अररिया में होली और रमजान के पवित्र अवसर से ठीक पहले खाड़ी देशों में अचानक बढ़े तनाव ने अररिया जिले के हजारों परिवारों की चिंता बढ़ा दी है। उत्तर बिहार के अररिया, फारबिसगंज, जोकीहाट और आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग कुवैत, दुबई, कतर और सऊदी अरब में काम करते हैं। पिछले तीन दिनों से मिसाइल हमलों, ड्रोन्स को इंटरसेप्ट किए जाने और कई जगह धमाकों की खबरों ने यहां बैठे परिजनों के दिलों की धड़कनें तेज कर दी थीं। हालांकि, सोमवार को आई कुछ सकारात्मक अपडेट्स ने लोगों को थोड़ी राहत दी है। सऊदी अरब में अफवाहों से दहशत जोकीहाट प्रखंड के पथराबाड़ी गांव निवासी गुलनाज ने बताया कि उनके भाई कासिम, जो सऊदी अरब के रियाद शहर में काम करते हैं, ने फोन कर बताया कि वहां लगातार बमबारी की अफवाहें फैल रही थीं। कासिम ने कहा, बाहर हलचल है, हर कोई डर में है। लेकिन हम लोग घर के अंदर ही हैं, एहतियात बरत रहे हैं। फिलहाल सुरक्षित हैं। परिवार ने बताया कि रविवार रात से ही वे लगातार फोन पर संपर्क बनाने की कोशिश कर रहे थे। हर कॉल का जवाब मिलना उनके लिए उम्मीद की एक किरण जैसा था। दुबई में दो दिन भयावह थे फारबिसगंज के मोहम्मद मुमताज सलाम के भाई हाजी मोहम्मद तालिब सलाम, जो दुबई में रहते हैं, ने बताया कि वहां की स्थिति दो दिनों तक बेहद डरावनी रही। उन्होंने बताया कल और परसों हालात खराब थे। बमबारी की आवाजें आ रही थीं। कई कंपनियों ने अपने कर्मचारियों को घरों में रहने का निर्देश दिया। सरकार और गवर्नर ने भी मैसेज भेजकर बाहर न निकलने की अपील की थी। तालिब ने बताया कि सोमवार सुबह से स्थिति थोड़ी बेहतर हुई है। दुबई पुलिस और भारतीय दूतावास लगातार संपर्क में हैं और लोगों को अपडेट दे रहे हैं। सऊदी में काम कर रहे इंजीनियर बोले- स्थिति सामान्य तालिब के चचेरे भाई अरशद, जो सऊदी अरब में आर्किटेक्ट इंजीनियर हैं, ने भी बताया कि पिछले 48 घंटे तक दहशत का माहौल रहा। अरशद ने कहा, हमलों की खबरें आ रही थीं, लेकिन अब मिसाइलों को इंटरसेप्ट कर लिया जा रहा है। फिलहाल स्थिति नियंत्रण में दिख रही है। लोग घरों में रह रहे हैं और जरूरी काम ही बाहर जा रहे हैं। हम सुरक्षित हैं, लेकिन हालात अभी भी गंभीर फारबिसगंज के मोहम्मद कैफ अली ने बताया कि उनके बड़े भाई नावेद, जो पिछले तीन साल से सऊदी में काम कर रहे हैं, ने सोमवार सुबह फोन कर बताया कि यहां स्थिति गंभीर है लेकिन हम सुरक्षित हैं। चिंता मत करो। कैफ ने कहा कि एक घंटे पहले ही भाई से बात हुई थी। बातों से कुछ राहत मिली, लेकिन मन में डर अभी भी बना हुआ है। व्हाट्सएप, वीडियो कॉल और सोशल मीडिया पर लगातार संपर्क में परिवार अररिया और आसपास के परिवार लगातार व्हाट्सएप, वीडियो कॉल, फेसबुक और फोन के जरिए अपने परिजनों से संपर्क कर रहे हैं। कई लोगों ने बताया कि लगातार मिसाइल इंटरसेप्ट होने और हमलों को विफल करने की खबरों से थोड़ी राहत मिली है, लेकिन हालात पूरी तरह सामान्य नहीं हुए हैं। भारतीय सरकार लगातार निगरानी रखे कई प्रवासी परिवारों ने केंद्र सरकार और भारतीय दूतावास से आग्रह किया है कि खाड़ी देशों में रहने वाले भारतीयों की सुरक्षा पर निरंतर निगरानी रखी जाए। लोगों ने कहा कि दूतावास को हर पल की जानकारी देनी चाहिए, ताकि यहां बैठे परिवारों को चिंता न हो। बिहार से खाड़ी देशों में लाखों लोग, यात्रा भी प्रभावित अररिया जिले के ही हजारों युवा खाड़ी देशों में काम करते हैं। बिहार के हर जिले से बड़ी संख्या में लोग कुवैत, सऊदी अरब, दुबई, कतर और बहरीन में काम कर रहे हैं। तनाव के कारण यात्रा पर भी असर पड़ा है। कई फ्लाइट्स लेट हो गई हैं और कुछ रूटों में सुरक्षा जांच बढ़ा दी गई है। शांति बहाल हो और हमारे अपने सुरक्षित लौटें गांवों में लोग हर नमाज, हर पूजा और हर दुआ में केवल यही मांग रहे हैं कि उनके अपने सुरक्षित रहें और जल्द ही खाड़ी क्षेत्र में शांति बहाल हो। परिजनों का कहना है, वहां रह रहा हर भारतीय हमारा अपना है। जब तक हालात सामान्य नहीं होते, दिल में डर बना रहेगा। बस ईश्वर से यही प्रार्थना है कि सब ठीक रहे। अररिया में होली और रमजान के पवित्र अवसर से ठीक पहले खाड़ी देशों में अचानक बढ़े तनाव ने अररिया जिले के हजारों परिवारों की चिंता बढ़ा दी है। उत्तर बिहार के अररिया, फारबिसगंज, जोकीहाट और आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग कुवैत, दुबई, कतर और सऊदी अरब में काम करते हैं। पिछले तीन दिनों से मिसाइल हमलों, ड्रोन्स को इंटरसेप्ट किए जाने और कई जगह धमाकों की खबरों ने यहां बैठे परिजनों के दिलों की धड़कनें तेज कर दी थीं। हालांकि, सोमवार को आई कुछ सकारात्मक अपडेट्स ने लोगों को थोड़ी राहत दी है। सऊदी अरब में अफवाहों से दहशत जोकीहाट प्रखंड के पथराबाड़ी गांव निवासी गुलनाज ने बताया कि उनके भाई कासिम, जो सऊदी अरब के रियाद शहर में काम करते हैं, ने फोन कर बताया कि वहां लगातार बमबारी की अफवाहें फैल रही थीं। कासिम ने कहा, बाहर हलचल है, हर कोई डर में है। लेकिन हम लोग घर के अंदर ही हैं, एहतियात बरत रहे हैं। फिलहाल सुरक्षित हैं। परिवार ने बताया कि रविवार रात से ही वे लगातार फोन पर संपर्क बनाने की कोशिश कर रहे थे। हर कॉल का जवाब मिलना उनके लिए उम्मीद की एक किरण जैसा था। दुबई में दो दिन भयावह थे फारबिसगंज के मोहम्मद मुमताज सलाम के भाई हाजी मोहम्मद तालिब सलाम, जो दुबई में रहते हैं, ने बताया कि वहां की स्थिति दो दिनों तक बेहद डरावनी रही। उन्होंने बताया कल और परसों हालात खराब थे। बमबारी की आवाजें आ रही थीं। कई कंपनियों ने अपने कर्मचारियों को घरों में रहने का निर्देश दिया। सरकार और गवर्नर ने भी मैसेज भेजकर बाहर न निकलने की अपील की थी। तालिब ने बताया कि सोमवार सुबह से स्थिति थोड़ी बेहतर हुई है। दुबई पुलिस और भारतीय दूतावास लगातार संपर्क में हैं और लोगों को अपडेट दे रहे हैं। सऊदी में काम कर रहे इंजीनियर बोले- स्थिति सामान्य तालिब के चचेरे भाई अरशद, जो सऊदी अरब में आर्किटेक्ट इंजीनियर हैं, ने भी बताया कि पिछले 48 घंटे तक दहशत का माहौल रहा। अरशद ने कहा, हमलों की खबरें आ रही थीं, लेकिन अब मिसाइलों को इंटरसेप्ट कर लिया जा रहा है। फिलहाल स्थिति नियंत्रण में दिख रही है। लोग घरों में रह रहे हैं और जरूरी काम ही बाहर जा रहे हैं। हम सुरक्षित हैं, लेकिन हालात अभी भी गंभीर फारबिसगंज के मोहम्मद कैफ अली ने बताया कि उनके बड़े भाई नावेद, जो पिछले तीन साल से सऊदी में काम कर रहे हैं, ने सोमवार सुबह फोन कर बताया कि यहां स्थिति गंभीर है लेकिन हम सुरक्षित हैं। चिंता मत करो। कैफ ने कहा कि एक घंटे पहले ही भाई से बात हुई थी। बातों से कुछ राहत मिली, लेकिन मन में डर अभी भी बना हुआ है। व्हाट्सएप, वीडियो कॉल और सोशल मीडिया पर लगातार संपर्क में परिवार अररिया और आसपास के परिवार लगातार व्हाट्सएप, वीडियो कॉल, फेसबुक और फोन के जरिए अपने परिजनों से संपर्क कर रहे हैं। कई लोगों ने बताया कि लगातार मिसाइल इंटरसेप्ट होने और हमलों को विफल करने की खबरों से थोड़ी राहत मिली है, लेकिन हालात पूरी तरह सामान्य नहीं हुए हैं। भारतीय सरकार लगातार निगरानी रखे कई प्रवासी परिवारों ने केंद्र सरकार और भारतीय दूतावास से आग्रह किया है कि खाड़ी देशों में रहने वाले भारतीयों की सुरक्षा पर निरंतर निगरानी रखी जाए। लोगों ने कहा कि दूतावास को हर पल की जानकारी देनी चाहिए, ताकि यहां बैठे परिवारों को चिंता न हो। बिहार से खाड़ी देशों में लाखों लोग, यात्रा भी प्रभावित अररिया जिले के ही हजारों युवा खाड़ी देशों में काम करते हैं। बिहार के हर जिले से बड़ी संख्या में लोग कुवैत, सऊदी अरब, दुबई, कतर और बहरीन में काम कर रहे हैं। तनाव के कारण यात्रा पर भी असर पड़ा है। कई फ्लाइट्स लेट हो गई हैं और कुछ रूटों में सुरक्षा जांच बढ़ा दी गई है। शांति बहाल हो और हमारे अपने सुरक्षित लौटें गांवों में लोग हर नमाज, हर पूजा और हर दुआ में केवल यही मांग रहे हैं कि उनके अपने सुरक्षित रहें और जल्द ही खाड़ी क्षेत्र में शांति बहाल हो। परिजनों का कहना है, वहां रह रहा हर भारतीय हमारा अपना है। जब तक हालात सामान्य नहीं होते, दिल में डर बना रहेगा। बस ईश्वर से यही प्रार्थना है कि सब ठीक रहे।


