महाराष्ट्र के अहिल्यानगर (अहमदनगर) जिला से एक बेहद सनसनीखेज मामला सामने आया है। 15 वर्षीय नाबालिग छात्रा के अपहरण और उसके साथ पांच दिनों तक जंगल में बंधक बनाकर दुष्कर्म किए जाने की घटना ने पूरे जिले को झकझोर दिया है। घटना के विरोध में गांव में बंद बुलाया गया है और माहौल तनावपूर्ण बना हुआ है।
कॉलेज जाने के लिए निकली, फिर लापता
जानकारी के मुताबिक, राहुरी तालुका के कानडगांव की आदिवासी परिवार की छात्रा 13 फरवरी को स्कूल जाने की बात कहकर घर से निकली थी। जब वह देर शाम तक वापस नहीं लौटी, तो परिजनों ने अनहोनी की आशंका में पुलिस से संपर्क किया।
पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तुरंत शिकायत दर्ज की। इसके बाद नाबालिग के मोबाइल लोकेशन, तकनीकी सर्विलांस और गुप्त सूचना के आधार पर सर्च ऑपरेशन शुरू किया। जांच के दौरान संदेह कुछ लोगों पर गया और टीम ने तेजी से कार्रवाई की।
रामशेज किले के जंगल में ले जाकर किया रेप
तफ्तीश में सामने आया कि मुख्य आरोपी मुक्तार हैदर पठान ने नाबालिग छात्रा का अपहरण कर उसे नासिक जिले के रामशेज किला क्षेत्र के जंगल में पांच दिनों से बंधक बनाकर रखा है। पुलिस के अनुसार, इस दौरान उसके साथ कई बार दुष्कर्म किया गया।
पुलिस की टीम ने बड़ा कदम उठाते हुए जंगल में छापेमारी की और पीड़ित छात्रा को सुरक्षित बचा लिया। पुलिस ने इस मामले में मुक्तार के साथ-साथ उसकी मदद करने वाले दो अन्य लोगों को भी गिरफ्तार किया है।
गांव में आक्रोश, बंद का आह्वान
घटना के विरोध में स्थानीय नागरिकों ने कानडगांव और आसपास के क्षेत्रों में बंद बुलाया है। भाजपा समेत अन्य दलों के स्थानीय नेता भी विरोध प्रदर्शन में शामिल हुए और आरोपियों को कड़ी सजा देने की मांग की है। विभिन्न संगठनों ने भी पीड़िता को न्याय दिलाने और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग उठाई है।


