भास्कर न्यूज | बेमेतरा जिले में कम वर्षा की स्थिति को देखते हुए प्रशासन जल संरक्षण और जलसंचय के प्रयास में जुटा है। तालाबों और जलस्रोतों को सुरक्षित रखने के निर्देश दिए जा रहे हैं, ताकि आगामी गर्मी में पेयजल संकट से बचा जा सके। इसके विपरीत नगर पालिका क्षेत्र के नए बस स्टैंड के समीप स्थित पिकरी तालाब का पानी वाहनों की धुलाई में उपयोग किया जा रहा है। स्थानीय लोगों के अनुसार प्रतिदिन यात्री बस, पिकअप और अन्य वाहन मुख्य मार्ग पर खड़े कर तालाब के पानी से धोए जाते हैं। इस प्रक्रिया में हजारों लीटर पानी व्यर्थ बहाया जा रहा है। यह सब मुख्य सड़क किनारे खुलेआम हो रहा है, बावजूद इसके अब तक नगर पालिका या यातायात पुलिस ने कोई ठोस कार्रवाई नहीं की है। सड़क पर घंटों वाहन खड़े रहने से यातायात भी प्रभावित होता है। पिकरी तालाब शहर के महत्वपूर्ण सार्वजनिक जलस्रोतों में से एक है। तालाब के ठीक सामने स्थित श्मशान घाट में क्रियाकर्म के बाद बड़ी संख्या में लोग निस्तारी के लिए इसी जल का उपयोग करते हैं। गर्मी के दिनों में भी तालाब में पानी भरा रहता है, जिससे आसपास के क्षेत्र का भूजल स्तर संतुलित बना रहता है। समीप ही दो अन्य तालाब भी हैं, जिनमें वर्षा जल संग्रहित है, जो जल संतुलन बनाए रखने में सहायक होते हैं। गर्मी के दौरान भूजल स्तर में गिरावट के संकेत गत वर्ष शहरवासियों को भीषण पेयजल और निस्तारी संकट का सामना करना पड़ा था। इस वर्ष भी भूजल स्तर में गिरावट के संकेत मिल रहे हैं। ऐसे में यदि सार्वजनिक तालाबों के पानी का दुरुपयोग नहीं रोका गया तो आगामी गर्मी में गंभीर जल संकट उत्पन्न हो सकता है। शहर के नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि सार्वजनिक जलस्रोतों की सुरक्षा के लिए सख्त नियम लागू किए जाएं और तालाब के पानी के दुरुपयोग पर तत्काल रोक लगाई जाए, ताकि जल संरक्षण की मुहिम प्रभावी बन सके।


