पटना| भारतीय भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (जीएसआई) की राज्य इकाई ने पटना में शुक्रवार को संगठन का 176वां स्थापना दिवस मनाया। इस मौके पर उप महानिदेशक प्रियदर्शी साहू ने संगठन के इतिहास और उसकी राष्ट्र निर्माण में भूमिका पर चर्चा की। उन्होंने बताया कि जीएसआई पटना ने बिहार सरकार को खनन आवंटन के लिए मैग्नेटाइट, ग्लूकोनाइट, निकल सहित कई खनिजों के ब्लॉकों की जानकारी उपलब्ध कराई है। भूजल में आर्सेनिक, यूरेनियम, मरकरी समेत अन्य हानिकारक तत्वों पर भी अध्ययन किया है। मुख्य अतिथि सेवानिवृत्त उपमहानिदेशक और विभागाध्यक्ष (मध्य क्षेत्र) विनोद कुमार ने अपने अनुभव साझा किए। उन्होंने बताया कि पहले फील्ड में काम करते समय कई चुनौतियों का सामना करना पड़ता था, लेकिन अब आधुनिक तकनीक और बेहतर संसाधनों के कारण भूवैज्ञानिक अधिक प्रभावी तरीके से काम कर रहे हैं। सेवानिवृत्त निदेशक आरएन सिंह ने विभिन्न खनिज संपदाओं की जानकारी दी। निदेशक (तकनीकी समन्वय) संजय कुमार गुप्ता ने धन्यवाद ज्ञापन किया। पटना| भारतीय भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (जीएसआई) की राज्य इकाई ने पटना में शुक्रवार को संगठन का 176वां स्थापना दिवस मनाया। इस मौके पर उप महानिदेशक प्रियदर्शी साहू ने संगठन के इतिहास और उसकी राष्ट्र निर्माण में भूमिका पर चर्चा की। उन्होंने बताया कि जीएसआई पटना ने बिहार सरकार को खनन आवंटन के लिए मैग्नेटाइट, ग्लूकोनाइट, निकल सहित कई खनिजों के ब्लॉकों की जानकारी उपलब्ध कराई है। भूजल में आर्सेनिक, यूरेनियम, मरकरी समेत अन्य हानिकारक तत्वों पर भी अध्ययन किया है। मुख्य अतिथि सेवानिवृत्त उपमहानिदेशक और विभागाध्यक्ष (मध्य क्षेत्र) विनोद कुमार ने अपने अनुभव साझा किए। उन्होंने बताया कि पहले फील्ड में काम करते समय कई चुनौतियों का सामना करना पड़ता था, लेकिन अब आधुनिक तकनीक और बेहतर संसाधनों के कारण भूवैज्ञानिक अधिक प्रभावी तरीके से काम कर रहे हैं। सेवानिवृत्त निदेशक आरएन सिंह ने विभिन्न खनिज संपदाओं की जानकारी दी। निदेशक (तकनीकी समन्वय) संजय कुमार गुप्ता ने धन्यवाद ज्ञापन किया।


