मधुबनी जिले के सकरी में प्रस्तावित सहकारी चीनी मिल की स्थापना की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। बुधवार को नेशनल फेडरेशन ऑफ कोऑपरेटिव शुगर फैक्ट्रीज लिमिटेड, नई दिल्ली के विशेषज्ञों ने स्थल का विस्तृत निरीक्षण किया। मुख्य गन्ना सलाहकार डॉ. आर. बी. डोले और तकनीकी सलाहकार के. एम. चौधरी ने संभाव्यता प्रतिवेदन (फिजिबिलिटी रिपोर्ट) और विस्तृत परियोजना प्रतिवेदन (डीपीआर) तैयार करने के उद्देश्य से स्थल का जायजा लिया। इस दौरान भूमि की स्थिति, संपर्क पथ, जल उपलब्धता, विद्युत व्यवस्था, गन्ना उत्पादन क्षेत्र और परिवहन सुविधा जैसे तकनीकी एवं भौगोलिक पहलुओं का गहन अवलोकन किया गया। निरीक्षण के बाद विशेषज्ञ दल ने स्थानीय गन्ना कृषकों से सीधा संवाद किया। कृषकों ने गन्ना उत्पादन, विपणन की समस्याओं, उचित मूल्य और परिवहन सुविधाओं पर अपने विचार साझा किए। चीनी मिल से गन्ने का उचित मूल्य मिलेगा
विशेषज्ञों ने कृषकों को आश्वासन दिया कि प्रस्तावित चीनी मिल से न केवल गन्ने का उचित मूल्य मिलेगा, बल्कि स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजन, आर्थिक सशक्तिकरण और कृषि आधारित उद्योगों को भी बढ़ावा मिलेगा। इस अवसर पर जिला सहकारिता पदाधिकारी और जिला ईख (गन्ना) पदाधिकारी भी मौजूद रहे। उन्होंने विशेषज्ञ दल को जिले में गन्ना उत्पादन की वर्तमान स्थिति, संभावनाओं और सहकारी चीनी मिल की आवश्यकता से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान की। यह प्रस्तावित सहकारी चीनी मिल मधुबनी जिले के सकरी और आसपास के क्षेत्रों के गन्ना कृषकों को सीधा लाभ पहुंचाएगी। यह परियोजना कृषि, उद्योग और सहकारिता के समन्वय से क्षेत्रीय विकास को नई गति प्रदान करने में मील का पत्थर साबित होगी। मधुबनी जिले के सकरी में प्रस्तावित सहकारी चीनी मिल की स्थापना की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। बुधवार को नेशनल फेडरेशन ऑफ कोऑपरेटिव शुगर फैक्ट्रीज लिमिटेड, नई दिल्ली के विशेषज्ञों ने स्थल का विस्तृत निरीक्षण किया। मुख्य गन्ना सलाहकार डॉ. आर. बी. डोले और तकनीकी सलाहकार के. एम. चौधरी ने संभाव्यता प्रतिवेदन (फिजिबिलिटी रिपोर्ट) और विस्तृत परियोजना प्रतिवेदन (डीपीआर) तैयार करने के उद्देश्य से स्थल का जायजा लिया। इस दौरान भूमि की स्थिति, संपर्क पथ, जल उपलब्धता, विद्युत व्यवस्था, गन्ना उत्पादन क्षेत्र और परिवहन सुविधा जैसे तकनीकी एवं भौगोलिक पहलुओं का गहन अवलोकन किया गया। निरीक्षण के बाद विशेषज्ञ दल ने स्थानीय गन्ना कृषकों से सीधा संवाद किया। कृषकों ने गन्ना उत्पादन, विपणन की समस्याओं, उचित मूल्य और परिवहन सुविधाओं पर अपने विचार साझा किए। चीनी मिल से गन्ने का उचित मूल्य मिलेगा
विशेषज्ञों ने कृषकों को आश्वासन दिया कि प्रस्तावित चीनी मिल से न केवल गन्ने का उचित मूल्य मिलेगा, बल्कि स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजन, आर्थिक सशक्तिकरण और कृषि आधारित उद्योगों को भी बढ़ावा मिलेगा। इस अवसर पर जिला सहकारिता पदाधिकारी और जिला ईख (गन्ना) पदाधिकारी भी मौजूद रहे। उन्होंने विशेषज्ञ दल को जिले में गन्ना उत्पादन की वर्तमान स्थिति, संभावनाओं और सहकारी चीनी मिल की आवश्यकता से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान की। यह प्रस्तावित सहकारी चीनी मिल मधुबनी जिले के सकरी और आसपास के क्षेत्रों के गन्ना कृषकों को सीधा लाभ पहुंचाएगी। यह परियोजना कृषि, उद्योग और सहकारिता के समन्वय से क्षेत्रीय विकास को नई गति प्रदान करने में मील का पत्थर साबित होगी।


