां दी जा रही हैं, वह अब तक सक्रिय कैसे है। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि स्वाति अघोरी नाम का यह अकाउंट असली है या फर्जी और इसके पीछे कौन लोग हो सकते हैं।
आशुतोष ब्रह्मचारी पर हमले के बाद आई थी सामने
रविवार 8 मार्च की सुबह करीब 5 बजे चलती ट्रेन में आशुतोष ब्रह्मचारी पर जानलेवा हमला हुआ था। हमलावर ने उनकी नाक काटने की कोशिश की थी। गंभीर रूप से घायल आशुतोष ब्रह्मचारी ने ट्रेन के बाथरूम में छिपकर अपनी जान बचाई थी।
इस घटना के करीब पांच घंटे बाद ‘डॉ. स्वाति अघोरी’ नाम के फेसबुक अकाउंट से पोस्ट कर हमले की जिम्मेदारी ली गई थी। हालांकि बाद में वह पोस्ट डिलीट कर दिया गया था। उसी दिन रात में एक और पोस्ट किया गया, जिसमें धार्मिक आंदोलन और गिरफ्तारी को लेकर बातें लिखी गई थीं।
फेसबुक अकाउंट को लेकर बढ़ा शक
‘डॉ. स्वाति अघोरी’ नाम का फेसबुक अकाउंट काफी सक्रिय बताया जा रहा है और उस पर 10 हजार से अधिक फॉलोअर्स हैं। प्रोफाइल में खुद को वेद, पुराण और उपनिषदों की ज्ञाता और प्रवक्ता बताया गया है। साथ ही शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद को अपना गुरु बताया गया है और उनके आंदोलनों का समर्थन भी किया गया है।
हालांकि इस अकाउंट की असलियत को लेकर कई सवाल भी उठ रहे हैं।
- अकाउंट पर केवल तस्वीरें हैं, कोई वीडियो नहीं।
- एक पोस्ट में दिखाई गई पुलिस कैप का रंग और डिजाइन भारतीय पुलिस की वर्दी से मेल नहीं खाता।
- पोस्ट में कई जगह हिंदी की बुनियादी गलतियां भी दिखाई देती हैं।
- प्रोफाइल हाल ही में अपडेट की गई बताई जा रही है।
- व्यक्तिगत जानकारी भी बहुत सीमित है।
- इन सभी वजहों से अकाउंट के फर्जी होने की आशंका भी जताई जा रही है।
पुलिस कर रही तकनीकी जांच
जीआरपी के एसपी प्रशांत वर्मा के अनुसार, फेसबुक पर किए गए इन पोस्ट को भी जांच में शामिल किया गया है। पुलिस फेसबुक आईडी, आईपी एड्रेस और उससे जुड़े अन्य डिजिटल सबूतों की जांच कर रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि इस अकाउंट के पीछे कौन है और क्या उसका आशुतोष ब्रह्मचारी पर हुए हमले से कोई संबंध है।


