लखीमपुर खीरी के गोला कोतवाली में यूपीपीसीएल के अवर अभियंता (जेई) नितिन कुमार सिंह से मारपीट के मामले में आखिरकार मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने छोटी काशी कारीडोर क्षेत्र में एक दर्जन से अधिक अज्ञात हमलावरों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। तहरीर के अनुसार, पीड़ित नितिन कुमार सिंह, जो साकेतपुरी आलमबाग लखनऊ के निवासी हैं, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के ड्रीम प्रोजेक्ट गोकर्ण कारीडोर में अवर अभियंता के पद पर तैनात हैं। यह घटना महाशिवरात्रि पर्व के मद्देनजर 13/14 फरवरी 2026 की रात करीब 11 बजे हुई, जब वे निर्माण कार्यों की निगरानी कर रहे थे। बताया गया है कि परगना मजिस्ट्रेट के मौके से जाने के बाद जेई नितिन सिंह मिल डायवर्जन रोड पर पैचिंग कार्य का निरीक्षण करने पैदल आगे बढ़े। आरोप है कि अंबेडकर तिराहे के पास पहुंचते ही पहले से घात लगाए बैठे एक दर्जन से अधिक अज्ञात हमलावरों ने उन पर हमला कर दिया। पीड़ित के अनुसार, हमलावरों ने लात-घूंसों और थप्पड़ों से मारपीट की। साथ ही किसी नुकीली वस्तु से भी वार किया गया, जिससे उनके गाल और चेहरे पर खरोंच और सूजन आ गई। इस घटना के बाद से नितिन सिंह और उनके अधीनस्थ कर्मचारी दहशत में हैं। तहरीर में यह भी बताया गया है कि कारीडोर में काम कर रहे बाहरी मजदूरों के साथ पहले भी मारपीट की घटनाएं हो चुकी हैं। इन घटनाओं की शिकायत मुख्यमंत्री पोर्टल, जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक कार्यालय में की गई थी, लेकिन ठोस कार्रवाई न होने के कारण आरोपियों के हौसले बुलंद थे। प्रभारी निरीक्षक ने 18 फरवरी 2026 को मिली तहरीर के आधार पर संबंधित धाराओं में अभियोग पंजीकृत करने के निर्देश दिए। पुलिस ने कहा है कि मामले की गहन जांच कर आरोपियों की पहचान की जाएगी और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।


