रांची के मौसम में एक बार फिर बदलाव होने वाला है। तापमान बढ़ने से गर्मी का असर महसूस होने लगा है, लेकिन होली के बाद गर्मी और सताएगी। अगले तीन दिनों के दौरान अधिकतम तापमान में 3 डिग्री तक बढ़ोतरी हो सकती है। होली के दिन आसमान साफ रहेगा। फगुनाहट वाली हवा चलेगी, जिससे मौसम सुहावना रहेगा। दिन का तापमान 31 डिग्री और रात का न्यूनतम तापमान 14 डिग्री के आसपास रह सकता है। होली के बाद 6 और 7 मार्च को आसमान में बादल छाए रहेंगे। इस दौरान गर्मी और बढ़ेगी। दिन का तापमान 33 डिग्री और रात का तापमान 16 डिग्री के आसपास रह सकता है। हालांकि, अभी तक बारिश की संभावना नहीं है। अगले एक-दो दिनों में बारिश को लेकर स्थिति स्पष्ट होगी। अभिषेक आनंद
निदेशक, मौसम विज्ञान केंद्र, रांची नोट: पिछले पांच वर्षों में मार्च माह में अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस को पार नहीं कर पाया है। वहीं, न्यूनतम तापमान 15 डिग्री तक नहीं पहुंचा था। राहत की बात यह है कि हर साल मार्च में बारिश हुई है। वर्ष 2024 में 4 मार्च को 27.5 एमएम और 2025 में 22 मार्च को 41 एमएम बारिश दर्ज की गई थी। पिछले पांच वर्षों में मार्च का तापमान (डिग्री सेल्सियस में)
रांची के मौसम में तेजी से बदलाव देखा जा रहा है। गर्मी की शुरुआत फरवरी से ही हो गई थी। दिन में गर्मी महसूस हो रही है और सुबह-शाम हल्की ठंड रहती थी। लेकिन मार्च के पहले दिन से ही दिन और रात, दोनों समय की ठंड लगभग गायब हो गई है। रात के तापमान ने पांच साल पुराना रिकॉर्ड तोड़ दिया है। पिछले पांच वर्षों में मार्च माह में न्यूनतम तापमान 15 डिग्री से ऊपर नहीं गया था, लेकिन 1 मार्च को न्यूनतम तापमान 4 डिग्री सेल्सियस बढ़कर 16.4 डिग्री पर पहुंच गया, जो सामान्य से 1.8 डिग्री अधिक है। वहीं, दिन का पारा भी बढ़कर 30.8 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। मौसम के इस रुख से साफ है कि इस बार गर्मी की शुरुआत होली से पहले ही हो गई है। होली के बाद गर्मी और बढ़ने के आसार हैं। मार्च के पहले सप्ताह में ही अधिकतम तापमान 33 से 34 डिग्री के करीब पहुंच सकता है। दूसरे सप्ताह में तापमान 35 डिग्री को पार कर सकता है और माह के अंत तक अधिकतम तापमान 38 डिग्री तक पहुंचने की संभावना है। पिछले पांच वर्षों में मार्च में अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के पार नहीं गया है। लेकिन इस बार यदि लगातार गर्मी बनी रही तो यह रिकॉर्ड भी टूट सकता है। हालांकि, मार्च में हर साल बारिश होने का ट्रेंड रहा है। सबसे अधिक 41 एमएम बारिश पिछले साल 22 मार्च को हुई थी। इस बार भी 6-7 मार्च को बादल छाने की संभावना है। इसके बाद यदि सिस्टम बना तो हल्की बारिश हो सकती है।


