लखनऊ के आशियाना इलाके में पिता की निर्मम हत्या के मामले में बुधवार को तीसरे दिन पोस्टमार्टम के बाद घर पहुंचा फिर शव सीधे वीआईपी रोड स्थित बैकुंठ धाम पहुंचा, जहां अंतिम संस्कार किया गया। घटना ने पूरे शहर को झकझोर दिया है।
रातभर जागकर बनाई हत्या की योजना
पुलिस पूछताछ में आरोपी बेटे अक्षत ने चौंकाने वाला खुलासा किया। उसने बताया कि 20 फरवरी की तड़के करीब 4:30 बजे लाइसेंसी राइफल से सोते हुए पिता के सीने में गोली मार दी। वह तब तक वहीं खड़ा रहा, जब तक पिता की सांसें थम नहीं गईं।
गोली मारने के बाद उसने शव को तीसरी मंजिल से नीचे ग्राउंड फ्लोर के बाथरूम में ले जाकर ठिकाने लगाने की साजिश रची।
आरी से काटे हाथ-पैर, नल खुला छोड़ा
अक्षत ने बाजार से आरी और नीला प्लास्टिक ड्रम खरीदा। बाथरूम में शव के हाथ-पैर आरी से काटे। इस दौरान नल की टोटी खुली रखी, ताकि खून नाली में बह जाए।
कटे हुए अंगों को पॉलीथिन में पैक कर करीब 20 किलोमीटर दूर काकोरी के सदरौना इलाके में फेंक आया।
धड़ को दो हिस्सों में काटने की कोशिश की, लेकिन असफल रहा। इसके बाद धड़ को ड्रम में भरकर छिपा दिया।
10 लीटर तारपिन तेल खरीदकर जलाने की थी तैयारी
आरोपी ने शेष शव को जलाने के इरादे से 10 लीटर तारपिन तेल भी खरीदा था। वह धड़ को किसी सुनसान जगह ले जाकर जलाने की फिराक में था, लेकिन इससे पहले ही पुलिस को भनक लग गई।


