नवादा में पीएम विश्वकर्मा जागरूकता कार्यक्रम:कारीगरों को सशक्त बनाने की पहल

नवादा में पीएम विश्वकर्मा जागरूकता कार्यक्रम:कारीगरों को सशक्त बनाने की पहल

नवादा में एमएसएमई-विकास कार्यालय, पटना ने प्रधानमंत्री विश्वकर्मा जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया। यह कार्यक्रम कृषक महाविद्यालय, देवधा, पकड़ी बरावां में संपन्न हुआ। इसका मुख्य उद्देश्य स्थानीय पारंपरिक कारीगरों, शिल्पकारों, युवाओं और उद्यमियों को पीएम विश्वकर्मा योजना के लाभ, प्रावधानों और आवेदन प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी प्रदान करना था। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया। मुख्य अतिथि निदेशक आर. के. चौधरी ने अपने संबोधन में कहा कि यह योजना कारीगरों को आर्थिक और तकनीकी रूप से सशक्त बनाती है। उन्होंने लोगों से योजना का लाभ उठाकर आत्मनिर्भर बनने की अपील की। चौधरी ने योजना के प्रमुख लाभों पर प्रकाश डाला, जिनमें कौशल प्रशिक्षण, ₹15,000 तक का आधुनिक टूलकिट, ₹3 लाख तक का आसान ऋण (5 प्रतिशत ब्याज दर पर), डिजिटल लेनदेन के लिए प्रोत्साहन और विपणन सहायता शामिल है। कार्यक्रम में अन्य अतिथियों के रूप में पंजाब नेशनल बैंक, एसबीआई और इंडिया पोस्ट पेमेंट बैंक के शाखा प्रबंधक, साथ ही जिला उद्योग केंद्र के अधिकारी और विशेषज्ञ भी उपस्थित थे। सभी ने योजना की उपयोगिता पर जोर दिया। तकनीकी सत्र के दौरान, प्रतिभागियों को योजना की पात्रता, रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया, प्रशिक्षण विवरण, टूलकिट वितरण, ऋण प्रक्रिया, सब्सिडी और आवश्यक दस्तावेजों के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई। इस सत्र में प्रतिभागियों ने अपने सवाल पूछे और अनुभव साझा किए। कई कारीगरों ने बताया कि ऐसे कार्यक्रम सरकारी योजनाओं को समझने में अत्यंत सहायक होते हैं।कार्यक्रम के अंत में, यंग प्रोफेशनल श्री तुषार पांडेय ने धन्यवाद ज्ञापन किया और भविष्य में भी ऐसे जागरूकता कार्यक्रमों को जारी रखने की बात कही। इस आयोजन से नवादा के कारीगरों में पीएम विश्वकर्मा योजना के प्रति जागरूकता बढ़ी और वे अपने पारंपरिक कौशल को आधुनिक बनाकर अपनी आय बढ़ाने के लिए प्रेरित हुए। नवादा में एमएसएमई-विकास कार्यालय, पटना ने प्रधानमंत्री विश्वकर्मा जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया। यह कार्यक्रम कृषक महाविद्यालय, देवधा, पकड़ी बरावां में संपन्न हुआ। इसका मुख्य उद्देश्य स्थानीय पारंपरिक कारीगरों, शिल्पकारों, युवाओं और उद्यमियों को पीएम विश्वकर्मा योजना के लाभ, प्रावधानों और आवेदन प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी प्रदान करना था। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया। मुख्य अतिथि निदेशक आर. के. चौधरी ने अपने संबोधन में कहा कि यह योजना कारीगरों को आर्थिक और तकनीकी रूप से सशक्त बनाती है। उन्होंने लोगों से योजना का लाभ उठाकर आत्मनिर्भर बनने की अपील की। चौधरी ने योजना के प्रमुख लाभों पर प्रकाश डाला, जिनमें कौशल प्रशिक्षण, ₹15,000 तक का आधुनिक टूलकिट, ₹3 लाख तक का आसान ऋण (5 प्रतिशत ब्याज दर पर), डिजिटल लेनदेन के लिए प्रोत्साहन और विपणन सहायता शामिल है। कार्यक्रम में अन्य अतिथियों के रूप में पंजाब नेशनल बैंक, एसबीआई और इंडिया पोस्ट पेमेंट बैंक के शाखा प्रबंधक, साथ ही जिला उद्योग केंद्र के अधिकारी और विशेषज्ञ भी उपस्थित थे। सभी ने योजना की उपयोगिता पर जोर दिया। तकनीकी सत्र के दौरान, प्रतिभागियों को योजना की पात्रता, रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया, प्रशिक्षण विवरण, टूलकिट वितरण, ऋण प्रक्रिया, सब्सिडी और आवश्यक दस्तावेजों के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई। इस सत्र में प्रतिभागियों ने अपने सवाल पूछे और अनुभव साझा किए। कई कारीगरों ने बताया कि ऐसे कार्यक्रम सरकारी योजनाओं को समझने में अत्यंत सहायक होते हैं।कार्यक्रम के अंत में, यंग प्रोफेशनल श्री तुषार पांडेय ने धन्यवाद ज्ञापन किया और भविष्य में भी ऐसे जागरूकता कार्यक्रमों को जारी रखने की बात कही। इस आयोजन से नवादा के कारीगरों में पीएम विश्वकर्मा योजना के प्रति जागरूकता बढ़ी और वे अपने पारंपरिक कौशल को आधुनिक बनाकर अपनी आय बढ़ाने के लिए प्रेरित हुए।  

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *