संभल में भारतीय इतिहास संकलन समिति द्वारा होली मिलन समारोह का आयोजन किया गया। इंडियन स्कॉलर एकेडमी में हुए इस कार्यक्रम में कवि शिवकुमार चंदन को ‘होली का चक्रवर्ती सम्राट’ चुना गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के चित्र पर दीप प्रज्वलित कर जिलाध्यक्ष सुभाष चंद्र शर्मा और वीकेश शर्मा ने किया। इसके बाद सुमनलता शर्मा और कवि शिवकुमार चंदन ने मां शारदे की वंदना प्रस्तुत की, जिससे वातावरण भक्तिमय हो गया।
समारोह में दूरदराज से आए कवियों ने अपनी रचनाओं से श्रोताओं को होली के रंगों में सराबोर कर दिया। परंपरा के अनुसार, समाजसेवी और विशिष्ट व्यक्तित्वों में से ‘होली किंग’ का चयन किया गया। सर्वसम्मति से उमेश कुमार शर्मा, सुबोध पाल, उमेश श्रीमाली, अरविंद शंकर शुक्ला, पंकज सांख्यधर, बबीता भारद्वाज और शिवकुमार चंदन को ‘होली किंग’ घोषित कर सम्मानित किया गया। उन्हें होली टोपी पहनाकर, माल्यार्पण और गुलाल लगाकर अभिनंदन किया गया। ‘होली किंग’ बने सदस्यों ने आपसी सहमति से कवि शिवकुमार चंदन को ‘होली सम्राट’ और ‘चक्रवर्ती सम्राट’ घोषित किया। उनके सम्मान में एक विशेष कवि सम्मेलन आयोजित हुआ, जिसमें कवियों ने हास्य, व्यंग्य और श्रृंगार रस की रचनाएं प्रस्तुत कर खूब तालियां बटोरीं। बदायूं से आए सुखपाल सिंह गौर ने फागुनी पर्व पर शांति और सौहार्द का संदेश दिया। चंदौसी से संजय सृजन ने प्रेम भाव से ओतप्रोत कविता सुनाई, जबकि खटीमा (उत्तराखंड) से आईं शांति राणा ‘शांति’ ने मानवीय स्वभाव पर प्रभावी व्यंग्य प्रस्तुत किया। युवा कवि विकास मिश्रा, अपूर्व प्रताप सिंह और व्यंग्य कवि अतुल कुमार शर्मा ने भी अपनी रचनाओं से समां बांध दिया। कार्यक्रम का संचालन सुबोध कुमार गुप्ता और अतुल कुमार शर्मा ने किया। इस अवसर पर अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। समारोह में साहित्य, संस्कृति और आपसी सौहार्द का सुंदर संगम देखने को मिला।


