नोएडा के सेक्टर-56 स्थित उत्तरखंड पब्लिक स्कूल का मामला तूल पकड़ता दिख रहा है। स्कूल प्रबंधन पर प्राधिकरण का करीब 24 करोड़ रुपए बकाया है। पैसा जमा नहीं करने पर स्कूल को सील कर दिया जाएगा। इस स्कूल में करीब 1500 बच्चे पढ़ते है। इससे पहले भी बकाया को लेकर प्राधिकरण ने अप्रैल 2023 में स्कूल को सील किया था। उस समय स्कूल प्रबंधन ने आश्वासन दिया था कि दो किस्तों में पैसा जमा कर दिया जाएगा। जिसके बाद प्राधिकरण ने स्कूल की डिसील किया था। हालांकि अब सीबीएसई ने नौवीं कक्षा से 12वीं तक की मान्यता रद्य कर दी है। सिर्फ आठवीं तक की क्लास यहां चलेंगी। टीचरों के आरोप भी गंभीर है। इसमें लीज रेंट के रूप में 2 करोड़ 16 लाख 60 हजार रुपए वहीं जमीन की किस्तों के रुप में 22 लाख 97 लाख 50 हजार रुपए बकाया है। सितंबर 2020 में आवंटन किया था रद्य
प्राधिकरण ने बताया कि उत्तराखंड पब्लिक स्कूल को 1991 में 3549 वर्गमीटर जमीन कुल जमीन की कीमत के 20 फीसदी पर आवंटित की गई थी। उसके बाद से स्कूल प्रबंधन ने कभी कोई राशि नहीं दी। प्राधिकरण ने 3 सितंबर 2020 में भूमि आवंटन रद्द कर दिया था। लेकिन कोविड महामारी के कारण कोई कार्रवाई नहीं की गई। कब कब दिए गए नोटिस
प्राधिकरण ने बताया कि सेक्टर-56 के ई-1ए के भूखंड पर स्कूल का निर्माण किया गया है। भूखंड का आवंटन उत्तराखंड जन कल्याण परिषद के नाम से 1991 का है। 1992 में कब्जा लिया गया। इस दौरान 20 प्रतिशत पैसा जमा किया गया। 80 प्रतिशत के लिए किस्त बनाई गई। लेकिन एक बार भी पैसा जमा नहीं किया गया। बकाया के संबंध में प्रबंधन को 11 अगस्त को 2020 को अंतिम नोटिस जारी किया गया था। पहले 14 मार्च 2023 और 6 अप्रैल 2023 को भी कब्जा वापस करने के लिए पत्र दिए गए। लेकिन कब्जा वापस नहीं किया गया। 21 अप्रैल 2023 को कब्जा वापस करने के लिए नोटिस जारी कर तीन दिन का समय दिया गया। जिसके बाद 24 अप्रैल 2023 को प्राधिकरण ने स्कूल को सील कर दिया गया था। ऐसे में पैसा जमा करने का आश्वासन दिया गया। एक बार फिर पैसा जमा नहीं किया गया। क्या कहते है अधिकारी
नोएडा प्राधिकरण की एसीईआ वंदना त्रिपाठी ने बताया कि स्कूल प्रबंधन की ओर से दो किस्तों में पैसा जमा करने के लिए कहा गया था। लेकिन जमा नहीं किया। पैसा जमा करे तो स्कूल को सील नहीं किया जाएगा। अन्यथा सीलिंग की कार्रवाई की जाएगी।


