राजगढ़ में मंगलवार को श्रद्धा और आस्था के साथ शीतला सप्तमी का पर्व मनाया जा रहा है। इस दौरान खिलचीपुर के पैलेस रोड स्थित शीतला माता मंदिर में सुबह से ही महिला श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी। दर्शन और पूजन के लिए मंदिर परिसर में महिलाएं हाथों में ठंडे-बासी भोजन और पूजन की थालियां लेकर कतार में खड़ी नजर आईं। अपनी बारी आने पर महिलाओं ने मंदिर में विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। श्रद्धालुओं ने शीतला माता को ठंडे और बासी भोजन का भोग अर्पित किया और अपने परिवार की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की। इस विशेष पर्व के अवसर पर मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए थे। मंदिर परिसर के अंदर और बाहर पुलिस बल तैनात रहा, जिससे श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो। ठंडे पकवानों का लगता है भोग शीतला सप्तमी का पर्व रंगपंचमी के एक दिन बाद मनाया जाता है। इस दिन महिलाएं एक दिन पहले ही अपने घरों में पूड़ी, भजिए, कढ़ी, मीठे पुए, चने, मीठे चावल, हलवा और गुलगुले जैसे पकवान तैयार कर रखती हैं। अगले दिन इन ठंडे पकवानों का भोग शीतला माता को अर्पित किया जाता है और पूजा के बाद श्रद्धालु इसे प्रसाद के रूप में ग्रहण करते हैं। लोक मान्यता के अनुसार शीतला माता को ठंडे पकवान अर्पित करने से परिवार में सुख-शांति बनी रहती है और बीमारियों से सुरक्षा होती है। इसी आस्था के साथ महिलाओं ने मंदिर पहुंचकर पूजन किया और माता के जयकारे लगाए। नरसिंहगढ़ में भी उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़ नरसिंहगढ़ में भी शीतला सप्तमी के अवसर पर मंदिर में सुबह से ही महिला श्रद्धालुओं की लंबी कतार लगी रही। श्रद्धालु अपनी बारी का इंतजार करते हुए विधिपूर्वक माता को ठंडा भोजन अर्पित कर परिवार की सुख-शांति की कामना करती नजर आईं। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए नगरपालिका द्वारा मंदिर परिसर में टेबल और बैरिकेड्स की व्यवस्था की गई थी, ताकि महिलाएं अपनी पूजन की थाली आसानी से रख सकें। वहीं सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए महिला पुलिस बल भी तैनात रहा। मंदिर परिसर में पूरे दिन श्रद्धा और भक्ति का माहौल बना रहा।


