Why Share Market Fall Today: भारतीय शेयर बाजार में आज भारी गिरावट देखी जा रही है। मंगलवार सुबह शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स 0.90 फीसदी या 752 अंक की गिरावट के साथ 82,537 पर ट्रेड करता दिखाई दिया। वहीं, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का सूचकांक निफ्टी इस समय 0.82 फीसदी या 209 अंक की गिरावट के साथ 25,502 पर ट्रेड करता दिखाई दिया। सबसे ज्यादा गिरावट आज निफ्टी आईटी में 3.41 फीसदी देखने को मिली। वहीं, निफ्टी रियल्टी और निफ्टी मिडस्मॉल आईटी एंड टेलीकॉम में भी बड़ी गिरावट देखने को मिली है। आइए जानते हैं कि बाजार में आज की गिरावट के पीछे क्या कारण हैं।
- अमेरिकी टैरिफ का खतरा
पिछले सप्ताह अमेरिका के सुप्रीम कोर्ट ने ट्रंप द्वारा लगाए गए टैरिफ को रद्द कर दिया। लेकिन इससे ट्रंप प्रशासन अपनी टैरिफ रणनीति को लेकर और अधिक आक्रामक होता दिखाई दे रहा है। ब्लूमबर्ग की एक रिपोर्ट के अनुसार, ट्रंप प्रशासन सुप्रीम कोर्ट द्वारा रद्द किए गए वैश्विक टैरिफ को रिप्लेस करने के लिए ट्रेड एक्सपेंशन एक्ट 1962 की धारा 232 का उपयोग करने की योजना बना रहा है।
ट्रंप ने विदेशी देशों को चेतावनी दी है कि यदि वे अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट के फैसले का समर्थन करते हैं, तो अमेरिका में आयात होने वाले उनके सामान पर अधिक टैरिफ लगाया जा सकता है। इस बीच, सभी की नजरें 24 फरवरी को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के दूसरे कार्यकाल के पहले आधिकारिक स्टेट ऑफ द यूनियन संबोधन पर टिकी हुई हैं।
जियोजित इन्वेस्टमेंट्स लिमिटेड के चीफ इन्वेस्टमेंट स्ट्रेटेजिस्ट वीके विजयकुमार ने कहा, “आज राष्ट्रपति ट्रंप का स्टेट ऑफ द यूनियन संबोधन और उसमें दिया गया संदेश वैश्विक बाजारों द्वारा ध्यान से देखा जाएगा। सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद टैरिफ बदलाव के चलते यूरोपीय संघ द्वारा अमेरिका के साथ समझौते को रोकना और समझौतों से पीछे हटने वाले देशों को ट्रंप की चेतावनी यह संकेत देती है कि टैरिफ से जुड़ा यह घटनाक्रम अभी और भी अर्थव्यवस्थाओं और बाजारों को प्रभावित कर सकता है।”
- अमेरिका-ईरान तनाव
ईरान में बढ़ते तनाव से निवेशक सतर्क बने हुए हैं, क्योंकि पूरे देश में विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं और सरकार की हिंसक प्रतिक्रिया में कथित तौर पर हजारों लोगों की मौत हुई है। अमेरिका ने ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई की धमकी भी दी है। वॉशिंगटन और तेहरान के बीच परमाणु वार्ता का अगला दौर गुरुवार, 26 फरवरी को होना है।
- आईटी शेयरों में बिकवाली जारी
आईटी शेयरों में तेज बिकवाली से बाजार की समग्र धारणा पर नकारात्मक असर पड़ रहा है। मंगलवार को इंट्राडे ट्रेड में निफ्टी आईटी इंडेक्स लगभग 4% गिर गया और फरवरी महीने में अब तक करीब 20% की गिरावट दर्ज कर चुका है। इसका कारण एआई से जुड़े संभावित प्रभाव और अमेरिका में ऊंची ब्याज दरों को लेकर चिंता है।
वीके विजयकुमार ने कहा, “एआई के संभावित प्रभाव के कारण टेक शेयरों में कमजोरी का ट्रेंड जारी है। भारतीय आईटी कंपनियों के एडीआर में कमजोरी से संकेत मिलता है कि इस सेक्टर पर आगे भी दबाव बना रह सकता है।”
- कच्चे तेल की कीमतों में बढ़ोतरी
मंगलवार को ब्रेंट क्रूड की कीमत लगभग 1% बढ़कर 72 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर पहुंच गई, जो छह महीने के उच्च स्तर के करीब है। यह बढ़ोतरी अमेरिका और ईरान के बीच परमाणु वार्ता के तीसरे दौर से पहले देखी गई। कच्चे तेल की ऊंची कीमतें बाजार की धारणा पर दबाव डाल रही हैं, क्योंकि भारत दुनिया के सबसे बड़े तेल आयातकों में से एक है। ऊंची कीमतें देश की आर्थिक स्थिरता पर दबाव डाल सकती हैं, महंगाई बढ़ा सकती हैं और रुपये को कमजोर कर सकती है।


