दरभंगा जिले के कमतौल थाना क्षेत्र में मंगलवार देर रात सड़क हादसे में पूर्व मुखिया की मौके पर ही मौत हो गई। अज्ञात वाहन की टक्कर से 55 वर्षीय खुर्शीद आलम उर्फ नीलू की जान चली गई।
मृतक की पहचान अहियारी दक्षिणी पंचायत के पूर्व मुखिया खुर्शीद आलम के रूप मे हुई। बताया गया कि खुर्शीद आलम दरभंगा से कमतौल अपने गांव लौट रहे थे। इसी दौरान तेज रफ्तार अज्ञात हाईवा ने टक्कर मार दी। चालक वाहन लेकर फरार हो गया। टक्कर इतनी भीषण थी कि उनकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग मौके पर जुट गए और पुलिस को जानकारी दी। पुलिस शव को कब्जे में लेने लगी, जिस पर ग्रामीणों ने आपत्ति जताई। ग्रामीणों का आरोप था कि परिजनों के पहुंचने से पहले ही पुलिस शव उठाकर ले जा रही थी। इसको लेकर लोगों में आक्रोश फैल गया और सड़क कर दिया।
करीब 2 घंटे तक एसएच-75 पर आवागमन बाधित रहा। बाद में अधिकारियों के समझाने-बुझाने के बाद जाम हटाया गया। घटना एसएच-75 पर कर्जापट्टी चौक स्थित सल्हेश मंदिर के पास हुई। चार साल में 6 से अधिक घटनाएं हुई हैं मृतक अपने पीछे 9 बेटे और 3 बेटियां छोड़ गए हैं। स्थानीय जिला परिषद प्रतिनिधि अशद हुसैन आजमी ने आरोप लगाया कि कर्जापट्टी चौक के पास वर्षों से जलजमाव की समस्या बनी हुई है। उन्होंने कहा कि करीब 4 साल पहले एक नाला बनाया गया था, लेकिन उसे तालाब तक नहीं जोड़ा गया, जिससे सड़क पर स्थायी जलजमाव रहता है।
4 साल में 6 से अधिक सड़क दुर्घटनाएं हो चुकी है। पानी से बचने के प्रयास में वाहन असंतुलित हो जाते हैं और हादसे होते हैं। मामले को जिलाधिकारी के समक्ष उठाएंगे। कमतौल थानाध्यक्ष संजीव कुमार चौधरी ने बताया कि शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है। अज्ञात वाहन की पहचान के लिए आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। आवेदन मिलने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। दरभंगा जिले के कमतौल थाना क्षेत्र में मंगलवार देर रात सड़क हादसे में पूर्व मुखिया की मौके पर ही मौत हो गई। अज्ञात वाहन की टक्कर से 55 वर्षीय खुर्शीद आलम उर्फ नीलू की जान चली गई।
मृतक की पहचान अहियारी दक्षिणी पंचायत के पूर्व मुखिया खुर्शीद आलम के रूप मे हुई। बताया गया कि खुर्शीद आलम दरभंगा से कमतौल अपने गांव लौट रहे थे। इसी दौरान तेज रफ्तार अज्ञात हाईवा ने टक्कर मार दी। चालक वाहन लेकर फरार हो गया। टक्कर इतनी भीषण थी कि उनकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग मौके पर जुट गए और पुलिस को जानकारी दी। पुलिस शव को कब्जे में लेने लगी, जिस पर ग्रामीणों ने आपत्ति जताई। ग्रामीणों का आरोप था कि परिजनों के पहुंचने से पहले ही पुलिस शव उठाकर ले जा रही थी। इसको लेकर लोगों में आक्रोश फैल गया और सड़क कर दिया।
करीब 2 घंटे तक एसएच-75 पर आवागमन बाधित रहा। बाद में अधिकारियों के समझाने-बुझाने के बाद जाम हटाया गया। घटना एसएच-75 पर कर्जापट्टी चौक स्थित सल्हेश मंदिर के पास हुई। चार साल में 6 से अधिक घटनाएं हुई हैं मृतक अपने पीछे 9 बेटे और 3 बेटियां छोड़ गए हैं। स्थानीय जिला परिषद प्रतिनिधि अशद हुसैन आजमी ने आरोप लगाया कि कर्जापट्टी चौक के पास वर्षों से जलजमाव की समस्या बनी हुई है। उन्होंने कहा कि करीब 4 साल पहले एक नाला बनाया गया था, लेकिन उसे तालाब तक नहीं जोड़ा गया, जिससे सड़क पर स्थायी जलजमाव रहता है।
4 साल में 6 से अधिक सड़क दुर्घटनाएं हो चुकी है। पानी से बचने के प्रयास में वाहन असंतुलित हो जाते हैं और हादसे होते हैं। मामले को जिलाधिकारी के समक्ष उठाएंगे। कमतौल थानाध्यक्ष संजीव कुमार चौधरी ने बताया कि शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है। अज्ञात वाहन की पहचान के लिए आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। आवेदन मिलने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।


