किशनगंज नगर परिषद के वीर कुंवर सिंह बस पड़ाव (बस स्टैंड) के वित्तीय वर्ष 2026-27 के डाक (निविदा) को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। यह विवाद पिछले वित्तीय वर्ष की तुलना में इस वर्ष कम राशि में निविदा फाइनल होने को लेकर है, जिससे राजस्व को भारी नुकसान होने की आशंका है। इस वित्तीय वर्ष में वीर कुंवर सिंह बस टर्मिनल का डाक 1 करोड़ 45 लाख 20 हजार रुपए में सुबीर कुमार के नाम से फाइनल हुआ है। जबकि पिछले वित्तीय वर्ष में बस स्टैंड का डाक 1 करोड़ 99 लाख रुपये में हुआ था। इस साल करीब 55 लाख रुपए कम में डाक हुआ इस प्रकार, पिछले वर्ष की तुलना में इस वर्ष करीब 55 लाख रुपये कम में डाक हुआ है। राजस्व के इस नुकसान का मामला अब तूल पकड़ने लगा है और इस पर सवाल उठाए जा रहे हैं। लोक जनशक्ति पार्टी (लोजपा) के जिलाध्यक्ष हबीबुर्रहमान ने इस प्रक्रिया पर गंभीर आरोप लगाए हैं। अनियमितता और पारदर्शिता की कमी का आरोप लगाया उन्होंने नगर परिषद अध्यक्ष और कार्यपालक पदाधिकारी को आवेदन देकर डाक प्रक्रिया में अनियमितता और पारदर्शिता की कमी का आरोप लगाया है। हबीबुर्रहमान ने अपने आवेदन में कहा है कि निविदा का समुचित प्रचार-प्रसार नहीं किया गया। इस कारण इच्छुक लोगों को इसकी जानकारी नहीं मिल सकी और वे डाक प्रक्रिया में शामिल नहीं हो पाए। उन्होंने नगर परिषद अध्यक्ष से अनुरोध किया है कि राजकोष के हित में उनके आवेदन पर विचार किया जाए और इस संबंध में उचित आदेश पारित किए जाएं। किशनगंज नगर परिषद के वीर कुंवर सिंह बस पड़ाव (बस स्टैंड) के वित्तीय वर्ष 2026-27 के डाक (निविदा) को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। यह विवाद पिछले वित्तीय वर्ष की तुलना में इस वर्ष कम राशि में निविदा फाइनल होने को लेकर है, जिससे राजस्व को भारी नुकसान होने की आशंका है। इस वित्तीय वर्ष में वीर कुंवर सिंह बस टर्मिनल का डाक 1 करोड़ 45 लाख 20 हजार रुपए में सुबीर कुमार के नाम से फाइनल हुआ है। जबकि पिछले वित्तीय वर्ष में बस स्टैंड का डाक 1 करोड़ 99 लाख रुपये में हुआ था। इस साल करीब 55 लाख रुपए कम में डाक हुआ इस प्रकार, पिछले वर्ष की तुलना में इस वर्ष करीब 55 लाख रुपये कम में डाक हुआ है। राजस्व के इस नुकसान का मामला अब तूल पकड़ने लगा है और इस पर सवाल उठाए जा रहे हैं। लोक जनशक्ति पार्टी (लोजपा) के जिलाध्यक्ष हबीबुर्रहमान ने इस प्रक्रिया पर गंभीर आरोप लगाए हैं। अनियमितता और पारदर्शिता की कमी का आरोप लगाया उन्होंने नगर परिषद अध्यक्ष और कार्यपालक पदाधिकारी को आवेदन देकर डाक प्रक्रिया में अनियमितता और पारदर्शिता की कमी का आरोप लगाया है। हबीबुर्रहमान ने अपने आवेदन में कहा है कि निविदा का समुचित प्रचार-प्रसार नहीं किया गया। इस कारण इच्छुक लोगों को इसकी जानकारी नहीं मिल सकी और वे डाक प्रक्रिया में शामिल नहीं हो पाए। उन्होंने नगर परिषद अध्यक्ष से अनुरोध किया है कि राजकोष के हित में उनके आवेदन पर विचार किया जाए और इस संबंध में उचित आदेश पारित किए जाएं।


