दरभंगा में मिथिला की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और पारंपरिक खेलों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से मिथिला लोक उत्सव 2025-26 के अंतर्गत हराही तालाब में नौकायन प्रतियोगिता का सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन जिला पदाधिकारी कौशल कुमार ने फीता काटकर किया। इस अवसर पर नगर आयुक्त राकेश कुमार गुप्ता, अपर समाहर्ता (आपदा प्रबंधन) सलीम अख्तर, जिला मत्स्य पदाधिकारी अनुपम कुमार, नजारत उप समाहर्ता पवन कुमार, प्रभारी पदाधिकारी (सामान्य शाखा) वृष भानु चंद्रा, जिला खेल पदाधिकारी परिमल सहित कई पदाधिकारी, वार्ड पार्षद विकास कुमार और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। 640 मीटर की रोमांचक प्रतिस्पर्धा प्रतियोगिता में प्रतिभागियों ने कुल 640 मीटर की दूरी तय की, जिसमें 320 मीटर आगे जाकर फिर से 320 मीटर वापस लौटना शामिल था। पूरे आयोजन के दौरान सुरक्षा के व्यापक प्रबंध किए गए थे। तालाब किनारे दर्शकों में खासा उत्साह देखने को मिला। जल संस्कृति का ऐतिहासिक महत्व रहा जिला पदाधिकारी ने अपने संबोधन में कहा कि दरभंगा तालाबों का शहर है और यहां की जल संस्कृति का ऐतिहासिक महत्व रहा है। उन्होंने कहा कि ऐसी प्रतियोगिताएं पारंपरिक खेलों को प्रोत्साहन देने के साथ-साथ युवाओं में अनुशासन, खेल भावना और सामुदायिक सहभागिता को भी मजबूत करती हैं। उन्होंने भविष्य में भी इस तरह के आयोजनों को जारी रखने का आश्वासन दिया। कार्यक्रम का मंच संचालन नवीन सिन्हा ने किया। आयोजन को सफल बनाने में प्रशासनिक अधिकारियों, खेल विभाग, मत्स्य विभाग और स्थानीय नागरिकों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। यह आयोजन मिथिला लोक उत्सव 2025-26 की श्रृंखला का प्रमुख आकर्षण बनकर उभरा। समाहरणालय में गरिमामय विदाई समारोह समाहरणालय स्थित बाबा साहेब डॉ. भीमराव अम्बेडकर सभागार में जिला राजस्व शाखा के दो कर्मियों—मो. शकील अहमद (लिपिक) और राम लक्ष्मी देवी (कार्यालय परिचारी)—के सम्मान में सेवानिवृत्ति समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता अपर समाहर्ता (राजस्व) मनोज कुमार ने की। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि दोनों कर्मियों ने लंबे समय तक निष्ठा, ईमानदारी और कर्तव्यपरायणता के साथ सेवा दी है। राजस्व शाखा जैसे महत्वपूर्ण विभाग में उनकी भूमिका सराहनीय रही है।
समारोह के दौरान सहकर्मियों ने उनके सरल स्वभाव, समयपालन और सहयोगी व्यवहार की प्रशंसा की। उन्हें अंगवस्त्र, पुष्पगुच्छ और स्मृति-चिन्ह देकर सम्मानित किया गया और स्वस्थ और सुखमय जीवन की कामना की गई। मो. शकील अहमद और राम लक्ष्मी देवी ने भी अपने अनुभव साझा करते हुए विभागीय सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का समापन धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ। दरभंगा में मिथिला की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और पारंपरिक खेलों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से मिथिला लोक उत्सव 2025-26 के अंतर्गत हराही तालाब में नौकायन प्रतियोगिता का सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन जिला पदाधिकारी कौशल कुमार ने फीता काटकर किया। इस अवसर पर नगर आयुक्त राकेश कुमार गुप्ता, अपर समाहर्ता (आपदा प्रबंधन) सलीम अख्तर, जिला मत्स्य पदाधिकारी अनुपम कुमार, नजारत उप समाहर्ता पवन कुमार, प्रभारी पदाधिकारी (सामान्य शाखा) वृष भानु चंद्रा, जिला खेल पदाधिकारी परिमल सहित कई पदाधिकारी, वार्ड पार्षद विकास कुमार और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। 640 मीटर की रोमांचक प्रतिस्पर्धा प्रतियोगिता में प्रतिभागियों ने कुल 640 मीटर की दूरी तय की, जिसमें 320 मीटर आगे जाकर फिर से 320 मीटर वापस लौटना शामिल था। पूरे आयोजन के दौरान सुरक्षा के व्यापक प्रबंध किए गए थे। तालाब किनारे दर्शकों में खासा उत्साह देखने को मिला। जल संस्कृति का ऐतिहासिक महत्व रहा जिला पदाधिकारी ने अपने संबोधन में कहा कि दरभंगा तालाबों का शहर है और यहां की जल संस्कृति का ऐतिहासिक महत्व रहा है। उन्होंने कहा कि ऐसी प्रतियोगिताएं पारंपरिक खेलों को प्रोत्साहन देने के साथ-साथ युवाओं में अनुशासन, खेल भावना और सामुदायिक सहभागिता को भी मजबूत करती हैं। उन्होंने भविष्य में भी इस तरह के आयोजनों को जारी रखने का आश्वासन दिया। कार्यक्रम का मंच संचालन नवीन सिन्हा ने किया। आयोजन को सफल बनाने में प्रशासनिक अधिकारियों, खेल विभाग, मत्स्य विभाग और स्थानीय नागरिकों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। यह आयोजन मिथिला लोक उत्सव 2025-26 की श्रृंखला का प्रमुख आकर्षण बनकर उभरा। समाहरणालय में गरिमामय विदाई समारोह समाहरणालय स्थित बाबा साहेब डॉ. भीमराव अम्बेडकर सभागार में जिला राजस्व शाखा के दो कर्मियों—मो. शकील अहमद (लिपिक) और राम लक्ष्मी देवी (कार्यालय परिचारी)—के सम्मान में सेवानिवृत्ति समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता अपर समाहर्ता (राजस्व) मनोज कुमार ने की। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि दोनों कर्मियों ने लंबे समय तक निष्ठा, ईमानदारी और कर्तव्यपरायणता के साथ सेवा दी है। राजस्व शाखा जैसे महत्वपूर्ण विभाग में उनकी भूमिका सराहनीय रही है।
समारोह के दौरान सहकर्मियों ने उनके सरल स्वभाव, समयपालन और सहयोगी व्यवहार की प्रशंसा की। उन्हें अंगवस्त्र, पुष्पगुच्छ और स्मृति-चिन्ह देकर सम्मानित किया गया और स्वस्थ और सुखमय जीवन की कामना की गई। मो. शकील अहमद और राम लक्ष्मी देवी ने भी अपने अनुभव साझा करते हुए विभागीय सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का समापन धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ।


