खगड़िया जिले के मानसी थाना क्षेत्र में रेलवे रिटायर्ड पुल संख्या-51 से कूदकर एक महिला ने आत्महत्या कर ली। रविवार सुबह करीब आठ बजे हुई इस घटना के बाद से महिला का शव अब तक बरामद नहीं हो सका है। उसकी तलाश जारी है। महिला पांच बच्चों की मां थी। प्रत्यक्षदर्शियों और स्थानीय लोगों के अनुसार, महिला ने पुल पर अपनी चप्पल और लाल रंग की चादर रखी और नीचे कूद गई। कुछ देर बाद राहगीरों ने पुल पर पड़े सामान को देखा, जिसके बाद घटना की जानकारी फैली। सूचना मिलते ही आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में लोग घटनास्थल पर जमा हो गए। मृतका की पहचान चौथम थाना क्षेत्र के हरदिया पंचायत, वार्ड संख्या-7 स्थित कमरी दिघरी गांव निवासी संजय चौधरी की 36 वर्षीय पत्नी अंशु देवी के रूप में हुई है। अंशु देवी प्राथमिक विद्यालय कमरी दिघरी में सचिव के पद पर कार्यरत थीं। वह अपने पीछे तीन बेटियां शीतल कुमारी, अनुष्का कुमारी और परी कुमारी और दो बेटे संदीप कुमार-पीयूष कुमार को छोड़ गई हैं।
प्रेम-प्रसंग के आरोप से परेशान थी महिला मृतका की चचेरी ननद और सांस ने बताया कि गांव के एक युवक के साथ प्रेम-प्रसंग का नाम जोड़ा जा रहा था। शनिवार सुबह महिला के घर युवक के परिजन पहुंचे। कहासुनी के बाद विवाद मारपीट में बदल गया। इस घटना से अंशु देवी मानसिक रूप से काफी तनाव में थीं, जिसके चलते उन्होंने रविवार सुबह यह कदम उठाया। मृतका के पति संजय चौधरी मुंबई में मजदूरी करते हैं और पिछले छह महीनों से घर से बाहर हैं। उन्हें घटना की जानकारी देर शाम तक नहीं मिल पाई थी।
आक्रोशित लोगों ने सड़क किया जाम घटना की सूचना के बावजूद पुलिस के समय पर नहीं पहुंचने का आरोप लगाते हुए परिजन और ग्रामीण आक्रोशित हो उठे। आक्रोशित लोगों ने हरदिया रेलवे ढाला (केबिन) के समीप सड़क मार्ग जाम कर दिया, जिससे आवागमन पूरी तरह बाधित हो गया। प्रदर्शनकारियों की मांग थी कि मामले की निष्पक्ष जांच हो, दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाए और शव की शीघ्र बरामदगी सुनिश्चित की जाए।
सूचना मिलने पर मानसी और चौथम थाना की पुलिस मौके पर पहुंची और लोगों को समझा-बुझाकर जाम हटवाया। करीब काफी देर बाद स्थिति सामान्य हो सकी। एसडीआरएफ को शव की तलाश में लगाया गया है। शव की तलाश में जुटी SDRF की टीम मानसी थाना अध्यक्ष दीपक कुमार ने बताया कि घटनास्थल की गहन जांच की गई है और एसडीआरएफ की टीम को शव की खोजबीन के लिए सूचित कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि नदी और आसपास के इलाकों में तलाशी अभियान चलाया जा रहा है। साथ ही, पूरे मामले की छानबीन की जा रही है और हर पहलू से जांच की जाएगी। इधर, घटना के बाद से कमरी दिघरी गांव सहित आसपास के इलाकों में शोक का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि अंशु देवी मेहनती और जिम्मेदार महिला थीं। उनकी असमय मौत ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया है। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही घटना के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा। खगड़िया जिले के मानसी थाना क्षेत्र में रेलवे रिटायर्ड पुल संख्या-51 से कूदकर एक महिला ने आत्महत्या कर ली। रविवार सुबह करीब आठ बजे हुई इस घटना के बाद से महिला का शव अब तक बरामद नहीं हो सका है। उसकी तलाश जारी है। महिला पांच बच्चों की मां थी। प्रत्यक्षदर्शियों और स्थानीय लोगों के अनुसार, महिला ने पुल पर अपनी चप्पल और लाल रंग की चादर रखी और नीचे कूद गई। कुछ देर बाद राहगीरों ने पुल पर पड़े सामान को देखा, जिसके बाद घटना की जानकारी फैली। सूचना मिलते ही आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में लोग घटनास्थल पर जमा हो गए। मृतका की पहचान चौथम थाना क्षेत्र के हरदिया पंचायत, वार्ड संख्या-7 स्थित कमरी दिघरी गांव निवासी संजय चौधरी की 36 वर्षीय पत्नी अंशु देवी के रूप में हुई है। अंशु देवी प्राथमिक विद्यालय कमरी दिघरी में सचिव के पद पर कार्यरत थीं। वह अपने पीछे तीन बेटियां शीतल कुमारी, अनुष्का कुमारी और परी कुमारी और दो बेटे संदीप कुमार-पीयूष कुमार को छोड़ गई हैं।
प्रेम-प्रसंग के आरोप से परेशान थी महिला मृतका की चचेरी ननद और सांस ने बताया कि गांव के एक युवक के साथ प्रेम-प्रसंग का नाम जोड़ा जा रहा था। शनिवार सुबह महिला के घर युवक के परिजन पहुंचे। कहासुनी के बाद विवाद मारपीट में बदल गया। इस घटना से अंशु देवी मानसिक रूप से काफी तनाव में थीं, जिसके चलते उन्होंने रविवार सुबह यह कदम उठाया। मृतका के पति संजय चौधरी मुंबई में मजदूरी करते हैं और पिछले छह महीनों से घर से बाहर हैं। उन्हें घटना की जानकारी देर शाम तक नहीं मिल पाई थी।
आक्रोशित लोगों ने सड़क किया जाम घटना की सूचना के बावजूद पुलिस के समय पर नहीं पहुंचने का आरोप लगाते हुए परिजन और ग्रामीण आक्रोशित हो उठे। आक्रोशित लोगों ने हरदिया रेलवे ढाला (केबिन) के समीप सड़क मार्ग जाम कर दिया, जिससे आवागमन पूरी तरह बाधित हो गया। प्रदर्शनकारियों की मांग थी कि मामले की निष्पक्ष जांच हो, दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाए और शव की शीघ्र बरामदगी सुनिश्चित की जाए।
सूचना मिलने पर मानसी और चौथम थाना की पुलिस मौके पर पहुंची और लोगों को समझा-बुझाकर जाम हटवाया। करीब काफी देर बाद स्थिति सामान्य हो सकी। एसडीआरएफ को शव की तलाश में लगाया गया है। शव की तलाश में जुटी SDRF की टीम मानसी थाना अध्यक्ष दीपक कुमार ने बताया कि घटनास्थल की गहन जांच की गई है और एसडीआरएफ की टीम को शव की खोजबीन के लिए सूचित कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि नदी और आसपास के इलाकों में तलाशी अभियान चलाया जा रहा है। साथ ही, पूरे मामले की छानबीन की जा रही है और हर पहलू से जांच की जाएगी। इधर, घटना के बाद से कमरी दिघरी गांव सहित आसपास के इलाकों में शोक का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि अंशु देवी मेहनती और जिम्मेदार महिला थीं। उनकी असमय मौत ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया है। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही घटना के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा।


